पटना : फ्री-होल्ड होने पर 10 लाख परिवारों को होगा फायदा

Updated at : 27 Dec 2019 9:58 AM (IST)
विज्ञापन
पटना : फ्री-होल्ड होने पर 10 लाख परिवारों को होगा फायदा

कौशिक रंजन जाली नोट 90% तक असली जैसे नकली नोटों को सामान्य पहचान से पकड़ना मुश्किल पटना : देश में जाली नोटों की तस्करी का बड़ा रूट बिहार-नेपाल की सीमा बनती जा रही है. अब नेपाल में सीमा से सटे शहरों में बैठ कर पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी की शह पर विदेशी माफिया इस पूरे रैकेट […]

विज्ञापन
कौशिक रंजन
जाली नोट 90% तक असली जैसे
नकली नोटों को सामान्य पहचान से पकड़ना मुश्किल
पटना : देश में जाली नोटों की तस्करी का बड़ा रूट बिहार-नेपाल की सीमा बनती जा रही है. अब नेपाल में सीमा से सटे शहरों में बैठ कर पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी की शह पर विदेशी माफिया इस पूरे रैकेट को ऑपरेट कर रहे हैं.
एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लैब) से आयी जांच रिपोर्ट में जाली नोटों को बेहद उत्कृष्ट क्वालिटी का बताया गया है. ये 90% असली नोटों से मिलते हैं. विदेशी माफिया जाली नोटों को देश के अलग-अलग कोनों तक पहुंचाने के लिए अब बिहार की सीमावर्ती जिलों में मौजूद स्थानीय अपराधियों से संपर्क कर रहे हैं.
इसी 2 दिसंबर को नेपाल सीमा के पास से तस्कर मोहम्मद मुमताज को एक लाख 90 हजार 500 रुपये के जाली नोटों के साथ डीआरआइ की विशेष टीम ने गिरफ्तार किया था. खुफिया एजेंसियों को कुछ चौंकाने वाली बातें मालूम हुई हैं. उसने अपने कई स्थानीय हैंडलरों का नाम भी बताया है. इसमें शामिल एक बड़े रैकेट का खुलासा किया है. बरामद हुए नोटों में दो हजार के 95 और 500 रुपये के एक नोट हैं.
पकड़ाया तस्कर जा चुका है जेल
गिरफ्त में आया तस्कर मो. मुमताज इससे पहले दो बार इसी मामले में जेल जा चुका है. परंतु हर बार बेल पर छूट जाता है. इस बार इतनी उच्च कोटि के नकली के साथ बरामद होने के कारण उस पर यूएपीए (अनलॉफूल एक्टिविटी प्रीवेंशन एक्ट) लगना तय माना जा रहा है. इससे उसका बाहर निकलना बेहद मुश्किल हो जायेगा. वह मधुबनी के हरलाखी के सोठगांव का रहने वाला है.
जाली नोटों की तस्करी के लिए बिहार के अपराधियों को हैंडलर बना रहे विदेशी माफिया
नोटबंदी के बाद पहली बार सबसे उत्कृष्ट क्वालिटी का जाली नोट पकड़ा गया पूर्णिया के तस्कर मुमताज के पास से पहली बार पकड़ा गया सुरक्षा थ्रेड
विदेशी माफिया चला रहे हैं रैकेट
भारत सीमा से सटे नेपाल के दो-तीन शहरों में आइएसआइ के एजेंट हैदर और मुस्किम ने अपना ठिकाना बना रखा है. जबकि बांग्लादेश सीमा पर अशादुल्ला शेख नामक एजेंट का ठिकाना है. ये लोग जाली नोट पाकिस्तान से दुबई फिर थाईलैंड होते हुए नेपाल तक लाते हैं. फिर हैंडलर के माध्यम से थोड़ा-थोड़ा करके बिहार समेत देश के अन्य शहरों सप्लाइ करते हैं. सबसे ज्यादा दिल्ली, हरियाणा, पंजाब में इन्हें भेजा जाता है. नेपाली दूतावास से इन पर कार्रवाई करने के लिए भी बात शुरू की गयी है. दो रुपये के असली नोट देकर 500 रुपये के नकली नोट दिये जाते हैं.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन