रिमांड पर लिये गये तीनों अपराधियों ने कबूला जुर्म पेट्रोल पंप लूटकांड

Updated:
विज्ञापन

लूट की शेष राशि मोनू जायसवाल के घर पर ही रखी गयी थी पूछताछ के बाद तीनों आरोपितों को पुन: भेजा न्यायिक हिरासत में अररिया : 14 अप्रैल को नरपतगंज के पलासी स्थित एचपी व हड़ियाबारा पेट्रोल पंप पर किये गये लूटकांड के तीनों आरोपियों को पुलिस ने मंगलवार की देर शाम रिमांड पर लिया […]

विज्ञापन

लूट की शेष राशि मोनू जायसवाल के घर पर ही रखी गयी थी

पूछताछ के बाद तीनों आरोपितों को पुन: भेजा न्यायिक हिरासत में
अररिया : 14 अप्रैल को नरपतगंज के पलासी स्थित एचपी व हड़ियाबारा पेट्रोल पंप पर किये गये लूटकांड के तीनों आरोपियों को पुलिस ने मंगलवार की देर शाम रिमांड पर लिया था. तीनों आरोपित सुभान मिया, विक्की यादव व मोनू जायसवाल से अररिया नगर थाना में अररिया, जोगबनी, फारबिसगंज, नरपतगंज व अररिया आरएस ओपी ने घंटों पूछताछ किया. पूछताछ के बाद बुधवार को पुन: तीनों आरोपितों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. जानकारी अनुसार पुलिसिया पूछताछ में तीनों आरोपियों ने एक साथ दोनों ही पंप में लूट की घटना में अपनी संलिप्तता को स्वीकार किया है.
पुलिसिया पूछताछ में अपराधियों द्वारा दिये गये स्वीकारोक्ति ब्यान की अधिकारिक पुष्टि तो नहीं की जा रही है. लेकिन सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार लूटकांड की घटना को अंजाम देने के लिए प्रयोग किया अपाची बाइक सुभान मिया का था. सुभान मिया, विक्की यादव व मोनू जयसवाल फारबिसगंज में ही एकत्रित हुए. इसके बाद नरपतगंज के पलासी स्थित राघव लाल दास के पेट्रोल पंप पर लूट की योजना के साथ रंगदारी मांगे जाने की रणनीति तैयार किया. वे उक्त पंप पर लूट की घटना को अंजाम देकर वहां से निकले. लेकिन लूट की राशि कम थी. इसलिए पुन: दूसरे पंप पर लूटकांड की घटना को अंजाम देने की रणनीति तैयार की. वे वहां से निकले.
हालांकि फारबिसगंज थाना क्षेत्र में भीड़-भाड़ होने के कारण अपराध नहीं करने की बात कही. वहीं ढोलब्बजा के पास स्थित पंप को नहीं लूटे जाने का कारण विक्की यादव ने कहा कि वह रिश्तेदार का पंप है, इसलिए नहीं लूटा. इधर हड़ियाबारा पहुंचा तो वहां उनका साथी शातिर सुभान मियां ग्रामीणों के गिरफ्त में आ गया. विक्की व मोनू जयसवाल वहां से भागे. दोनों ही पंप से कुल 2 लाख 66 हजार रुपये लूटे जाने की बात पंप संचालकों द्वारा कही गयी थी. इसमें से अब तक 20 हजार सुभान मियां व 11 सौ रुपये विक्की के पास से बरामद किया गया है.
जबकि घटना के बाद व सुभान मियां की गिरफ्तारी के बाद विक्की व मोनू ने कुढैली के पास एक आम के बगीचे में कुछ रुपये बाटने के बाद शेष रुपये मोनू को देकर वे दोनों चले गये. इस बीच मोनू खगड़िया जिला स्थित अपने ननिहाल परबत्ता चला गया. विक्की भी पटना भाग गया.
जहां से विक्की पूर्णिया व फारबिसगंज पहुंचा. अररिया में आपराधिक वारदात को अंजाम देने के चक्कर में 19 मई को वह अररिया नगर थाना पुलिस के हत्थे चढ़ गया. हालांकि शातिर विक्की अपने बयान को बार-बार बदल भी रहा है. इधर मोनू जायसवाल ने 19 मई को ही कोर्ट में सरेंडर कर दिया. इसके अलावा भी तीनों अपराधियों ने कई मामलों का खुलासा पुलिस के समक्ष किया. पुलिस स्पीडी ट्रायल के तहत तीनों अपराधियों को सजा दिलाने की दिशा में काम कर रही है.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन