पति की हत्या के पांच दिन बाद पत्नी की भी संदिग्ध मौत, रेलवे ट्रैक पर मिला शव

Updated:
विज्ञापन
पति की हत्या के पांच दिन बाद रेलवे ट्रैक पर मिली पत्नी की लाश

पश्चिम चंपारण में एक ही परिवार में पांच दिनों के भीतर दूसरी मौत ने सनसनी फैला दी है. पहले पति की गला रेतकर हत्या हुई, और अब उसकी 22 वर्षीय पत्नी का शव रेलवे ट्रैक पर मिला है.

विज्ञापन

West Champaran News: पश्चिम चंपारण के मनुआपुल थाना क्षेत्र में एक ही परिवार में पांच दिनों के भीतर दूसरी मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं. पति की हत्या के महज पांच दिन बाद उसकी 22 वर्षीय पत्नी रानी खातून का शव सोमवार दोपहर बेतिया-नरकटियागंज रेलखंड पर कुड़िया कोठी के पास रेलवे ट्रैक से बरामद हुआ.

घटना की सूचना मिलने पर रेल पुलिस और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची. शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच भेज दिया गया.

पति की हत्या के बाद सदमे में थी रानी

मृतका की पहचान मेहदियाबारी निवासी स्व. असलम हुसैन की पत्नी रानी खातून (22) के रूप में हुई है.

परिजनों के अनुसार, प्रेम विवाह के बाद रानी अपने पति के साथ मेहदियाबारी स्थित अपनी नानी सैयदा खातून के घर रह रही थी. उनका कहना है कि पति की हत्या के बाद वह गहरे सदमे और मानसिक तनाव में थी. परिजनों का अनुमान है कि इसी कारण उसने यह कदम उठाया होगा.

हालांकि, पुलिस ने अभी मौत के कारण की पुष्टि नहीं की है.

पहले हुई थी पति की हत्या

गत बुधवार को रानी के पति असलम हुसैन का शव बेतिया-चनपटिया मुख्य मार्ग पर एक सरकारी स्कूल के पास सड़क किनारे मिला था. उसकी गला रेतकर हत्या की गई थी.

असलम मूल रूप से गौनाहा थाना क्षेत्र के वार्ड संख्या सात निवासी जाकिर हुसैन का पुत्र था और राजमिस्त्री का काम करता था.

हत्या के मामले में दो आरोपी पहले ही गिरफ्तार

असलम के पिता ने प्रेम विवाह से नाराज लड़की पक्ष के कुछ लोगों पर हत्या का आरोप लगाया था. उनका कहना था कि बेटे को पहले भी जान से मारने की धमकियां मिल चुकी थीं.

पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगी स्थिति स्पष्ट

पुलिस का कहना है कि रानी खातून की मौत के वास्तविक कारण का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा. फिलहाल सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है.

अगर आप या आपका कोई परिचित मानसिक तनाव, अवसाद या आत्महत्या जैसे विचारों से जूझ रहा है, तो किसी भरोसेमंद व्यक्ति, परिवार के सदस्य या मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से तुरंत बात करें. समय पर मदद मिलना बेहद महत्वपूर्ण हो सकता है.


विज्ञापन
अवध किशोर तिवारी

लेखक के बारे में

By अवध किशोर तिवारी

अवध किशोर तिवारी तीन दशक से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. इन्होंने हिंदी दैनिक राष्ट्रीय सहारा के दिल्ली संस्करण से करियर की शुरुआत की. वर्तमान में वर्ष 2018 से प्रभात खबर के बेतिया ब्यूरो कार्यालय से जुड़े हैं. सामाजिक, अपराध, राजनीतिक एवं जनसरोकार से जुड़ी खबरों पर उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन