चोरी छिपे हो रही पेड़ों की कटाई

Updated at : 30 Jun 2016 12:00 AM (IST)
विज्ञापन
चोरी छिपे हो रही पेड़ों की कटाई

रजौली : प्रखंड के जंगलों में पेड़ों की कटाई से जंगल सिकुड़ती जा रही है. जंगल में गांव बसते जा रहे हैं. प्राकृतिक कारणों के कारण जंगलों में आग लगने से बड़े जंगली क्षेत्र पेड़ विहीन हो जा रहे हैं. वन माफियाओं द्वारा महिलाओं द्वारा लकड़ी स्थानीय आरा मशीनों पर खुलेआम भेजा जा रहा है. […]

विज्ञापन

रजौली : प्रखंड के जंगलों में पेड़ों की कटाई से जंगल सिकुड़ती जा रही है. जंगल में गांव बसते जा रहे हैं. प्राकृतिक कारणों के कारण जंगलों में आग लगने से बड़े जंगली क्षेत्र पेड़ विहीन हो जा रहे हैं. वन माफियाओं द्वारा महिलाओं द्वारा लकड़ी स्थानीय आरा मशीनों पर खुलेआम भेजा जा रहा है.

रजौली के पुरानी बस स्टैंड स्थित आरा मशीन में दिन-रात जंगली लकड़ी लाया जा रहा है. इस संबंध में रजौली के रेंजर आरके श्रीवास्तव ने बताया की हमारे वन विभाग में महिला वनरक्षी नहीं रहने के कारण पुरूष वनरक्षी द्वारा महिला को पकड़ना ठीक नहीं है. इसका फायदा जंगली क्षेत्र की महिला उठाती हैं. धड़ल्ले से जंगल की कटाई कर रही हैं. रेंजर ने बताया कि नदियां क्यों सूख रही है, वर्षा क्यों ठहरी है, बाढ़ व भूकंप क्यों हो रहे हैं. इन सभी स्थितियों का कारण पेड़ पौधों की कटाई व पर्यावरण संरक्षण की ओर से उदासीनता व असंतुलित पर्यावरण ही इस स्थिति का मुख्य कारण है. वन विभाग जागरूकता पैदा करने में जुड़ा है. वैसे स्थिति काफी विस्फोटक हो चुकी है. इधर, वन माफियाओं व आरा मशीन वालों ने जब से वनों के क्षेत्र पदाधिकारी के निलंबन की सूचना सुना है, तब से फुले नहीं समा रहे हैं.

विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन