सीतामढ़ी-जयनगर-निर्मली नई रेल लाइन को मिली हरी झंडी

Published by : RAJEEV KUMAR JHA Updated At : 14 Jan 2026 7:05 PM

विज्ञापन

रोजगार के नये अवसर पैदा होंगे

विज्ञापन

सुपौल. सीतामढ़ी-जयनगर-निर्मली (सुरसंड होते हुए) 188 किलोमीटर लंबी बहुप्रतीक्षित नई रेल लाइन परियोजना को लेकर बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है. वर्ष 2008-09 में स्वीकृत यह परियोजना वर्ष 2019 से रेलवे बोर्ड द्वारा रोक दी गई थी, जिसे अब 29 सितंबर 2025 को डी-फ्रीज कर दिया गया है. पूर्व मध्य रेलवे (निर्माण संगठन) के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (उत्तर) कार्यालय, महेंद्रुघाट, पटना द्वारा जारी पत्र के अनुसार अब इस परियोजना के लिए फाइनल लोकेशन सर्वे कराकर डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी. इसके लिए 31 दिसंबर 2025 तक नया टेंडर आमंत्रित किया गया. यह जानकारी बिहार सरकार के ऊर्जा, योजना एवं विकास मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव के साथ हुई मौखिक चर्चा के अनुपालन में साझा की गई है. रेलवे के मुख्य अभियंता (निर्माण) महबूब आलम द्वारा हस्ताक्षरित पत्र में स्पष्ट किया गया है कि लंबे समय से रुकी इस परियोजना को अब दोबारा गति दी जा रही है. इस रेल लाइन के शुरू होने से सुपौल, मधुबनी, सीतामढ़ी सहित सीमांचल और मिथिलांचल क्षेत्र को बेहतर रेल कनेक्टिविटी मिलेगी, जिससे व्यापार, आवागमन और विकास को नया आयाम मिलेगा. वहीं रोजगार के नये अवसर पैदा होंगे. रेल मंत्रालय ने सुपौलवासियों को नये साल का दिया तोहफा, ललितग्राम से वीरपुर तक बनेगा नया रेलखंड सुपौल. नेपाल सीमा के समीप प्रस्तावित ललितग्राम-वीरपुर (22 किलोमीटर) नई रेल लाइन परियोजना को लेकर बड़ी प्रगति सामने आई है. पूर्व मध्य रेलवे (निर्माण संगठन) द्वारा जारी पत्र के अनुसार इस परियोजना के लिए फाइनल लोकेशन सर्वे कार्य को रेलवे बोर्ड ने 9 सितंबर 2025 को मंजूरी दे दी थी, जबकि इसके लिए लागत अनुमान को 9 दिसंबर 2025 को स्वीकृति मिली. अब इस परियोजना की डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार करने के लिए फाइनल लोकेशन सर्वे के लिए 8 जनवरी 2026 तक टेंडर आमंत्रित किया गया. यह जानकारी बिहार सरकार के ऊर्जा, योजना एवं विकास मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव के साथ हुई मौखिक चर्चा के अनुपालन में साझा की गई है. पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य अभियंता (निर्माण उत्तर) आरएन रॉय द्वारा हस्ताक्षरित पत्र में स्पष्ट किया गया है कि यह परियोजना अब धरातल पर उतरने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है. इस नई रेल लाइन के शुरू होने से सुपौल जिले को बेहतर रेल कनेक्टिविटी मिलेगी, नेपाल सीमा तक आवागमन सुगम होगा. व्यापार, पर्यटन और सीमावर्ती विकास को बढ़ावा मिलेगा. सुरक्षा के दृष्टिकोण से यह रेलवे कनेक्टिविटी अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
RAJEEV KUMAR JHA

लेखक के बारे में

By RAJEEV KUMAR JHA

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन