एएमयू सेंटर की चाहरदीवारी धाराशायी, हड़कंप
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :29 Jul 2016 7:41 AM (IST)
विज्ञापन

एएमयू को आवंटित कई एकड़ जमीन महानंदा में हो चुकी है विलीन मनरेगा के तहत बनी सड़क पूरी कट कर बह गयी किशनगंज : एएमयू की शाखा के लिए राज्य सरकार द्वारा चकला में आवंटित भूमि का पूरा परिसर जलमग्न हो गया है़ महानंदा से सटे एएमयू परिसर और महानंदा एक समान नजर आ रहा […]
विज्ञापन
एएमयू को आवंटित कई एकड़ जमीन महानंदा में हो चुकी है विलीन
मनरेगा के तहत बनी सड़क पूरी कट कर
बह गयी
किशनगंज : एएमयू की शाखा के लिए राज्य सरकार द्वारा चकला में आवंटित भूमि का पूरा परिसर जलमग्न हो गया है़ महानंदा से सटे एएमयू परिसर और महानंदा एक समान नजर आ रहा है़ पानी के तेज बहाव के कारण एएमयू परिसर की चाहरदिवारी भी कई जगह क्षतिग्रस्त हो गयी है़ पहले भी एएमयू को आवंटित कई एकड़ जमीन महानंदा में विलीन हो चुकी है़ इस बार एएमयू का कितना भूमि महानंदा में विलीन होगा यह तो पानी के कम होने के बाद ही पता चल सकेगा़
बाढ़ का असर अब धीरे धीरे दिखने लगा है़ काफी इलाका गुरूवार को भी पूरा जलमग्न था़ वैसे कुछ इलाके जहां बाढ़ का पानी कम हुआ है उन इलाकों में बाढ़ के कारण हुए तबाही का मंजर अब दिखने लगा है़ किशनगंज प्रखंड क्षेत्र के दौला पंचायत अंतर्गत वार्ड संख्या 10 खाड़ी बस्ती निवासी मो सुल्तान के आंगन से महानंदा का धारा प्रवाह होने लगा था़ सुल्तान का चार कच्चा घर मिनटों में पानी में बह गया़ वहीं पक्का घर भी आधा कट गया़ पानी का करंट इतना तेज था कि घर के आंगन में बड़ा मोनी बन गया है़ पानी के तेज बहाव के कारण खाड़ीबस्ती का मुख्य आधा सड़क कट गया है़ सड़क पर 4 फीट गड्डा बन गया है़ वहीं बगल मनरेगा के तहत बने सड़क पूरा कट कर बह गया है़ मनरेगा के तहत बनेसड़क का नामो निशान तक नहीं बचा है़ मंथर गति से चल रहा पुल का कार्य
पानी की तेज धारा में एएमयू की चाहरदिवारी टूटी
एक ओर ताल टोला आदिवासी टोला तो दूसरी ओर खोजपाड़ा बसंतपुर, फुलबाड़ी और बीच में खोजपाड़ा धार है़ किशनगंज प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत दौला पंचायत का ये वह इलाका है जहां हर साल महानंदा नदी के पानी से डूबा रहता है़ तालटोला आदिवासी टोला और खोजपाड़ा बसंतपुर के बीच आवागमन के लिए नाव ही एकमात्र सहारा है़ मुख्यमंत्री सेतु योजना के तहत 9 नवंबर 2014 को विधायक मुजाहिद आलम ने खोजपाड़ा धार में आरसीसी पुल का शिलान्यास किया था़ परंतु लगभग 2 वर्ष बीत जाने के बावजूद अब तक सिर्फ चार पिलर वह भी आधा अधूरा ही खड़ा हो पाया है़ उक्तपुल यदि समय पर पूरा हो गया होता तो शायद इस भीषण बाढ़ त्रासदी में लोगों को थोड़ी राहत मिलती़ परंतु प्रशासनिक उदासीनता एवं संवेदक की लापरवाही के कारण पुल अधर में लटका पड़ा है और लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है़
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




