कोलकाता : आईपीएल के चेयरमैन राजीव शुक्ला ने विवादों से घिरे इस लीग को ठोस करार देते हुए आज यहां कहा कि यह प्रतियोगिता कम से कम आठ टीमों के साथ मजबूत वापसी करेगी.शुक्ला से चेन्नई सुपरकिंग्स और राजस्थान रायल्स के दो साल के लिए निलंबित होने के कारण आईपीएल के भविष्य और टीमों की संख्या को लेकर कई सवाल किये गये.
उन्होंने कहा, हम आईपीएल को लेकर हमेशा सोचते हैं और मैं आपको आश्वस्त करता हूं कि अगला टूर्नामेंट बेहद सफल होगा. आईपीएल एक ठोस उत्पाद है और इस फैसले ( टीमों के निलंबन ) से एक उत्पाद के रूप में आईपीएल को प्रभावित नहीं होना चाहिए. हमारा विचार टूर्नामेंट को उसके पूरे प्रारूप में आयोजित करने का है जिसमें कम से कम आठ टीमें होंगी.
हम छह टीमों के साथ टूर्नामेंट का आयोजन नहीं कर सकते हैं. शुक्ला ने कहा कि आईपीएल के लिए कई तरह के विकल्प खुल है जिन पर मुंबई में रविवार को संचालन परिषद की बैठक में विचार किया जायेगा. इनमें एक विकल्प दोनों निलंबित टीमों को बीसीसीआई के नियंत्रण में चलाना है.
उन्होंने कहा, कई विकल्प मौजूद है और हम इन सब पर रविवार को बैठक मेंचर्चा करेंगे. एक विकल्प यह है कि बीसीसीआई दोनों टीमों का संचालन करे और जिम्मदार व्यक्तियों को इस काम के लिए नियुक्त किया जाये. बीसीसीआई के चेन्नई और रायल्स पर नियंत्रण के बाद हितों के संभावित टकरावों के बारे में शुक्ला से पूछा गया तो उन्होंने कहा, .हितों के टकराव का कोई सवाल पैदा नहीं होता है. आईपीएल भी तो बीसीसीआई की देखरेख में चलता है. दो मुख्य क्षेत्र हैं, इनमें से एक खिलाड़ियों की नीलामी है जो पारदर्शी होती है और दूसरा टीमों का प्रबंधन.
विश्वसनीय व्यक्तियों को प्रबंधन के काम के लिए नियुक्त किया जा सकता है. कोच्चि फ्रेंचाइजी की वापसी के संबंध में पूछे गये सवाल पर उन्होंने कहा, .न्यायधीश ने अपना फैसला सुना दिया है और हम कानूनी राय लेने के बाद अपील करेंगे. मैं इससे अधिक कुछ नहीं कह सकता क्योंकि यह मामला अभी अदालत में है. . शुक्ला से जब पूछा गया कि क्या चेन्नई और रायल्स पर आजीवन प्रतिबंध लगाया जा सकता है तो उन्होंने कोई टिप्पणी नहीं की.
उन्होंने कहा कि संचालन परिषद रविवार को लोढा समिति की रिपोर्ट पर विचार विमर्श करेगी. शुक्ला ने कहा, हम बैठक में उनकी रिपोर्ट पर विचार करेंगे. इसके बाद उप समिति का गठन किया जायेगा जो रिपोर्ट का अध्ययन करेगी. इस आधार पर हम फैसला करेंगे कि रिपोर्ट को कैसे लागू किया जायेगा.

