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जल्द ही किसानों को मिलेगा पशु, डेयरी व मत्स्य कार्यालय का एकीकृत भवन

Updated at : 22 Jan 2025 5:16 PM (IST)
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जल्द ही किसानों को मिलेगा पशु, डेयरी व मत्स्य कार्यालय का एकीकृत भवन

भवन का तेजी से चल रहा काम

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करीब 10 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन भवन का तेजी से चल रहा काम पूर्णिया. इस वर्ष जिले के किसान पशुपालकों एवं मत्स्य उत्पादकों के लिए एक ही स्थान पर इनके अलग अलग कार्यालयों का एकीकृत भवन के रूप में सौगात मिलने की संभावना है. इसके लिए जिला पशुपालन कार्यालय के कुल 1.35 हैक्टेयर जमीन वाले कैम्पस के कुछ भाग में बन रहे इस दो मंजिले जिला पशुपालन एवं प्रशिक्षण केंद्र भवन का लगभग 60 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है. निर्माण का कार्य भवन निर्माण विभाग द्वारा किया जा रहा है. उक्त स्थल पर लगे सूचना पट के आधार पर कार्य आरंभ होने के एक वर्ष के भीतर कार्य को पूरा किया जाना है. हैंडओवर की तिथि जून 2025 तक निर्धारित है वहीं उक्त अवधि तक कार्य पूर्ण करने के लिए जोर शोर से काम चल रहा है. इसके अलावा शर्त के मुताबिक़ कार्य पूर्ण हो जाने के बाद अगले पांच वर्षों तक संपूर्ण मेंटेनेंस का कार्य भी निर्माण में लगी एजेंसी को ही करना पड़ेगा. करीब 10 हजार वर्गफीट में बन रहा है भवन जिला मुख्यालय में पशु, डेयरी एवं मत्स्य के एकीकृत कार्यालय के लिए 10 हजार 75 वर्गफीट भूभाग में बन रहे इस दो मंजिली इमारत में तीनों ही विभाग के कार्यालय संचालित होंगे. मिली जानकारी के अनुसार निचली मंजिल में जिला पशुपालन विभाग का दफ्तर होगा तथा उपरी पहली मंजिल पर गव्य विकास (डेयरी) एवं मत्स्य विभाग के कार्यालय होंगे. भवन में सभी सुविधाओं के साथ साथ एक सौ लोगों की क्षमता वाले एक मीटिंग हॉल का भी निर्माण किया जा रहा है. समय की बचत के साथ साथ भागदौड़ से भी बचेंगे किसान जिला मुख्यालय में बन रहे पशु, डेयरी एवं मत्स्य कार्यालय के एक ही छत के नीचे आ जाने से जिले के किसानों को अनेक मायनों में लाभ पहुंचेगा. एक तो भविष्य में किसानों के लिए समय और भागदौड़ की बचत हो जायेगी. इसके अलावा एक ही जगह उन्हें पशुपालन, डेयरी और मछली पालन सम्बन्धी योजनाओं एवं क्रिया कलापों के बारे में आसानी से सभी जानकारियां मिल जायेगी. इससे अन्य क्षेत्र के किसान भी दूसरे नये क्षेत्र में अपने कदम आगे बढ़ा सकेंगे. बोले अधिकारी जिले के सभी 14 प्रखंडों के मुख्यालय पूर्णिया में एक ही स्थान पर तीनो विभाग के कार्यालय संचालित होने से किसानों को इसका लाभ मिलेगा. एक ही जगह सभी जानकारियां मिल जायेंगी. दूसरी ओर रिसेप्शन से लेकर मेडिसिन स्टोर, कोल्ड कैबिनेट स्टोर, अधिकारियों के लिए अलग अलग कमरे हो जाने से कार्य करने में सभी को सहूलियत होगी. इससे और भी बेहतर कार्यक्षमता का निर्माण होगा. डॉ. राम नारायण सिंह, जिला पशुपालन पदाधिकारी. ………………………. कहते हैं इंजीनियर निर्माण कार्य द्रुत गति से किया जा रहा है निर्धारित तिथि तक सभी कार्य पूर्ण हो जायेंगे. भूतल पर पशुपालन विभाग का कार्यालय के लिए 11 कमरे, प्रथम तल पर गव्य विकास (डेयरी) एवं मत्स्य विभाग के लिए सात सात कमरों के अलावा भविष्य में विस्तार रूप देने के लिए 1276 वर्गफुट जगह खाली रखी गयी है. सभी विभागों के लिए अलग अलग रिसेप्शन स्थान बनाये गये हैं. दिलशाद हसन, साइट इंजीनियर

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