Bokaro News : एक किमी की सड़क में 100 से अधिक गड्ढे, 50 हजार की आबादी प्रभावित

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Bokaro News : एक किमी की सड़क में 100 से अधिक गड्ढे, 50 हजार की आबादी प्रभावित

Bokaro News : बोकारो को चीरा चास से जोड़ने वाली सड़क का हाल-बेहाल, चीरा चास सहित वेदांता के कर्मी और विद्यार्थी प्रतिदिन करते हैं आवागमन, सड़क मरम्मत को लेकर सांसद, विधायक व बीएसएल से दर्जनों बार गुहार लगा चुके हैं लोग.

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बोकारो, बोकारो-चीरा चास को जोड़नेवाली सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बन गये हैं. इससे 50 हजार से अधिक की आबादी परेशान है. बात हो रही है आशालता सेक्टर पांच से बोकारो क्लब के पीछे तक की लगभग एक किमी सड़क की, जिसका हाल-बेहाल है. एक किमी की सड़क पर 100 से अधिक गड्ढे बन गये हैं. चीरा चास के लोगों सहित इलेक्ट्रोस्टील वेदांता के कर्मी और स्कूल के सैकड़ों विद्यार्थी इस सड़क से आवागमन करते है. स्थानीय लोग सड़क मरम्मत को लेकर सांसद, विधायक व बीएसएल से दर्जनों बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन कोई पहल नहीं हुई. आये दिन इस सड़क पर छोटी-बड़ी दुर्घटना हो रही है. आलम यह है कि दिन के उजाले में तो किसी तरह काम चल जाता है, लेकिन लाइट नहीं होने के कारण रात में अधिक परेशानी होती है.

पैदल, तो दूर बाइक से भी चलना मुश्किल

वाहन चालकों समेत राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है. सड़क पर कई स्थानों पर एक फिट से लेकर तीन-तीन फीट तक गड्ढे बन गये हैं. पैदल, तो दूर बाइक से चलना भी मुश्किल हो गया है. दो पहिया सवार तो अक्सर अनियंत्रित होकर गिरते रहते हैं. सबसे बड़ी समस्या विद्यार्थियों को होती है. इस सड़क से प्रतिदिन सैकड़ों बच्चे बोकारो आते हैं. सड़क रख-रखाव व मरम्मत के अभाव में दम तोड़ चुकी है. यह सड़क आज पूरी तरह से टूटकर गड्ढे में तब्दील हो चुकी है.

समय पर मरम्मत नहीं होने से दिनोंदिन खराब हो रही स्थिति

चीरा चास को बोकारो से जोड़ने वाली इस महत्वपूर्ण सड़क की सही से रख रखाव व समय पर मरम्मत नहीं होने से आज इसकी हालत काफी खस्ता हो गयी है. मरीजों को अस्पताल लाने और ले जाने में भी लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. बच्चे से लेकर बुजुर्ग तक परेशान है. सड़क पर लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि जर्जर सड़कों के कारण आये दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं. लोग सवाल उठा रहे हैं कि कब तक उन्हें इस जर्जर सड़क पर हादसों का शिकार होना पड़ेगा ?

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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Anand Kumar Upadhyay

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