पूर्व सांसद कामेश्वर पासवान के निधन से पार्टी काे नुकसान

Updated at : 29 May 2018 5:45 AM (IST)
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पूर्व सांसद कामेश्वर पासवान के निधन से पार्टी काे नुकसान

सामान्य परिवार से आनेवाले दिवंगत सांसद को श्रद्धांजलि नवादा : पूर्व सांसद कामेश्वर पासवान का रविवार की रात पटना में निधन हो गया. यह खबर सुन कर नवादा संसदीय क्षेत्र के लोगों सहित भाजपाइयों में शोक व्याप्त है. बताया जाता है कामेश्वर पासवान 1996 के लोकसभा चुनाव में नवादा से भाजपा के टिकट पर चुने […]

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सामान्य परिवार से आनेवाले दिवंगत सांसद को श्रद्धांजलि

नवादा : पूर्व सांसद कामेश्वर पासवान का रविवार की रात पटना में निधन हो गया. यह खबर सुन कर नवादा संसदीय क्षेत्र के लोगों सहित भाजपाइयों में शोक व्याप्त है. बताया जाता है कामेश्वर पासवान 1996 के लोकसभा चुनाव में नवादा से भाजपा के टिकट पर चुने गये थे. इसके पूर्व राज्यसभा के सदस्य रह चुके थे. जानकारी के अनुसार, सांसद बनने के पूर्व और बाद के चुनाव में उन्हें हार का सामना भी करना पड़ा था. इसके अलावा कामेश्वर पासवान बिहार सरकार में कल्याण मंत्री के पद पर रह चुके थे. बाद में उन्हें अनुसूचित जाति जन जाति मोर्चा का राष्ट्रीय अध्यक्ष भी बनाया गया था.
एक सामान्य परिवार से आनेवाले दिवंगत सांसद की भाजपा की राजनीति में गहरी पैठ थी.
भाजपा कार्यालय में हुई प्रार्थना सभा : लंबे समय से बीमार चल रहे भाजपा नेता एवं नवादा के पूर्व सांसद कामेश्वर पासवान के निधन पर जिले के भाजपा कार्यकर्ताओं ने शोक व्यक्त किया. भाजपा जिलाध्यक्ष शशिभूषण कुमार बबलू के नेतृत्व में जिला कार्यालय में आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना सभा का आयोजन किया गया. लंबी बीमारी के बाद 77 वर्ष की आयु में उनके निधन से पार्टी व समाज को नुकसान हुआ है. इसकी भरपाई संभव नहीं दिख रही है.
पार्टी कार्यालय में हुए कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि 1972 में मात्र 31 वर्ष की आयु में वह पहली बार भारतीय जनसंघ के टिकट पर जीत कर विधानसभा पहुंचे. 1977 में दूसरी बार विधानसभा पहुंचे तथा 1979 तक बिहार सरकार में श्रम मंत्री रहे. 1990-96 तक वे राज्यसभा सांसद रहे तथा 1996 में वह नवादा से लोकसभा सांसद चुने गये.
पेशे से शिक्षक रहे कामेश्वर पासवान एससी,एसटी आयोग के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भी रहे. कांग्रेस द्वारा देश में आपातकाल लगाये जाने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया था. इस दौरान वह लगभग 19 महीने तक जेल में रहे. पार्टी के वरीय नेता केदार सिंह, विनय सिंह आदि ने कहा कि पार्टी के समर्पित कार्यकर्ता के रूप में वे काम करते रहे.
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