Prashant Kishor: अभी नहीं... 6 महीने बाद राजनीति से सन्यास लेंगे प्रशांत किशोर, नीतीश के सामने रखी ये शर्त

Published by : Abhinandan Pandey Updated At : 18 Nov 2025 2:19 PM

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प्रेस कांफ्रेंस के दौरान प्रशांत किशोर

Bihar News: बिहार चुनाव में करारी हार के बाद प्रशांत किशोर पहली बार खुले तौर पर सामने आए हैं. उन्होंने हार की पूरी जिम्मेदारी लेते हुए सरकार को छह महीने की बड़ी चुनौती दे डाली. अगर नीतीश कुमार की अगुवाई वाली एनडीए सरकार महिलाओं को चुनावी वादा पूरा करके 2-2 लाख रुपये दे दे, तो वे राजनीति से संन्यास ले लेंगे.

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Prashant Kishor: बिहार चुनाव में करारी हार के बाद जन सुराज पार्टी के प्रमुख प्रशांत किशोर पहली बार मीडिया के सामने आए. नतीजों से निराश पीके ने मंगलवार को पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर हार की पूरी जिम्मेदारी खुद पर ले ली. उन्होंने कहा कि वह बिहार नहीं छोड़ने वाले हैं. बल्कि गांव-गांव जाकर जनता को जागरूक करने का अभियान जारी रखेंगे. साथ ही चुनावी असफलता के प्रायश्चित में 20 नवंबर को गांधी आश्रम में सामूहिक मौन उपवास भी करेंगे.

पीके ने कहा कि साढ़े तीन साल पहले वह ‘व्यवस्था परिवर्तन’ के संकल्प के साथ निकले थे. लेकिन न तो व्यवस्था बदल सकी और न ही सत्ता परिवर्तन. उन्होंने स्वीकार किया कि जनता ने उन पर भरोसा नहीं दिखाया, इसका मतलब है कि कहीं न कहीं उनसे और उनकी टीम से गंभीर गलती हुई है.

सरकार से बड़ा सवाल और पीके का बड़ा ऐलान

प्रशांत किशोर ने एनडीए सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि चुनाव से पहले 40 हजार करोड़ की योजनाएं लाई गईं. स्वरोजगार योजना के तहत डेढ़ करोड़ महिलाओं को 10-10 हजार रुपये भेजे गए, और 2-2 लाख रुपये देने का वादा भी किया गया था.

पीके ने साफ कहा- अगर नीतीश कुमार और भाजपा की नेतृत्व वाली सरकार छह महीने के भीतर वादे के अनुसार महिलाओं को 2-2 लाख रुपये दे देती है, तो मैं राजनीति से संन्यास ले लूंगा. अगर सरकार ऐसा नहीं कर पाती, तो साफ हो जाएगा कि महिलाओं को सिर्फ वोट खरीदने के लिए पैसे दिए गए थे.

राजनीति छोड़ने का कोई इरादा नहीं- PK

पीके ने यह भी दोहराया कि फिलहाल राजनीति छोड़ने का उनका कोई इरादा नहीं है. उनका कहना है कि बिहार की जनता के साथ किए वादे अधूरे हैं, और वे इसे पूरा करने के लिए संघर्ष जारी रखेंगे. लेकिन साथ ही सरकार को यह चुनौती भी दे दी कि वादे पूरे हो जाएं तो वह खुद राजनीतिक जीवन से पीछे हट जाएंगे.

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अभिनंदन पांडेय पिछले दो वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की और दैनिक जागरण, भोपाल में काम किया. वर्तमान में वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के हिस्सा हैं. राजनीति, खेल और किस्से-कहानियों में उनकी खास रुचि है. आसान भाषा में खबरों को लोगों तक पहुंचाना और ट्रेंडिंग मुद्दों को समझना उन्हें पसंद है. अभिनंदन ने पत्रकारिता की पढ़ाई माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से की. पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को सही तरीके से लोगों तक पहुंचाने की सोच ने उन्हें इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने भोपाल में बॉलीवुड के कई बड़े कलाकारों और चर्चित हस्तियों के इंटरव्यू किए. यह अनुभव उनके करियर के लिए काफी अहम रहा. इसके बाद उन्होंने प्रभात खबर डिजिटल में इंटर्नशिप की, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता की वास्तविक दुनिया को करीब से समझा. बहुत कम समय में उन्होंने रियल टाइम न्यूज लिखना शुरू कर दिया. इस दौरान उन्होंने सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता भी बेहद जरूरी होती है. फिलहाल वह प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ काम कर रहे हैं. बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में कवर किया, ग्राउंड रिपोर्टिंग की और वीडियो कंटेंट भी तैयार किए. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और भरोसेमंद खबर पहुंचे. पत्रकारिता में उनका लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और एक विश्वसनीय पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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