Gayatri Jayanti 2025 आज, जानिए पूजा विधि और महत्व

Updated at : 06 Jun 2025 10:12 AM (IST)
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Gayatri Jayanti 2025 today

Gayatri Jayanti 2025 today

Gayatri Jayanti 2025 : गायत्री जयंती हर वर्ष ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को मनाई जाती है. मान्यता है कि इसी पावन दिन मां गायत्री का प्राकट्य हुआ था. हिंदू धर्म में देवी गायत्री को ‘देवमाता’ कहा जाता है, क्योंकि चारों वेद, शास्त्र और श्रुतियां इन्हीं से उत्पन्न मानी गई हैं.

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Gayatri Jayanti 2025: आज 6 जून 2025 को गायत्री जयंती मनाई जा रही है. गायत्री जयंती, मां गायत्री को समर्पित एक प्रमुख हिन्दू पर्व है. उन्हें वेदों की देवी और गायत्री मंत्र की अधिष्ठात्री शक्ति माना जाता है. यह दिन ज्ञान, बुद्धि और आध्यात्मिक जागरण का प्रतीक होता है, विशेष रूप से विद्यार्थियों के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है. मान्यता है कि इस दिन श्रद्धा से गायत्री मंत्र का जाप करने से जीवन से अज्ञान का अंधकार और नकारात्मकता दूर होती है, और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है.

मां गायत्री की पूजा विधि (Gayatri Puja Vidhi)

मां गायत्री की उपासना को सभी परिस्थितियों में कल्याणकारी माना गया है. हालांकि जब यह पूजा शुद्ध मन, श्रद्धा और न्यूनतम कर्मकांडों के साथ विधिवत रूप से की जाती है, तब इसका फल अत्यंत लाभकारी होता है. प्रतिदिन प्रातः स्नान आदि से निवृत्त होकर एक निश्चित स्थान पर, निश्चित समय पर सुखासन में बैठकर नियमित रूप से मां गायत्री की पूजा करनी चाहिए. साथ ही कम से कम तीन बार गायत्री मंत्र का जाप अवश्य करें.

मां गायत्री की पूजा विधि इस प्रकार है

  • पंचकर्म से शुरुआत करें: शरीर और मन की पवित्रता के लिए पवित्रीकरण, आचमन, शिखावंदन, प्राणायाम और न्यास करें.
  • मां का आह्वान करें: देवी गायत्री की प्रतिमा या चित्र के सामने बैठें और उन्हें श्रद्धा से स्मरण कर उस स्वरूप में अवतरित मानें.
  • पूजन सामग्री अर्पित करें: मां को जल, अक्षत, फूल, धूप-दीप और नैवेद्य अर्पित करें.
  • मंत्र जाप करें: आंखें बंद करके मन, वचन और आत्मा से मां का ध्यान करें. फिर तीन माला गायत्री मंत्र का जाप करें, या कम से कम 15 मिनट तक उच्चारण करें. ध्यान रखें, मंत्र का उच्चारण इतना धीमा हो कि पास बैठा व्यक्ति भी उसे न सुन सके, लेकिन आपके होंठ अवश्य हिलते रहें.
  • गायत्री पूजा में निष्ठा और नियमितता का विशेष महत्व है. यह साधना न केवल मानसिक शांति देती है, बल्कि आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग भी प्रशस्त करती है.

गायत्री जयंती का महत्व

गायत्री मंत्र को हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र और प्रभावशाली माना गया है. मान्यता है कि गायत्री जयंती के दिन मां गायत्री की पूजा करने से भक्तों की सभी इच्छाएं पूर्ण होती हैं. इस दिन श्रद्धा से किए गए गायत्री मंत्र के जाप से न केवल मानसिक शांति मिलती है, बल्कि स्वास्थ्य में भी सकारात्मक सुधार देखने को मिलता है.

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Shaurya Punj

लेखक के बारे में

By Shaurya Punj

मैंने डिजिटल मीडिया में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव हासिल किया है. पिछले 6 वर्षों से मैं विशेष रूप से धर्म और ज्योतिष विषयों पर सक्रिय रूप से लेखन कर रहा हूं. ये मेरे प्रमुख विषय हैं और इन्हीं पर किया गया काम मेरी पहचान बन चुका है. हस्तरेखा शास्त्र, राशियों के स्वभाव और उनके गुणों से जुड़ी सामग्री तैयार करने में मेरी निरंतर भागीदारी रही है. रांची के सेंट जेवियर्स कॉलेज से मास कम्युनिकेशन में स्नातक की डिग्री प्राप्त करने के बाद. इसके साथ साथ कंटेंट राइटिंग और मीडिया से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में काम करते हुए मेरी मजबूत पकड़ बनी. इसके अलावा, एंटरटेनमेंट, लाइफस्टाइल और शिक्षा जैसे विषयों पर भी मैंने गहराई से लेखन किया है, जिससे मेरी लेखन शैली संतुलित, भरोसेमंद और पाठक-केंद्रित बनी है.

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