मोतिहारी. प्रधानमंत्री टीबी मुक्त अभियान के अन्तर्गत टीबी के मरीजों की खोज के लिए जिले में तीव्र गति से लोगों की स्क्रीनिंग की जा रही. ताकि टीबी मरीजों को सही ईलाज मुहैया हो पाए और टीबी के प्रसार पर रोक लगाई जा सकें. एसएनएस विद्यापीठ कॉलेज ऑफ़ फार्मेसी एवं इंस्टिट्यूट ऑफ़ नर्सिंग साइंस के परिसर में निशुल्क जांच शिविर का आयोजन किया गया. जिसमें 120 से अधिक लोगो के स्वास्थ्य की जांच की गयी. पुरानी खांसी के संदिग्ध मरीजों की कद, वजन, रैंडम ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर एवं छाती का एक्स-रे की जांच की गयी. जिला यक्षमा केंद्र के नोडल चिकित्सक डॉ सुनील कुमार ने कहा कि नेशनल हेल्थ मिशन के 100 दिवसीय कैंपनिंग के तहत वर्ल्ड विजन इंडिया के सहयोग से ” टीबी मुक्त भारत ” अभियान चलाया जा रहा है. अगर किसी परिवार में टीबी के रोगी पाए जाते हैं, तो उनके परिवार के सदस्यों को निवारक उपचार सरकार की तरफ से दिया जा रहा है. ताकि यह बीमारी समाज में और फैल नहीं पाए और इसका ससमय रोकथाम किया जा सके. उन्होंने बताया कि इस अभियान के तहत सरकार ने सन 2030 तक भारत को टीबी मुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

