प्रवासी बिहारी दिवस 2019 पर आयोजित कार्यक्रम में बोले अतिथि, बिहारी प्रवासियों का बनेगा डेटाबेस

Updated at : 25 Jan 2019 8:03 AM (IST)
विज्ञापन
प्रवासी बिहारी दिवस 2019 पर आयोजित कार्यक्रम में बोले अतिथि, बिहारी प्रवासियों का बनेगा डेटाबेस

पटना : बिहार में काफी कुछ बदल गया है. गांव में बिजली, पानी व सड़क की सुविधाएं बढ़ी हैं. गांव में युवाओं के लिए स्किल डेवलपमेंट कार्यक्रम चल रहे हैं. अगर ऐसे में यहां इंडस्ट्री नहीं आयेगी, तो कब आयेगी. ये बातें उद्योग विभाग और सीआइआइ के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को होटल मौर्या में […]

विज्ञापन

पटना : बिहार में काफी कुछ बदल गया है. गांव में बिजली, पानी व सड़क की सुविधाएं बढ़ी हैं. गांव में युवाओं के लिए स्किल डेवलपमेंट कार्यक्रम चल रहे हैं.

अगर ऐसे में यहां इंडस्ट्री नहीं आयेगी, तो कब आयेगी. ये बातें उद्योग विभाग और सीआइआइ के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को होटल मौर्या में आयोजित प्रवासी बिहारी दिवस 2019 का उद्घाटन करते हुए उद्योग विभाग के प्रधान सचिव केके पाठक ने कहीं. उन्होंने कहा की प्रवासी बिहारी दिवस में देश-विदेश के बिहारी आये है.

यहां पर रोजगार व इंडस्ट्री को लेकर चर्चाएं भी होंगी. वेबसाइट के माध्यम से चर्चा के बारे में फीडबैक लिया जायेगा. ऐसे सभी प्रवासी बिहारियों का डेटाबेस बनाया जायेगा, जो देश व विदेश में हैं. कार्यक्रम में सीआइआइ के चेयरमैन प्रमोद शर्मा, उद्योग विभाग के (टेक्निकल विभाग) निदेशक रवींद्र प्रसाद सहित बीआइए एवं बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स के पदाधिकारी मौजूद थे.

निवेशकों के लिए उद्योग विभाग ने दी सहूलियत

– बिहार सरकार हर निवेशक को सुविधा व सुरक्षा देगी.

– इंडस्ट्री पॉलिसी में सभी सेक्टरों को जमीन उपलब्ध करायी गयी.

– उद्योग नीति को बेहतर किया गया.

– बिहार का जीडीपी रेट बढ़ा है.

बिहार में व्यापार की संभावनाएं

– कंस्ट्रक्शन सेक्टर

– सड़क व पुल के निर्माण से महिंद्रा व मारुति के लिए बिहार में अच्छा मार्केट

– बिहार को बिजनेस बेस बनाकर झारखंड, नेपाल, बंगाल व यूपी कवर किया जा सकता है

– फूड प्रोसेसिंग की सुविधा अधिक है. इसलिए फल व सब्जी का अच्छा व्यापार है.

यहां से आये प्रवासी

– अरेबिया, कुवैत, जापान, हैदराबाद, दिल्ली, बेंगलुरु, यूएसए, सउदी अरब, बहरीन, फ्रांस

बिहार को आर्थिक सहयोग नहीं, नयी तकनीक की जरूरत

पटना : बिहार को अब आर्थिक सहयोग नहीं, नयी तकनीक की जरूरत है. यहां के युवाओं को नयी तकनीक के बारे में जानकारी दें. ताकि उनका कौशल विकास हो सके और अपने पैरों पर खड़ा हो सके. ये बातें उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की ओर से आयोजित फेडेरेशन ऑफ इंडियन एसोसिएशन (एफआइए) और बिहार-झारखंड एसोसिएशन ऑफ नार्थ अमेरिका (बीजेएएनए)के सदस्यों के बैठक को संबोधित करते हुए कहीं.

उन्होंने एफआइए के पदाधिकारियों से कहा कि वे बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स और बिहार इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के साथ पाटर्नरशिप हो सकता है.

इसके लिए समय-समय पर कार्यक्रम होना चाहिए. मोदी ने कहा कि धार्मिक पर्यटन के क्षेत्र में लगातार विकास हो रहा है. यहीं कारण है कि पूरे विश्व से हर धर्म के लोग आ रहे हैं. खासकर बौद्ध, सिख और जैन धर्म के लोगों लाखों की संख्या में बिहार आ रहे हैं. अमेरिका में रह रहे नयी पीढ़ी को अपनी संस्कृति, धर्म और भाषा से जोड़ रखने की जरूरत है.

इसमें बीजेएएनए की भूमिका अहम है. श्रम संसाधन मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि बिहार के लोगों ने पूरे विश्व में अपनी पहचान अपनी योग्यता के बल पर बनायी है. अमेरिका में रह रहे बिहारी ने बिहार के विरासत को बचा रखा है. अमेरिका में रह रहे उद्यमी या तकनीक के जानकार समय- समय पर बिहार आ कर उन्हें प्रशिक्षण दें तो उनका कौशल और बढ़ सका है. इससे पूर्व बिहार चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष पीके अग्रवाल ने अतिथियों का स्वागत किया और मेमेंटो देकर सम्मनित किया.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन