15 दिसंबर तक लिये जायेंगे 500 के पुराने नोट

Published at :28 Nov 2016 4:33 AM (IST)
विज्ञापन
15 दिसंबर तक लिये जायेंगे 500 के पुराने नोट

सीतामढ़ी : नोटबंदी से एक ओर जहां आम से लेकर खास लोंगों तक को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं पुराने 500 व 1 हजार के नोट बंद होने से सरकारी राजस्व की जबरदस्त वसूली हो रही है. इसका एक मुख्य कारण इन बंद हो चुके पुराने नोटों को टैक्स के रूप में […]

विज्ञापन

सीतामढ़ी : नोटबंदी से एक ओर जहां आम से लेकर खास लोंगों तक को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, वहीं पुराने 500 व 1 हजार के नोट बंद होने से सरकारी राजस्व की जबरदस्त वसूली हो रही है. इसका एक मुख्य कारण इन बंद हो चुके पुराने नोटों को टैक्स के रूप में स्वीकार किया जाना बताया जाता है.

नगर परिषद के गुदरी बाजार के दर्जनों दुकानदार वर्षों से अपना किराया नहीं चुका रहे थे. इन दुकानदारों पर करीब 15 लाख रूपये बकाया था. लेकिन नोटबंदी के बाद ये दुकानदार तेजी से किराया चुकाना शुरू कर दिये हैं. टैक्स दारोगा कालिका नंदन प्रसाद के अनुसार गुदरी में कुल 73 दुकानें है. इन दुकानों का किराया 250 रूपये से लेकर 6 सौ तक है. लेकिन एक-एक दुकानदारों पर सालों से हजारों रूपये बकाया था. टैक्स दारोगा श्री प्रसाद ने बताया कि हालांकि कुछ दुकानदार ऐसे भी हैं, जो हर माह किराया जमा कराते हैं, लेकिन अधिकांश दुकानदारों पर वर्षों से लगातार बकाया चल रहा था.

टैक्स दारोगा ने बताया कि नोटबंदी से पहले उक्त दुकानदारों पर करीब 15 लाख का बकाया था. पुराने नोटों को स्वीकार करने से कई दुकानदारों ने अपना हिसाब चुकता करा दिया है. श्री प्रसाद ने बताया कि गुदरी बाजार के बकायेदार दुकानदारों से इन पंद्रह दिनों में करीब पांच लाख रुपये राजस्व की वसूली हुई है. आगामी 15 दिसंबर तक पुराने 500 के नोटों को राजस्व वसूली के लिए लेना है, इसलिए अभी और राजस्व की वसूली होने की संभावना है.

कार्यपालक पदाधिकारी तारकेश्वर प्रसाद ने बताया कि आगामी 15 दिसंबर तक नगर परिषद के बकायेदारों को पुराने 500 के नोटों से किराया व होल्डिंग टैक्स चुकाने की छूट दी गयी है. यही हाल नगर के वार्ड नंबर-25 स्थित बाजार समिति का भी है. वहां भी करीब 90 किरायेदार हैं. वहां के किरायेदारों पर भी नोटबंदी के पूर्व तक करीब 15 लाख बकाया था. लेकिन स्थानीय व्यापारियों से मिली जानकारी के अनुसार वहां के बकायेदारों ने भी पुराना बकाया चुकाना शुरू कर दिया है. हालांकि सदर एसडीओ के छुट्टी पर होने से पूरी जानकारी नहीं मिल पायी कि बाजार समिति के बकायेदारों से कितने राजस्व की वसूली हो पायी है.

नोटबंदी से बढ़ी परेशानी
ललित आश्रम में विपक्षी दलों का प्रेस काॅन्फ्रेंस : सीतामढ़ी. जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विमल शुक्ला ने कहा कि आठ नवंबर की शाम जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोटबंदी का नाटकीय तरीके से ऐलान किया तो जनता को तुरंत इसकी गंभीरता का अंदाजा नहीं लग पाया. भारत में कालाधन का सिर्फ आठ प्रतिशत हीं नकदी के रुप में मौजूद है. बाकी कालाधन तो बेनामी संपत्ति, सोना, शेयर और विदेशी बैंकों में जमा रहता है, तो फिर यह नोटबंदी क्यों? पार्टी कार्यालय ललित आश्रम में संयुक्त विपक्षी दलों के नेताओं के साथ संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में उन्होंने कहा कि पिछले दो सप्ताह में नोटबंदी के कारण 98 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है. नोटबंदी से किसान, मजदूर, छोटे-छोटे व्यापारी समेत गरीब-गुरबा को काफी परेशानी हो रही है. मालूम हो कि नोटबंदी के खिलाफ विपक्षियों ने 28 नवंबर को भारत बंद की घोषणा की है. प्रेस कांफ्रेंस में जदयू के वरिष्ठ नेता राणा रणधीर सिंह चौहान, कांग्रेस के सीताराम झा, भुवनेश्वरी प्रसाद मिश्र, अंजारूल हक तौहीद, डॉ मोबिनुल हक, रणधीर कुमार चौधरी, जदयू के राहुल कुमार सिंह, आनंद बिहारी सिंह, भाकपा के जयप्रकाश राय, राजकिशोर ठाकुर, माकपा के मदन राय, राजकिशोर राय, मो नुरैन, माले के सुरेश बैठा समेत अन्य कई लोग मौजूद थे.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन