निगरानी के लिए हर साल खर्च हो रहे 16 करोड़, फिर भी 120 टीवी चोरी, माध्यमिक स्कूलों में लगेंगे 90 हजार की टीवी
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 09 Oct 2021 9:42 AM
Bihar News: कोविड काल में प्रदेश के 120 माध्यमिक स्कूलों में हाइटेक टीवी सिस्टम चोरी हो चुके हैं. इनकी प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है. ऐसे में स्मार्ट क्लास संचालन के लिए बिहार उन्नयन योजना के तहत अब तक 88 स्कूलों में 90-90 हजार रुपये दोबारा देने पड़े हैं.
Bihar News: कोविड काल में प्रदेश के 120 माध्यमिक स्कूलों में हाइटेक टीवी सिस्टम चोरी हो चुके हैं. इनकी प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है. ऐसे में स्मार्ट क्लास संचालन के लिए बिहार उन्नयन योजना के तहत अब तक 88 स्कूलों में 90-90 हजार रुपये दोबारा देने पड़े हैं. इन पैसों से 60 हजार का एलइडी टीवी, बैटरी, इन्वर्टर और दूसरे उपकरण खरीदे जाने हैं. शेष 32 स्कूलों में दोबारा उपकरण खरीदने के लिए पैसे देने पर मंथन जारी है.
आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक अब स्कूल खुलने शुरू हुए हैं. ऐसे में स्कूलों में चोरी की वारदात फिर शुरू हुई है. दरअसल स्मार्ट क्लास से जुड़े उपकरणों की सुरक्षा बड़ी चुनौती साबित हो रही है. प्रदेश में 6337 माध्यमिक स्कूलों में रात्रि प्रहरी की तैनाती की मांग आयी है. 5864 स्कूलों में रात्रि प्रहरी तैनात हो चुके हैं.
शेष स्कूलों में मांग के बाद भी रात्रि प्रहरी नियुक्त नहीं हो पा रहे हैं. स्मार्ट क्लास की सुरक्षा के लिए राज्य सरकार को वित्तीय वर्ष 2020-21 में 16.45 करोड़ की राशि खर्च करनी पड़ी है. हालांकि बिहार शिक्षा परियोजना ने इसके लिए 17 करोड़ से अधिक की मांग की थी. यह पैसा उन स्कूलों के लिए दिया जा रहा है,जहां विद्यालय प्रबंधन समिति नहीं है. जहां समिति है, रात्रि प्रहरी का खर्च स्वयं उठाती है.
स्कूल प्रबंधन समिति भी साबित हो रही नाकाफी
दरअसल स्कूलों में रात्रि प्रहरी रखने में स्कूल प्रबंधन समिति भी नाकाफी साबित हो रही है. जिन समितियों में जनप्रतिनिधि भी सदस्य हैं, वहां रात्रि प्रहरी बनने के लिए पैरोकारी चल रही है. यही वजह कि वहां रात्रि प्रहरी नहीं बन पा रहे हैं, क्योंकि जन प्रतिनिधियों के सामने संकट खड़ा हो गया है कि वह किसके नाम की सिफारिश करें.
फिलहाल कोविड काल के दो सालों से करीब नौ हजार माध्यमिक विद्यालयों में ठप पड़े स्मार्ट क्लास को शुरू करने की कवायद एक बार फिर की जा रही है. 10 वीं कक्षा के पाठ्यक्रम के मुताबिक इ-कंटेंट स्कूलों को भेजे गये हैं. कक्षा नौ के क्लास के लिए इ-कंटेंट भी तैयार किये जा रहे हैं. इस बार डिजिटल कंंटेंट के अलावा कुछ लाइव क्लास भी हो रहे हैं. इसमें चुनिंदा विषयों के विशेषज्ञ शिक्षकों के क्लास की वीडियो रिकाॅर्डिंग करा कर भेजी गयी है.
बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के वरिष्ठ राज्य कार्यक्रम पदाधिकारी किरण कुमारी ने कहा कि जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र लिख कर पूछा गया है कि स्मार्ट क्लास संचालन के लिए कुछ और जरूरी उपकरण की जरूरत हो तो वह मांग सकते हैं. स्मार्ट क्लास के लिए इ-कंटेंट व डिजिटल मोड में सामग्री उपलब्ध करायी जा रही है.
Posted by: Radheshyam Kushwaha
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










