bhagalpur news. कवि गोष्ठी में सामाजिक संवेदनाओं से जुड़े रचनाओं का रहा बोलबाला

Author Atul kumar
Updated:
विज्ञापन
bhagalpur news. कवि गोष्ठी में सामाजिक संवेदनाओं से जुड़े रचनाओं का रहा बोलबाला

हास्य-व्यंग्य की साहित्यिक संस्था बगुला मंच द्वारा इशाकचक लालूचक अंगारी में कवि गोष्ठी आयोजित की गयी. इसकी अध्यक्षता डॉ प्रेमचंद पांडे ने की,

विज्ञापन

हास्य-व्यंग्य की साहित्यिक संस्था बगुला मंच द्वारा इशाकचक लालूचक अंगारी में कवि गोष्ठी आयोजित की गयी. इसकी अध्यक्षता डॉ प्रेमचंद पांडे ने की, जबकि कार्यक्रम में प्रसिद्ध कथाकार उमाकांत भारती मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. संचालन संस्था के सचिव धीरज पंडित ने किया. कार्यक्रम की शुरुआत इकराम हसैन शाद ने सरस्वती वंदना ‘मां सरस्वती सुखदायनी’ से की. इसके बाद कवियाठ प्रीतम विश्वकर्मा ने ‘चहुं दिस पानी के बहार अइलै, कोना रे कोना सं बौछार अइलै’ कविता के जरिए बाढ़ की विभीषिका को रेखांकित किया. कवि व गायक संजीव कुमार झा ने लोकगीत ‘हम नै सहबै कौनो दुखवा पिया हम अलगै रहबै ना’ सुनाकर सामाजिक मानसिकता को उजागर किया.

संचालन कर रहे धीरज पंडित ने अपनी पंक्तियों ‘रब ने ये रस्ता बनाया मजेदार है, चलना संभलके की आगे सुबेदार है’ से समरसता का संदेश दिया. वहीं कवि विनोद कुमार राय ने ‘सहना सीखो कहना सीखो, बड़ों के आगे झुकना सीखो’ सुनाकर खूब तालियां बटोरी. मुख्य अतिथि उमाकांत भारती ने शहीदों के कर्तव्यों पर आधारित रचना पेश कर उपस्थित लोगों को भावुक किया. गोष्ठी में डॉ केके मंडल, त्रिलोकी नाथ दिवाकर, शंकर कुमार यादव, गणेश ठाकुर अकेला, सोहन मंडल समेत कई कवियों ने अपनी रचनाओं का पाठ किया अंत में धन्यवाद ज्ञापन विनोद कुमार राय ने किया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Atul Kumar

लेखक के बारे में

By Atul Kumar

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन