स्टार्ट-अप करने के लिए यशपाल को किया गया चयनित लखीसराय. जिले के डायट प्रशिक्षण संस्थान के प्रशिक्षु यशपाल का चयन बिहार सरकार के द्वारा संचालित बिहार स्टार्टअप पॉलिसी 2022 के अंतर्गत हुआ है. जिससे पूरे जिले के युवाओं में काफी हर्ष का माहौल है. इस उपलब्धि के लिए डायट के प्राचार्य डॉ. वंदना कुमारी, जिला स्टार्टअप समन्वयक चंदन कुमार, स्टार्टअप इंचार्ज रणधीर कुमार ने उन्हें बधाई दी है. इस योजना के अंतर्गत यशपाल को बिहार सरकार के द्वारा 10 लाख रुपये तक की ऋण मुक्त राशि अगले 10 वर्ष तक के समय के लिए प्रदान किया जायेगा. यशपाल ने एडीबी क्लीनिंग नामक एक कंपनी बनायी है. जिसमें उनके सहयोगी के तौर पर श्वेता राज, प्रिया भारती, गौरव कुमार एवं चंद्रपाल कुमार ने कार्य किया है. जिसके अंतर्गत एक ऐप से एक क्लिक के माध्यम से आप घर बैठे सारे क्लीनिंग सर्विसेज जिसके अंतर्गत वाटर टैंक क्लीनिंग, व्हीकल क्लीनिंग एवं अन्य आधुनिक सुविधाओं का लाभ ले सकते हैं. इनकी एडीबी क्लीनिंग कंपनी की विशेषताएं के अंतर्गत आप आधुनिक सफाई तकनीकों, टेक्नोलॉजी संचालित सेवाएं और पर्यावरण इको फ्रेंडली सेवाओं का लाभ घर बैठे ले सकते हैं. बिहार सरकार की इस योजना का लाभ सभी इच्छुक इंटरप्रेन्योर ले सकते हैं. जो कुछ भी स्टार्ट अप करना चाहते हैं. इस योजना के माध्यम से उद्यमी नवाचार और आविष्कार के क्षेत्र में अपनी क्षमताओं को विकसित करने के अवसर प्राप्त कर सकेंगे. आर्थिक मामले में स्वतंत्रता के लिए उद्धृत वे सक्रिय उद्योगों को प्रोत्साहित करने के लिए बिना ब्याज का ऋण उपलब्ध कराने करने में स्वतंत्रता और समृद्ध मिलेगी. इस संबंध में डाइट की प्राचार्या डॉ. वंदना कुमारी ने संस्थान के सभी प्रशिक्षु से अपील की सरकारी नौकरी के अलावा लोगों को होने वाली छोटी से छोटी समस्याओं का समाधान करने के लिए अपना खुद का स्टार्टअप कर सकते है और नौकरी लेने वाला नहीं नौकरी देने वाला बनिये. यशपाल के इस उपलब्धि मे जिला में अवस्थित स्टार्टअप सेल राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय लखीसराय के प्राचार्य डॉ विमलेश कुमार, स्टार्टअप सेल इंचार्ज रणधीर कुमार एवं जिला स्टार्टअप समन्वयक चंदन कुमार ने पुरी तरह से सहायता किये. संस्थान के सभी शिक्षकगण ने यशपाल को बधाई दी.
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