बेतिया : जनवरी का महीना बेतिया पुलिस के लिए शामत भरा रहा. चोरी, लूट व हत्या की घटनाओं के साथ करीब आधा दर्जन से ज्यादा चोरी की घटनाओं ने पुलिस के कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिये. पुलिस अभी सारे मामलों में अंधेरे में तीर चला रही है. पुलिस के लिए ये सभी घटनाएं चुनौती खड़ा कर दी है. वही कुछ जगहों पर पुलिस के लिए और ज्यादा मुश्किल खड़ा हो गयी. लौरिया व मनुआपुल में पुलिस पर हमला जैसी घटना भी घटी.
पारस पकड़ी स्टेट बैंक में 58 लाख की चोरी : जनवरी माह का सबसे चर्चित वारदात मझौलिया थाने के पारस पकड़ी स्टेट बैंक में चोरी का रहा. चोरों ने 16 जनवरी की रात स्टेट बैंक के ग्रिल तोड़ कर करीब 50 लाख का सोना व 8 लाख रुपया नगदी उड़ा लिये. इस घटना के एक सप्ताह से ज्यादा होने को है और पुलिस को कोई विशेष सफलता अब तक हाथ नहीं लगी है.
जनवरी में लुटेरे ले भागे 2.85 लाख : इस माह बेतिया और आसपास के क्षेत्रों में एक सप्ताह के अंदर तीन लूट की वारदात हुई. इस दौरान लुटेरे करीब 2.85 लाख रुपये हथियार के बल पर लोगों से ले भागे. इसमें पहली घटना 14 जनवरी को बलथर थाना के माझर पुल के समीप घटी. बेतिया के व्यवसायी के मुंशी सत्यनारायण प्रसाद से अपराधियों ने 1.25 की लूट ली.
वही दूसरी घटना 19 जनवरी को शहर के गंडक कॉलोनी के समीप हुई. इस घटना में मोतिहारी के दिनबंधु दास से अपराधियों ने 85 हजार छीन लिया. तिसरी घटना 20 जनवरी को बैरिया थाना क्षेत्र में घटी. स्थानीय किसान राजदेव साह से 75 हजार रुपया अपराधी ले भागे.
नरकटियागंज के दीपू की हत्या : जनवरी माह में लूट व चोरी के साथ हत्या की भी एक घटना ने नरकटियागंज के लोगों को दहला कर रख दिया. 23 जनवरी को नरकटियागंज के सोनारपट्टी निवासी रामाप्रसाद के पुत्र दिपू का शव मटिअरिया गांव के समीप मिला.
पुलिस पर िकया था हमला : जनवरी माह में अपराधी तो सक्रिय रहे तो लेकिन पुलिस के लिए यह माह काफी चुनौती भरा रहा. 22 जनवरी को मनुआपुल थाना क्षेत्र के नगदहिया गांव में जमीनी विवाद को सुलझाने गयी पुलिस पर ग्रामीणों ने पथराव कर दिया. किसी तरह पुलिस पदाधिकारी वहां से निकले. इस दौरान आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस जीप को भी क्षतिग्रस्त कर दिया. वही दूसरी घटना लौरिया थाने में ही घटी. स्थानीय ग्रामीणों ने 14 जनवरी की रात लौरिया थाना पर ग्रामीणों ने हमला बोल दिया. अतिक्रमण हटाने से नाराज लोगों ने थाने में घुस कर थाने की कुरसी व गमले को क्षतिग्रस्त कर दिया.
