इंजीनियर की याद में आंखें हुईं नम

Published at :23 Apr 2018 2:30 AM (IST)
विज्ञापन
इंजीनियर की याद में आंखें हुईं नम

गुरुआ : दिवंगत सहायक इंजीनियर राजू प्रसाद की याद में रविवार को गुरुआ बाजार में शकुन्तला भवन के पास स्थित उनके आवास पर शोक सभा का आयोजन किया गया. इस मौके पर मौजूद पूर्व मंत्री बागी कुमार वर्मा, पूर्व विधायक सुरेंद्र प्रसाद सिन्हा, पूर्व विधायक सच्चिदानंद प्रसाद, राजद के पूर्व जिलाध्यक्ष प्रो. राधेश्याम प्रसाद, जदयू […]

विज्ञापन
गुरुआ : दिवंगत सहायक इंजीनियर राजू प्रसाद की याद में रविवार को गुरुआ बाजार में शकुन्तला भवन के पास स्थित उनके आवास पर शोक सभा का आयोजन किया गया. इस मौके पर मौजूद पूर्व मंत्री बागी कुमार वर्मा, पूर्व विधायक सुरेंद्र प्रसाद सिन्हा, पूर्व विधायक सच्चिदानंद प्रसाद, राजद के पूर्व जिलाध्यक्ष प्रो. राधेश्याम प्रसाद, जदयू के वरीय नेता अमित कुमार व प्रोजेक्ट बालिका उच्च विद्यालय के प्राचार्य राजकुमार सहित अन्य लोगों ने उनके चित्र पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी.
शोकसभा को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री बागी कुमार वर्मा ने कहा कि जो व्यक्ति समाज में अच्छा काम करते हैं, वह कभी मरते नहीं. उनके द्वारा किये गये कार्यों की चर्चा हमेशा होती है. पूर्व विधायक सुरेंद्र प्रसाद सिन्हा ने कहा कि समाज के हित में उनके द्वारा किये गये कामों को भुलाया नहीं सकता है. प्रो राधेश्याम प्रसाद ने कहा कि कम समय में उन्होंने अपने व्यवहार व क्रियाकलाप से लोगों का दिल जीत लिया.
होमियोपैथ डॉक्टर कपिलदेव सिंह ने कहा कि उनकी यादें हमेशा बनी रहेंगी. वह खुशमिजाज व्यक्ति थे. वह हमेशा खुद हंसी-खुशी के माहौल में रहते थे और दूसरों को भी हंसाते रहते थे. किसी ने उन्हें किसी बात पर गुस्सा करते हुए नहीं देखा. अब उनका हमलोगों के बीच नहीं रहना बहुत ही खलेगा. पत्रकार रोशन कुमार पवन ने कहा कि उन्हें जब भी मौका मिला, जरुरतमंदों की मदद की.
गुरुआ इलाके के कुछ स्टूडेंट्स की पढ़ाई-लिखाई के खर्च की भी जिम्मेदारी उठायी थी. जनप्रतिनिधि हो या कोई असहाय, उनके दरवाजे पर जो भी आया, खाली हाथ नहीं लौटा. उनकी याद हम सभी के जेहन में हमेशा बनी रहेगी.
बुजुर्ग पिता की ओर सबका था ध्यान :सहायक इंजीनियर मूलत: जहानाबाद जिले के मखदुमपुर थाने के जयबिगहा गांव के रहनेवाले समाजवादी नेता (85 वर्षीय ) सीताराम प्रसाद के छोटे बेटे थे. एक बुजुर्ग पिता के लिए जवान बेटे की मौत का दर्द क्या होता है, इस शोकसभा में सभी लोगों की निगाहें सीताराम प्रसाद की ओर टिकी हुई थी. सहायक इंजीनियर के बड़े भाई जेबी केशरी का भी रोते-रोते बुरा हाल था. ऐसे तो वहां मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हो गयी थीं.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन