बिहार में जमीन रजिस्ट्री के नियम बदले, अब CO की जांच के बिना नहीं होगी खरीद-बिक्री

Published by :Abhinandan Pandey
Published at :09 May 2026 7:33 PM (IST)
विज्ञापन
bihar land registry news

सांकेतिक तस्वीर

Bihar Land Registry: बिहार में जमीन रजिस्ट्री के नियम बदल गए हैं. अब किसी भी जमीन की खरीद-बिक्री से पहले संबंधित CO की जांच रिपोर्ट जरूरी होगी. सरकार का दावा है कि इससे फर्जीवाड़े, ठगी और जमीन विवाद के मामलों में कमी आएगी.

विज्ञापन

Bihar Land Registry: बिहार में जमीन खरीदने और बेचने वालों के लिए बड़ा बदलाव किया गया है. जमीन रजिस्ट्री में हो रहे फर्जीवाड़े और विवादों को रोकने के लिए सरकार ने नई व्यवस्था लागू कर दी है. अब किसी भी जमीन की रजिस्ट्री से पहले संबंधित अंचलाधिकारी यानी CO की जांच रिपोर्ट जरूरी होगी. सरकार का कहना है कि इस नई प्रक्रिया से जमीन से जुड़े धोखाधड़ी के मामलों में कमी आएगी और लोगों को सुरक्षित तरीके से जमीन खरीदने में मदद मिलेगी.

ई-निबंधन पोर्टल पर करना होगा आवेदन

नई व्यवस्था के तहत जमीन खरीदने और बेचने से पहले लोगों को ई-निबंधन पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा. आवेदन के साथ जमीन से जुड़े सभी जरूरी डॉक्युमेंट्स और जानकारी अपलोड करनी होगी. इसके बाद संबंधित अंचल कार्यालय जमीन की जांच करेगा और रिपोर्ट तैयार करेगा. रिपोर्ट मिलने के बाद ही आगे की रजिस्ट्री प्रक्रिया पूरी होगी.

आवेदन में देनी होगी पूरी जानकारी

सरकार ने आवेदन प्रक्रिया में कई जानकारियां अनिवार्य कर दी हैं. इसमें खाता संख्या, खेसरा संख्या, रकबा, चौहद्दी, जमाबंदी संख्या और विक्रेता का नाम शामिल है. इन सभी जानकारियों के आधार पर CO जमीन की वास्तविक स्थिति की जांच करेंगे. साथ ही यह भी देखा जाएगा कि जमीन पर किसी तरह का विवाद तो नहीं है.

10 दिनों में देनी होगी रिपोर्ट

सरकार ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि जांच रिपोर्ट 10 दिनों के भीतर जारी करनी होगी. अगर तय समय में रिपोर्ट नहीं दी जाती है, तो पोर्टल पर अपलोड की गई जानकारी के आधार पर आगे की प्रक्रिया पूरी की जा सकती है. हालांकि ऐसी स्थिति में संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी.

बताना होगा जमीन सरकारी है या निजी

नई व्यवस्था में CO को अपनी रिपोर्ट में यह साफ लिखना होगा कि जमीन सरकारी है या निजी. इसके अलावा यह भी बताना होगा कि दस्तावेज सही हैं या नहीं और बेचने वाले का दावा वैध है या नहीं.

धोखाधड़ी और विवाद में आएगी कमी

सरकार का मानना है कि इस नई व्यवस्था से जमीन खरीदने वाले लोगों को पहले ही पूरी जानकारी मिल जाएगी. इससे फर्जी रजिस्ट्री, गलत दस्तावेज और जमीन विवाद के मामलों में कमी आने की उम्मीद है. अधिकारियों का कहना है कि अब जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित बनेगी.

Also Read: बिहार से बेंगलुरु जाने वालों के लिए खुशखबरी, जुलाई तक चलेगी सहरसा-यशवंतपुर स्पेशल ट्रेन

विज्ञापन
Abhinandan Pandey

लेखक के बारे में

By Abhinandan Pandey

अभिनंदन पांडेय डिजिटल माध्यम में पिछले 2 सालों से पत्रकारिता में एक्टिव हैं. बंसल न्यूज (MP/CG) और दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अनुभव लेते हुए अब प्रभात खबर तक का मुकाम तय किए हैं. अभी डिजिटल बिहार टीम में काम कर रहे हैं. सामाजिक-राजनीतिक नब्ज को करीब से समझने का प्रयास करते हैं. देश-विदेश की घटनाओं, बिहार की राजनीति, और किस्से-कहानियों में विशेष रुचि रखते हैं. डिजिटल मीडिया के नए ट्रेंड्स, टूल्स और नैरेटिव स्टाइल्स के साथ प्रयोग करना पसंद है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन