अब जयनगर गरीब रथ मिथिला पेंटिंग से सजेगी

Updated at : 04 Sep 2018 6:23 AM (IST)
विज्ञापन
अब जयनगर गरीब रथ मिथिला पेंटिंग से सजेगी

पूर्व में बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस को मिथिला पेंटिंग से सजाया गया समस्तीपुर : समस्तीपुर रेल मंडल बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस को मिथिला पेंटिंग से सजाने के बाद अब जयनगर गरीब रथ एक्सप्रेस के डिब्बों को नयी साज सज्जा देने के लिये प्रस्ताव तैयार कर रहा है. अगर रेलवे की ओर से इसे मंजूरी मिल […]

विज्ञापन

पूर्व में बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस को मिथिला पेंटिंग से सजाया गया

समस्तीपुर : समस्तीपुर रेल मंडल बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस को मिथिला पेंटिंग से सजाने के बाद अब जयनगर गरीब रथ एक्सप्रेस के डिब्बों को नयी साज सज्जा देने के लिये प्रस्ताव तैयार कर रहा है. अगर रेलवे की ओर से इसे मंजूरी मिल जाती है तो फिर गरीब रथ एक्सप्रेस की बोगियों को भी इस डिजाइन से सजाने का मार्ग प्रस्तत हो जायेगा. जबकि राजेंद्रनगर पटना राजधानी एक्सप्रेस के बोगियों को मिथिला पेंटिग से पहले ही सजाया गया हैं.
इस बाबत रेलवे के पर्यावरण विभाग की ओर से बताया गया कि इसके लिये प्रस्ताव तैयार किया जा रहा हैं. इधर रेल सूत्रों की मानें तो जयनगर गरीब रथ एक्सप्रेस को पहले ही चयनित कर लिया जाता. मगर बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस के रोजाना चलने के कारण इस ट्रेन ने पहले बाजी मार ली. बताते चलें कि बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस के 9 बोगियों को रेल मंडल ने नयी लूक के साथ पेश किया था. जिसे व्यापक तौर पर सराहना मिली थी. वहीं यूएन ने भी स्थानीय कला को प्रोत्साहित करने को लेकर रेल मंडल के इस पहल की तारिफ की थी. इससे जहां मधुबनी की पारंपरिक कला को नयी पहचान मिली साथ ही यह ट्रेन जिस जगह से गुजरती थी अपनी कला की छाप लोगों पर छोड़ रही थी.
बहुरेंगे बुनकरों के दिन
अब बुनकरों के दिन बहुरने वाले हैं. इनकी ओर से तैयार सफेद चादर व पिलो कवर की आपूर्ति रेलवे को हो सकेगी. इसको लेकर बिहार राज्य हस्तकरघा बुनकर सहयोग संघ लिमिटेड ने राज्य में बुनकरों के माध्यम से चादर व पिलो कवर के उत्पादन क्षमता का आकलन शुरू किया है. क्षेत्रीय हस्तकरघा बुनकर सहयोग संघ लिमिटेड, मधुबनी, बिहारशरीफ, सीवान व भागलपुर के बुनकर इस सफेद चादर और पिलो कवर का उत्पादन करेंगे. इसकी खरीद रेलवे करेगी. पहले चरण के लिये मधुबनी में उत्पादन के क्षमता का आकलन शुरू हो चुका है. प्रारंभिक चरण में हर दिन 1500 चादर उत्पादन का आकलन किया गया है.
चादर की बुनाई 2 गुना 40 के धागे से की जाएगी. इस चादर की बुनाई के लिए राज्य संघ को एनएचडीसी सूत की सप्लाई करेगी. मधुबनी क्षेत्रीय हस्तकरघा बुनकार सहयोग संघ के तहत मधुबनी में पहले चरण में लगभग दस हजार बुनकरों को इस काम से जोड़ा जाएगा.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन