विरोध: सेविकाओं-सहायिकाओं का प्रदर्शन, रमेश चौक पर दो घंटे जाम, थम गया शहर
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :11 Apr 2017 11:32 AM (IST)
विज्ञापन

औरंगाबाद शहर: आंगनबाड़ी की लुंजपुंज व्यवस्था को दुरुस्त करने, स्थायी नौकरी और वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर जिले भर की आंगनबाड़ी सेविका व सहायिकाओं ने सोमवार को शहर में बवाल काटा. दो घंटे से अधिक समय तक शहर के प्रमुख रमेश चौक को चारों तरफ से जाम कर सरकार विरोधी नारे लगाये. बिहार राज्य […]
विज्ञापन
औरंगाबाद शहर: आंगनबाड़ी की लुंजपुंज व्यवस्था को दुरुस्त करने, स्थायी नौकरी और वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर जिले भर की आंगनबाड़ी सेविका व सहायिकाओं ने सोमवार को शहर में बवाल काटा. दो घंटे से अधिक समय तक शहर के प्रमुख रमेश चौक को चारों तरफ से जाम कर सरकार विरोधी नारे लगाये. बिहार राज्य आंगनबाड़ी कर्मचारी यूनियन के तत्वावधान में लगभग 700 की संख्या में आंगनबाड़ी सेविका व सहायिका आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन करते हुए रमेश चौक पहुंची और फिर चौक के चारों तरफ से एक शृंखला बना कर अपनी आवाज बुलंद की.
तीन हजार में दम नहीं, 18 हजार से कम नहीं : आंगनबाड़ी संघ के कई विंग से जुड़ी महिलाएं आंदोलन में शामिल थी. तीन हजार में दम नहीं, 18 हजार से कम नहीं, सरकारी कर्मचारी का दर्जा दो और मानदेय के बदले वेतन व आठ घंटा काम की समयसीमा निर्धारित करो, जैसी 18 मांगों को लेकर सेविकाओं ने आवाज लगायी. सेविका व सहायिकाओं के प्रदर्शन से पूरा शहर ठहर सा गया. मुख्य पथ पुराने जीटी रोड पर छोटे-बड़े वाहन जाम में फंसे रहे. स्कूली बच्चे भी जाम से परेशान रहे. अस्पताल जानेवाले मरीजों के परिजन भी परेशान रहे. सड़क जाम व प्रदर्शन की सूचना पाकर नगर थानाध्यक्ष राजेश वर्णवाल, महिला थानाध्यक्ष कुमारी शकुंतला, दारोगा आदित्य कुमार मौके पर पहुंचे और सेविकाओं और सहायिकाओं को समझाने-बुझाने का प्रयास शुरू कर दिया, लेकिन सभी आंदोलनकारी महिलाएं जिलाधिकारी व जिला प्रोग्राम पदाधिकारी को बुलाने पर अड़ी थीं.
कई बार तो माहौल बिगड़ते-बिगड़ते बचा. नगर थानाध्यक्ष के प्रयास से आंदोलनकारी बहुत हद तक शांत हुए और फिर आखिर में आंदोलनकारियों ने सामूहिक रूप से अपनी गिरफ्तारी दी. हालांकि, जाम व प्रदर्शन के दौरान आंदोलनकारियों ने कुछ हद तक स्कूली बसों को रियायत दी. आंदोलन में चंद्रावती देवी, विंदेश्वर सिंह, शांति देवी, रंजीत कुमार सिंह, मुनी देवी, सुषमा कुमारी, सबिता कुमारी, पद्मावती कुमारी, इंदु कुमारी, साधना कुमारी, रेखा कुमारी, पूनम कुमारी आदि उपस्थित थे.
गीतों के माध्यम से रखी अपनी मांगें
गोवा, तेलंगाना की तरह बिहार सरकार भी 7000 हजार रुपये सेविका और 4500 सहायिका को अतिरिक्त प्रोत्साहन मानदेय राशि दे. आंगनबाड़ी सेविका-सहायिकाओं को सरकारी कर्मचारी का दर्जा देते हुए सेविका को क्लास तीन और सहायिका को क्लास चार के रूप में समायोजित किया जाये. इसके अलावा और भी कई मांगें सेविका, सहायिका ने रखीं. सेविकाओं व सहायिकाओं ने अपनी मांगों को गीतों में पिरो कर आते-जाते लोगों का ध्यान अपनी परेशानियों की ओर आकृष्ट कराया.
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




