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सजगता से कम हो सकती है शिशु व मात‍ृ म‍ृत्यु दर : डॉ मिश्र

Updated at : 23 Dec 2019 7:52 AM (IST)
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सजगता से कम हो सकती है शिशु व मात‍ृ म‍ृत्यु दर : डॉ मिश्र

बोकारो : सेक्टर चार स्थित रोटरी प्ले स्कूल में रविवार को इंडियन एसोसिएशन ऑफ पेडिट्रिशियन की ओर से वर्कशाॅप हुआ. उद‍्घाटन अतिथि चिकित्सक डॉ एस ज्ञानी, डॉ एके सूद, डॉ रेशमी मिश्र, डॉ एलके ठाकुर ने संयुक्त रूप से किया. डॉ मिश्रा ने कहा : मरीजों को इंफेक्शन से बचाने की जिम्मेवारी हमारी बनती है. […]

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बोकारो : सेक्टर चार स्थित रोटरी प्ले स्कूल में रविवार को इंडियन एसोसिएशन ऑफ पेडिट्रिशियन की ओर से वर्कशाॅप हुआ. उद‍्घाटन अतिथि चिकित्सक डॉ एस ज्ञानी, डॉ एके सूद, डॉ रेशमी मिश्र, डॉ एलके ठाकुर ने संयुक्त रूप से किया. डॉ मिश्रा ने कहा : मरीजों को इंफेक्शन से बचाने की जिम्मेवारी हमारी बनती है. इसके लिए हमें सावधानी व सजग रहने की जरूरत है. हमारी सजगता से शिशु व मात‍ृ म‍ृत्यु दर कम हो सकता है.

चिकित्सकों ने कहा : अस्पतालों की लगातार सफाई व मरीजों की जांच के दौरान स्ट्रलाइज एप्रोन का उपयोग ज्यादा किया जाये. साथ ही हैंडवाश का भी पूरा-पूरा ध्यान रखें. मरीज की जांच के दौरान हम हाथों का अधिक प्रयोग करते हैं. कई मरीजों की जांच के दौरान हम खुद गंदगी के दायरे में आ जाते हैं. इस क्रिया से मरीज इंफेक्ट होने से बच नहीं सकते हैं.
मौके पर डॉ एससी मुंशी, डॉ बी प्रसाद, डॉ राज कुमार, डॉ रवि शेखर, डॉ संगीत कुमार, डॉ आलोक झा, डॉ निरंजन कुमार, डॉ अंजु परेरा, डॉ रणवीर सिंह, डॉ एन प्रसाद, डॉ पंकज भूषण, डॉ सुधीर कुमार, डॉ पीके पांडेय सहित दर्जनों शिशु रोग विशेषज्ञ व अन्य विभाग के चिकित्सक, केएम मेमोरिलय अस्पताल, मुस्कान अस्पताल के पारा कर्मी मौजूद थे.
चिकित्सकों ने कहा : इन्फेक्शन से बचाव जरूरी
अस्पताल में बीमारी की इलाज कराने आने वाले शिशुओं को अधिकांश इंफेंक्शन का शिकार होना पड़ता है. हमें उन्हें इंफेक्शन से बचाने की जिम्मेवारी लेनी होगी. बेहतर सुविधा के साथ खुद को भी इंफेक्टेड होने से बचाना होगा.
डॉ एस ज्ञानी, शिशु रोग विशेषज्ञ
अस्पतालों में बायो-मेडिकल वेस्टेज जहां-तहां पडे रहने के कारण अधिकांश लोगों में इंफेक्शन होता है. यह निर्धारित करना होगा कि वेस्टेज को सही जगह पर रखा जाये. साथ ही उनका निष्पादन एक निश्चित अवधि में हो जाये.
डॉ एके सूद, शिशु रोग विशेषज्ञ
साफ-सफाई इंफेक्शन होने का सबसे बडा कारण है. चिकित्सक खुद पर ध्यान रखें कि वे इंफेक्शन फैलाने वाली चीजों से दूर रहें. अन्यथा एनआइसीयू व आइसीयू सहित अन्य मरीज की जांच के दौरान मरीज को इंफेक्शन हो सकता है.
डॉ संजय कुमार, शिशु रोग विशेषज्ञ
अधिकांश शिशु के मौत का कारण इंफेक्शन होता है. इंफेक्शन से बचाने के लिए अस्पताल, अस्पताल में काम करने वाले कर्मी व चिकित्सकों को साफ व स्वच्छ रहना होगा. ताकि इलाज के दौरान दूसरे मरीज इंफेक्शन के शिकार न हो.
डॉ एलके ठाकुर, शिशु रोग विशेषज्ञ
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