सोनवर्षा पीएचसी में चिकित्सक से मारपीट व जान से मारने की धमकी, चिकित्सक ने प्राथमिकी के लिए दिया आवेदन

Published by : Divyanshu Prashant Updated At : 16 May 2026 11:12 AM

विज्ञापन

डॉ से दुर्व्यवहार करते लोग

सोनवर्षा राज पीएचसी में एक मृत मरीज के परिजनों और असामाजिक तत्वों ने ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर के साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी दी. पीड़ित चिकित्सक ने सात नामजद सहित कई अज्ञात लोगों के खिलाफ थाने में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है.

विज्ञापन

सहरसा से विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट: जिले के सोनवर्षा राज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में कार्यरत चिकित्सक डॉ. रंजीत मिश्रा के साथ अभद्रता, मारपीट, धमकी और अस्पताल परिसर में हंगामा करने का मामला सामने आया है. पीड़ित चिकित्सक ने इस संबंध में स्थानीय थाने में लिखित आवेदन देकर सुरक्षा की गुहार लगाई है और आरोपियों पर कानूनी कार्रवाई की मांग की है.

मृत मरीज को लाने पर शुरू हुआ विवाद

दिए गए आवेदन के अनुसार, मंगलवार को डॉ. रंजीत मिश्रा अस्पताल में अपनी ड्यूटी पर तैनात थे. इसी दौरान कुछ लोग एक मरीज को लेकर अस्पताल पहुंचे. चिकित्सक ने जब मरीज की आवश्यक जांच की, तो उसे मृत पाया. मरीज को मृत घोषित किए जाने के बाद उसके परिजन और कुछ स्थानीय असामाजिक तत्व अचानक उग्र हो गए.

फर्जी कागजात बनाने का दबाव और हाथापाई

डॉ. मिश्रा का आरोप है कि उग्र भीड़ ने अस्पताल परिसर के भीतर घुसकर गाली-गलौज शुरू कर दी. विरोध करने पर उनके साथ धक्का-मुक्की और हाथापाई की गई, साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी गई.

  • दबाव: उपद्रवियों ने चिकित्सक पर जबरन फर्जी कागजात (दस्तावेज) तैयार करने का दबाव बनाया.
  • सुरक्षा की चिंता: पीड़ित चिकित्सक ने बताया कि वे प्रतिदिन 40 किलोमीटर दूर से ड्यूटी करने अस्पताल आते हैं. अस्पताल में सुरक्षा गार्ड की कोई व्यवस्था नहीं है, जिससे डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों के बीच डर का माहौल है.

सात नामजद समेत कई अज्ञात पर मामला

चिकित्सक ने अपने आवेदन में सात लोगों को नामजद अभियुक्त बनाया है, जिनमें:

  1. मनीष कुमार विप्लव
  2. चानो विश्वास
  3. वेचन विश्वास
  4. नीरज विश्वास
  5. इंदल विश्वास
  6. नीतीश विश्वास

इनके अलावा 15 से 20 अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है. डॉ. मिश्रा ने पुलिस को बताया कि उनके पास घटना से जुड़े वीडियो और अन्य पुख्ता साक्ष्य उपलब्ध हैं, जिन्हें वे जांच के दौरान पुलिस को सौंपेंगे.

वरिष्ठ अधिकारियों को भेजी प्रतिलिपि

मामले की गंभीरता को देखते हुए पीड़ित चिकित्सक ने अपने आवेदन की प्रतिलिपि पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक कोसी प्रक्षेत्र, पुलिस उपमहानिरीक्षक, पुलिस अधीक्षक सहरसा और आरक्षी उपाधीक्षक सिमरी बख्तियारपुर को भी भेजी है, ताकि मामले में त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई हो सके.

विज्ञापन
Divyanshu Prashant

लेखक के बारे में

By Divyanshu Prashant

Divyanshu Prashant is a contributor at Prabhat Khabar.

Tags

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन