परमिट 16 किमी का और चलते हैं 30 से 35 किमी

Updated:
विज्ञापन

हाल ऑटो परिचालन का कटिहार : जिले में चलने वाले पांच सीट वाले ऑटो या फिर तीन सीट वाले ऑटो सभी वाहनों का परमिट सीमित रहता है. लेकिन यह सिर्फ कागजों में ही दिखता है. कटिहार शहरी क्षेत्र से जिले के सभी प्रखंड में जाने के लिए मिरचाईबाड़ी चौक, शहीद चौक, अमर जवान चौक, अंबेदकर […]

विज्ञापन

हाल ऑटो परिचालन का

कटिहार : जिले में चलने वाले पांच सीट वाले ऑटो या फिर तीन सीट वाले ऑटो सभी वाहनों का परमिट सीमित रहता है. लेकिन यह सिर्फ कागजों में ही दिखता है. कटिहार शहरी क्षेत्र से जिले के सभी प्रखंड में जाने के लिए मिरचाईबाड़ी चौक, शहीद चौक, अमर जवान चौक, अंबेदकर चौक, रामपाड़ा चौक सहित दुर्गास्थान, हरदयाल चौक से ऑटो खुलते हैं.
कटिहार से जिले के सभी प्रखंड में आवागमन करने वाले इन वाहन चालकों द्वारा सरकारी आदेश की सिर्फ धज्जियां ही उड़ाते देखा जाता है. कटिहार से खुलने वाले सभी ऑटो में भेड़, बकरियों की तरह यात्रियों बैठाया जाता है. साथ ही ड्राइविंग सीट पर चार-चार यात्रियों को ऑटो चालक बिठा कर उन्हें परमिट से अधिक दूरी का सफर तय कराते हैं.
क्या कहता है नियम
पांच सीट वाले ऑटो हों या फिर तीन सीट वाले, सभी की एक सीमित दूरी उसके परमिट में अंकित रहती है. एक ऑटो अधिक से अधिक 16 किलोमीटर की दूरी तय कर सकता है. 16 किलोमीटर से अधिक दूरी तय करने वाले ऑटो चालक राज्य सरकार के आदेश की अवहेलना कर रहे हैं.
इसके तहत उक्त चालक को परिवहन विभाग पकड़ कर उनसे जुर्माना वसूल सकता है. साथ ही उस ऑटो में सवारी संख्या भी अंकित रहती है. एक ऑटो में तीन व बिक्रम व अन्य पांच सीटर ऑटो में पांच यात्री तक ऑटो चालक बिठा सकते हैं, लेकिन ऑटो चालक पांच सीटर ऑटो में पंद्रह से बीस यात्री को बिठा देते हैं. पर, परिवहन विभाग इसको लेकर खामोश है.
50-50 किलोमीटर तक ऑटो से सफर कर रहे यात्री
इनमें सबसे अधिक मनिहारी, गेड़ाबाड़ी, बरारी, सनौली सहित पूर्णिया के लिए ऑटो चलती है. रिजर्व में तो यह ऑटो सीमांचल के अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, सहित भागलपुर के जिला में भी प्रवेश कर जाते हैं. इन ऑटो के अगर कागजात की जांच की जाये तो कटिहार से डंडखोरा, हसनगंज, रौतारा तक ही यह ऑटो जा सकते हैं. शेष जिले के जिस भी प्रखंड में यह ऑटो प्रवेश करते हैं तो वह गलत है.
लंबी दूरी तय करने वाले ऑटो की नहीं हो रही जांच
जिले में लंबी दूरी तय करने वाले ऑटो की जांच-पड़ताल कभी होती नहीं है. इसके कारण ऑटो चालक अपनी मनमर्जी ऑटो का परिचालन करते हैं.
कहते हैं डीटीओ
इस संबंध में डीटीओ अरुण पंकज ने कहा कि समय-समय पर बगैर परमिट के लंबी दूरी तक चलने वाले ऑटो की जांच पड़ताल की जाती है. वैसे ऑटो के पकड़े जाने पर ऑटो चालक से जुर्माना भी वसूला जाता है. उन्होंने कहा कि इस दिशा में जल्द ही अभियान चलाया जायेगा.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन