नफरत की राजनीति बंद करे पाकिस्तान
Published by :Prabhat Khabar Digital Desk
Published at :03 Sep 2015 12:10 AM (IST)
विज्ञापन

भारत की आजादी के समय ऐसी परिस्थितियां बनीं, जिससे भारत-पाकिस्तान का बंटवारा हुआ. एक ही परिवार के दो सदस्यों के बीच सरहद के नाम की लकीर खींच दी गयी. हालांकि, बंटवारे का दर्द कई वर्षो तक बड़ी आबादी ने ङोला. आशा थी कि इस विप्लवकारी विभाजन के बाद दो राष्ट्र अमन,चैन और शांति के साथ […]
विज्ञापन
भारत की आजादी के समय ऐसी परिस्थितियां बनीं, जिससे भारत-पाकिस्तान का बंटवारा हुआ. एक ही परिवार के दो सदस्यों के बीच सरहद के नाम की लकीर खींच दी गयी. हालांकि, बंटवारे का दर्द कई वर्षो तक बड़ी आबादी ने ङोला.
आशा थी कि इस विप्लवकारी विभाजन के बाद दो राष्ट्र अमन,चैन और शांति के साथ रहेंगे. दुर्भाग्यवश, विभाजन के बाद भी सब कुछ ठीक नहीं है. पाकिस्तान आज भी अशांत है. सीमा पर माहौल खराब कर दहशत फैलाता रहता है. समझ नहीं आता कि आखिर पाकिस्तान चाहता क्या है? पाकिस्तान अपनी जमीन पर आतंकियों को प्रशिक्षित कर भारत में अशांति फैलाने का काम करता रहता है.
कश्मीर को लेकर गंदी राजनीति करने से भी बाज नहीं आता. ऐसा करना पाकिस्तान के लिए भी बेहतर साबित नहीं हो रहा है. वहीं आतंकी भी हमले का शिकार होता रहा है. इसके बाद भी उसकी नींद नहीं खुल रही है. यहां तक कि भारत के साथ रूटीन बातचीत में भी आतंक को शामिल नहीं करना चाहता.
सुधीर कुमार, इ-मेल से
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
विज्ञापन
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए
विज्ञापन




