पटना : पूर्व मंत्री मोनाजिर व राजद नेता इलियास हुसैन की बेटी जदयू में
Updated at : 03 Jul 2018 8:01 AM (IST)
विज्ञापन

पटना : जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के गुड़ गवर्नेंस और कार्यक्रमों को देख कर सोमवार को अल्पसंख्यक समुदाय के दो बड़े नेता जदयू में शामिल हुए. जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने पूर्व मंत्री व पूर्व सांसद डाॅ मोनाजिर हुसैन और पूर्व मंत्री व राजद के कद्दावर नेता इलियास […]
विज्ञापन
पटना : जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के गुड़ गवर्नेंस और कार्यक्रमों को देख कर सोमवार को अल्पसंख्यक समुदाय के दो बड़े नेता जदयू में शामिल हुए.
जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने पूर्व मंत्री व पूर्व सांसद डाॅ मोनाजिर हुसैन और पूर्व मंत्री व राजद के कद्दावर नेता इलियास हुसैन की चिकित्सक पुत्री डाॅ असमा परवीन को जदयू की सदस्यता दिलायी. विधानसभा चुनाव के पहले मोनाजिर हुसैन जदयू छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे. वह एक फिर जदयू में लौट आये. जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने कहा कि बिहार में नीतीश कुमार के नेतृत्व में जो कार्यक्रम चल रहे हैं, उनसे शायद ही कोई ऐसा क्षेत्र बचा है, जिसमें विकास नहीं हुआ हो.
ऐसे में मोनाजिर हुसैन का जदयू में आने का लाभ सभी जगहों पर पार्टी को मिलेगा. यह पूछे जाने पर कि मोनाजिर हुसैन को भाजपा से जदयू में शामिल कराना गठबंधन धर्म में कितना जायज है, श्री सिंह ने कहा कि वह जदयू में थे और जदयू में हैं.
दूसरे किसी प्रश्न का अर्थ ही नहीं है. भाजपा छोड़ने को लेकर पूछे गये सवाल पर मोनाजिर हुसैन ने बताया कि वह जदयू में परिवार की तरह रहे हैं. दल छोड़ने के दो-तीन महीने के बाद ही महसूस हुआ कि पुराना घर ही सबसे सुरक्षित है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भाजपा के साथ रहकर भी सेक्युलरिज्म के एजेंड़े से जरा भी इधर-उधर नहीं हुए हैं.
आज जाे सेक्युलरिज्म की रोटी खा रहे हैं, उनके यहां जितनी सांप्रदायिकता है और जितना ओछापन है, नीतीश कुमार उसके मुकाबले में बहुत ऊंचाई पर हैं. राजद नेता इलियास हुसैन की चिकित्सक पुत्री डाॅ असमा परवीन ने कहा कि यह उनका व्यक्तिगत निर्णय है. उनके पापा का इसमें कोई रोल नहीं है.
सीट शेयरिंग एक स्वाभाविक प्रक्रिया
जदयू के प्रदेश अध्यक्ष वशिष्ठ नारायण सिंह ने एनडीए के बीच सीट शेयरिंग को लेकर पूछे गये सवाल के जवाब में कहा कि यह एक स्वाभाविक प्रक्रिया है.
उस प्रक्रिया के बाद सब कुछ हो जाये, यह सबसे बड़ी बात है. पार्टी के नेता नीतीश कुमार का स्पष्ट बयान आ ही चुका है कि यह एक गठबंधन है. आगे कोई भी समस्या आती है तो सभी मिल कर उसका समाधान कर लेंगे. इसके लिए कोई तिथि और महीना निर्धारित नहीं किया गया है. उचित समय पर इसका निर्णय हो जायेगा.
सात-आठ को जदयू की राष्ट्रीय कार्यकारिणी दिल्ली में
वशिष्ठ नारायण सिंह ने बताया कि सात व आठ जुलाई को दिल्ली में जदयू राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक है. इसमें बिहार से 27 प्रतिनिधि भाग लेंगे. उन्होंने बताया कि एनडीए में नीतीश कुमार के चेहरे का उपयोग किया जा सकता है.
बिहार में नीतीश कुमार की सरकार ठीक से चल रही है. सहयोगी दल के लोग बेहतर तरीके से काम कर रहे हैं. राज्य में सब कुछ ठीकठाक चल रहा है. यह एक बड़ी उपलब्धि है. यह एक नजीर भी है.
इस अवसर पर बिहार विधान परिषद में मुख्य सचेतक सत्तारूढ़ दल संजय कुमार सिंह उर्फ गांधी जी, प्रदेश महासचिव डाॅ नवीन कुमार आर्य व अनिल कुमार, मुख्य प्रवक्ता सह पूर्व विधान पार्षद संजय सिंह, चंदेश्वर प्रसाद चंद्रवंशी, प्रदेश प्रवक्ता डाॅ अजय आलोक, डाॅ सुहेली मेहता, अंजुम आरा व ओमप्रकाश सिंह सेतु सहित अन्य नेता मौजूद थे.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




