साल के अंत तक सभी थानों में फोन, वाट्सएप, इ-मेल से शिकायत दर्ज करने की सुविधा

Updated at : 11 Jun 2024 1:26 AM (IST)
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साल के अंत तक सभी थानों में फोन, वाट्सएप, इ-मेल से शिकायत दर्ज करने की सुविधा

2024 के अंत तक बिहार के सभी थानों में फोन, वाट्सअप और इ-मेल से शिकायत दर्ज करने की सुविधा मिलने लगेगी.

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संवाददाता, पटना

2024 के अंत तक बिहार के सभी थानों में फोन, वाट्सअप और इ-मेल से शिकायत दर्ज करने की सुविधा मिलने लगेगी. पुलिस मुख्यालय ने बताया है कि पिछले एक साल में राज्य के सभी थानों में सीसीटीएनएस की स्थापना कर दी गयी है. अब उनको ऑनलाइन न्यायिक व्यवस्था आइसीजेएस से जोड़ा जा रहा है, जिससे सभी पुलिस पदाधिकारी, न्यायालय, जेल व फॉरेंसिक प्रयोगशाला से जुड़ जायेंगे. एडीजी (मुख्यालय) जेएस गंगवार ने बताया कि प्रशिक्षण के बाद नागरिकों को विभिन्न सेवाएं ऑनलाइन मिल सकेंगी और अनुसंधान, न्यायलय, जेल आदि के कार्य भी ऑनलाइन हो सकेंगे. सीसीटीएनएस की मदद से ऑनलाइन एफआइआर सहित नौ सेवाएं ऑनलाइन उपलब्ध होंगी. इसके तहत संबंधित पुलिस स्टेशन में फोन, वाट्सएप, इ-मेल से शिकायत दर्ज करना, शिकायतों की स्थिति प्राप्त करना, एफआइआर की प्रति प्राप्त करना, गिरफ्तार व्यक्तियों या अपराधियों की जानकारी प्राप्त करना, लापता एवं अपहरण व्यक्तियों की जानकारी प्राप्त करना, चोरी अथवा बरामद वाहनों हथियारों एवं अन्य संपत्तियों की जानकारी लेना, विभिन्न प्रकार के एनओसी के निर्गत व नवीकरण के लिए अनुरोध करना, नौकरी, रोजगार, पासपोर्ट, वरिष्ठ नागरिक पंजीकरण आदि के लिए अनुरोध करना और नागरिकों को विभिन्न फॉर्म डाउनलोड करने की सुविधा देना शामिल है. उन्होंने बताया कि पीड़ित या शिकायतकर्ता अपराध स्थल के परे कहीं से भी अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं,पर ऑनलाइन प्राथमिकी दर्ज करने के तीन दिनों के अंदर संबंधित थाने में आकर शिकायत पत्र पर हस्ताक्षर करना होगा. गंभीर महिला अपराध में शिकायत दर्ज करने से लेकर सारी कार्रवाई महिला पुलिस पदाधिकारी एवं महिला मजिस्ट्रेट करेगी. 90 दिनों में अनुसंधानकर्ता को जांच की प्रगति रिपोर्ट से पीड़ित को अवगत कराना होगा.

प्रशिक्षण में वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन की मिली जानकारी

ज्ञान भवन में चले प्रशिक्षण कार्यक्रम में पुलिस पदाधिकारियों को तीन नये आपराधिक कानून भारतीय न्याय संहिता 2023, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 और भारतीय साक्ष्य अधिनियम 2023 की विस्तृत जानकारी दी गयी. प्रशिक्षण में फॉरेंसिक साइंस एक्सपर्ट ने बताया कि गंभीर अपराध के बाद घटनास्थल पर वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन का तरीका क्या होगा? घटनास्थल की वीडियोग्राफी, फोटोग्राफी किस तरह की जानी है. अपराध में मोबाइल फोन, सोशल मीडिया, इंटरनेट मीडिया आदि के बढ़ते उपयोग को देखते हुए इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य संग्रह कर न्यायालय में पेश करने की मानक संचालन प्रक्रिया की जानकारी दी गयी.

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