ePaper

Samastipur News:कृषि के लिए जलवायु परिवर्तन बड़ी चुनौती : कुलपति

Updated at : 15 Dec 2025 6:05 PM (IST)
विज्ञापन
Samastipur News:कृषि के लिए जलवायु परिवर्तन बड़ी चुनौती : कुलपति

डॉ राजेन्द्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय पूसा में क्लाइमेट रेजिलिएंट इंडेक्स या जलवायु लचीलापन सूचकांक विषय पर कार्यशाला हुई.

विज्ञापन

Samastipur News:पूसा : डॉ राजेन्द्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय पूसा में क्लाइमेट रेजिलिएंट इंडेक्स या जलवायु लचीलापन सूचकांक विषय पर कार्यशाला हुई. कुलपति डॉ पुण्यव्रत सुविमलेंदु पांडेय ने कहा कि जलवायु लचीलापन सूचकांक बताता है कि कोई देश जलवायु परिवर्तन के प्रभावों के प्रति कितना मजबूत या कमजोर है. जलवायु जोखिम सूचकांक मापता है कि देश और समुदाय चरम मौसमी घटनाओं से कितने प्रभावित होते हैं. उनसे उबरने में कितने सक्षम हैं. उन्होंने कहा कि रिलायंस फाउंडेशन के आर्थिक सहयोग से विश्वविद्यालय द्वारा विकसित यह सूचकांक काफी महत्वपूर्ण है. उन्होंने कहा कि भविष्य के कृषि के लिए जलवायु परिवर्तन एक बड़ी चुनौती है. इससे निपटने के लिए अभी से उपाय करने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि बिहार सरकार के सहयोग से विश्वविद्यालय जलवायु परिवर्तन को लेकर वैज्ञानिकों की एक बड़ी टीम के साथ कार्य कर रही है. इससे पूरे देश को फायदा होगा. भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद आईएआरआई नई दिल्ली के संयुक्त निदेशक प्रसार डॉ आरएन पदारिया ने कहा कि विश्वविद्यालय ने जिस प्रविधि से इस सूचकांक को विकसित किया है वह काफी उपयुक्त है. उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय अंतर्राष्ट्रीय स्तर के अनुसंधान कर रहा है. दिल्ली में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद में विश्वविद्यालय में हो रहे विकास कार्यों की काफी चर्चा होती है. विश्वविद्यालय को निदेशक अनुसंधान डॉ एके सिंह ने जलवायु लचीलापन सूचकांक के विभिन्न आयामों के बारे में विस्तार से जानकारी दी. कहा कि क्षेत्रीय मानकों को ध्यान में रखकर विकसित किये गये इस सूचकांक से नीति निर्माताओं और किसानों को काफी सहूलियत होगी. निदेशक प्रसार शिक्षा डा रत्नेश झा ने कहा कि इस सूचकांक को इस तरह से विकसित किया गया है कि कोई भी किसान जलवायु परिवर्तन के विभिन्न मानकों को आसानी से समझ सकता है. नई दिल्ली के विशेषज्ञ मानस सतपथी ने इस सूचकांक के उपयोग के बारे में जानकारी दी. रिलायंस फाउंडेशन के प्रभात झा ने रिलायंस फाउंडेशन के कारपोरेट रिस्पांसिबिलिटी कार्यक्रम को बारे में जानकारी दी. संचालन छात्रा मृदुल शर्मा ने किया. धन्यवाद ज्ञापन वैज्ञानिक डॉ सुधानंद प्रसाद लाल ने किया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Ankur kumar

लेखक के बारे में

By Ankur kumar

Ankur kumar is a contributor at Prabhat Khabar.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन