बिहार में कचरा प्रबंधन के लिए लैंडफिल साइट का होगा विकास, नगर पंचायतों में बेहतर होगी सफाई व्यवस्था

Updated at : 09 Feb 2021 11:59 AM (IST)
विज्ञापन
बिहार में कचरा प्रबंधन के लिए लैंडफिल साइट का होगा विकास, नगर पंचायतों  में बेहतर होगी सफाई व्यवस्था

सफाई व्यवस्था में व्यापक सुधार के लिए इन निकायों में कचरा के प्रबंधन के लिए लैंडफिल साइट के क्रय करने या विकास करने, कचरा संग्रह के लिए उपकरणों की खरीद करने आदि में राशि खर्च होगी.

विज्ञापन

पटना . राज्य की 29 नगर पंचायतों में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए नगर विकास व आवास विभाग की ओर से निर्देश दिये गये हैं.

इन निकायों में करीब चार करोड़ 66 लाख 64 हजार रुपये की स्वीकृति दी गयी है. यह राशि इन निकायों में सफाई व्यवस्था के छह संदर्भों में खर्च की जायेगी.

विभाग की ओर से जारी निर्देश के अनुसार सफाई व्यवस्था में व्यापक सुधार के लिए इन निकायों में कचरा के प्रबंधन के लिए लैंडफिल साइट के क्रय करने या विकास करने, कचरा संग्रह के लिए उपकरणों की खरीद करने आदि में राशि खर्च होगी.

गौरतलब है कि नगर निगम और नगर पर्षद के बाद नगर पंचायत में भी सफाई व्यवस्था को बेहतर करने के प्रयास शुरू कर दिये गये हैं.

ऐसे सुधरेगी सफाई व्यवस्था

विभाग की ओर से जारी दिशा निर्देश के अनुसार निकायों को कुल छह मुद्दों पर खर्च करने होंगे. इनमें डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, कचरा संग्रहण के लिए उपकरणों की खरीद करने, कचरा प्रबंधन के लिए लैंडफिल साइट का क्रय और विकास करने के अलावा कचरे से कम्पोस्ट और बिजली बनाने की योजना के सहायता मद में भी राशि देकर इसकी शुरुआत की जायेगी. नालों की उड़ाही, सफाई एवं सुदृढ़ीकरण करने के अलावा सार्वजनिक स्थलों पर सफाई की विशेष व्यवस्था करने के मद में यह राशि खर्च की जायेगी.

आठ लाख से 27 लाख तक की राशि स्वीकृत की गयी

इन 29 नगर पंचायतों को सफाई मद में पैसा दिया गया है. उनको आठ लाख से करीब 27 लाख तक की राशि स्वीकृत की गयी है. भोजपुर की कोइलवर नगर पंचायत को आठ लाख 95 हजार और सबसे अधिक नगर पंचायत बलिया को 27 लाख 89 हजार की राशि दी गयी है.

कटिहार की नगर पंचायत बारसोई को 15 लाख, पटना के मनेर को 19 लाख 68 हजार, बिक्रम नगर पंचायत को 12 लाख 51 हजार व भोजपुर की बिहियां नगर पंचायत को 13 लाख 27 हजार की राशि स्वीकृत है. इसके अलावा रोहतास, नालंदा, औरंगाबाद, नवादा, सीतामढ़ी, मुजफ्फरपुर, वैशाली, शिवहर, पूर्वी चंपारण, मधुबनी, खगड़िया, बेगूसराय, सारण, गोपालगंज, सुपौल, अररिया, किशनगंज आदि जिलों की कई नगर पंचायतों को भी राशि दी गयी है.

क्या है लैंडफिल साइट

लैंडफिल साइट वह जगह है जहां कचरा संग्रह किया जाता हो. इसके बाद इसे जैविक या गैसिफिकेशन के माध्यम से कचरे को जमीन के भीतर ही नष्ट कर दिया जाता है. नगर निकायों में इसके लिए स्थान चिह्नित किया जाता है. जो शहर के बाहर होता हो. इसके विकास व क्रय के लिए राशि जारी की गयी है.

Posted by Ashish Jha

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन