डेवलपमेंट फंड के इस्तेमाल में ईमानदारी बरतें
Updated at : 28 Apr 2017 6:05 AM (IST)
विज्ञापन

वर्षों से हमारा देश आतंकवाद और नक्सलवाद से ग्रस्त है़. आतंकवाद तो बाहरी तत्वों द्वारा प्रायोजित है, पर नक्सलवाद हमारी आंतरिक राजनीतिक विफलता है. राजनीतिक दलों का उद्देश्य सिर्फ चुनाव जीतना रह गया है. गरीबी और बेरोजगारी ने नक्सलवाद को जन्म दिया है. इसका जिम्मेवार हमारा भ्रष्ट शासन तंत्र है. सुकमा में हमारे बहादुर जवान […]
विज्ञापन
वर्षों से हमारा देश आतंकवाद और नक्सलवाद से ग्रस्त है़. आतंकवाद तो बाहरी तत्वों द्वारा प्रायोजित है, पर नक्सलवाद हमारी आंतरिक राजनीतिक विफलता है. राजनीतिक दलों का उद्देश्य सिर्फ चुनाव जीतना रह गया है.
गरीबी और बेरोजगारी ने नक्सलवाद को जन्म दिया है. इसका जिम्मेवार हमारा भ्रष्ट शासन तंत्र है. सुकमा में हमारे बहादुर जवान शहीद हो गये, पर कैसी विडंबना है कि हमारी सरकार कुछ नहीं कर पा रही है. सरकार के द्वारा रटा-रटाया बयान आता है कि जवानों की शहादत बेकार नहीं जायेगी, मगर वास्तव में होता क्या है?
सरकार से आग्रह है अब तो विकास की इच्छाशक्ति दिखाए. सिर्फ चुनाव जीतने के लिए विकास के झूठे सपने दिखाने बंद करे. सरकार कहती है, कल्याणकारी योजनाओं के लिए करोड़ों का फंड जारी किया गया है, पर फंड जाता कहां है? इस पर सरकार सोंचे. केवल नक्सलियों को कोसने से कुछ नहीं होगा.
धीरज कुमार, रांची
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




