Lok Sabha: तीन बार सांसद, दूसरी बार बन सकते हैं लोकसभा अध्यक्ष, जानिए कौन हैं ओम बिरला

Published by : Pritish Sahay Updated At : 25 Jun 2024 6:21 PM

विज्ञापन

Lok Sabha, Om Birla

Lok Sabha: एनडीए ने स्पीकर पद के लिए ओम बिरला को अपना उम्मीदवार बनाया है.कोटा से सांसद ओम बिरला को पर्दे के पीछे रहकर संगठन के लिए काम करने वाला नेता के तौर पर जाना जाता है. अगर वो चुनाव जीत जाते हैं तो वह दो दशक से अधिक समय में इस पद पर दोबारा आसीन होने वाले पहले व्यक्ति होंगे.

विज्ञापन

Lok Sabha: लोकसभा के अध्यक्ष पद के लिए कल यानी बुधवार (26 जून) को चुनाव होगा. एनडीए ने स्पीकर पद के लिए ओम बरिला को उम्मीदवार बनाया है. ओम बिरला राजस्थान के कोटा से बीजेपी सांसद हैं. वो तीसरी बार सांसद चुने गये हैं. अगर वो चुनाव जीत जाते हैं तो वह दो दशक से अधिक समय में इस पद पर दोबारा आसीन होने वाले पहले व्यक्ति होंगे. उन्होंने राजस्थान के कोटा से कांग्रेस उम्मीदवार प्रह्लाद गुंजल को हराकर यह सीट जीती है. बता दें प्रह्लाद गुंजल बीजेपी से कांग्रेस में चले गये थे. बिरला ने गुंजल को 41 हजार से अधिक वोटों से हराकर कोटा लोकसभा सीट से जीत हासिल की है.

एनडीए ने बनाया स्पीकर पद का उम्मीदवार
ओम बिरला को मंगलवार को एनडीए ने सर्वसम्मति से लोकसभा अध्यक्ष का उम्मीदवार बनाया है. यदि वह बुधवार को हुए मतदान में जीत जाते हैं तो दो दशक से अधिक समय में वह इस पद पर दोबारा आसीन होने वाले पहले व्यक्ति होंगे. वहीं इंडिया गठबंधन ने ओम बिरला के खिलाफ के सुरेश को मैदान में उतारा है. के सुरेश का पूरा नाम कोडिकुनिल सुरेश है. वो कांग्रेस के सांसद हैं. के सुरेश ने मंगलवार को स्पीकर पद के लिए विपक्ष की ओर से नामांकन दाखिल किया है.

कौन हैं ओम बिरला
कोटा से सांसद ओम बिरला को पर्दे के पीछे रहकर संगठन के लिए काम करने वाला नेता के तौर पर जाना जाता है. उन्होंने साल 1991 से 2003 तक भाजपा की युवा शाखा के लिए काम किया और इस दौरान भाजपा के आम कार्यकर्ता से लेकर बड़े नेताओं के संपर्क में आए. 2019 में सबको चौंकाते हुए लोकसभा अध्यक्ष के लिए उनका नाम प्रस्तावित किया गया. बिरला पहले ऐसे लोकसभा अध्यक्ष हैं जिनके कार्यकाल में कोई लोकसभा उपाध्यक्ष नहीं चुना गया. बिरला के नाम संसद के पुराने और नये दोनों भवनों में लोकसभा की अध्यक्षता करने का रिकॉर्ड भी दर्ज है.

कई घटनाओं के लिए सुर्खियों में रहा है कार्यकाल
17वीं लोकसभा में ओम बिरला का कार्यकाल काफी सुर्खियों में रहा. उनके अध्यक्ष रहने के दौरान तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा को सदन से निष्कासित किया गया. इसके अलावा बहुत सारे सांसदों को सदन से निलंबित किए जाने के कारण भी उनका कार्यकाल सुर्खियों में रहा था. सत्रहवीं लोकसभा के दौरान ही 2023 में नयी संसद का उद्घाटन हुआ और नये लोकसभा कक्ष में बिरला ने अध्यक्ष के रूप में निचले सदन की कार्यवाही का संचालन किया.

कई अहम कामों का गवाह बना ओम बिरला का कार्यकाल
ओम बिरला का पिछला कार्यकाल कई मायनों से अहम रहा था. उनके कार्यकाल के दौरान संसद में अनुच्छेद 370 को खत्म किया गया. इसके अलावा नागरिकता संशोधन कानून लागू होने, तीन आपराधिक कानून लागू होने समेत कई और अहम विधायी कामकाज हुए. बता दें, बिरला के लिए कोटा जन्मभूमि और कर्मभूमि दोनों रही है. उन्होंने स्कूली शिक्षा कोटा के गुमानपुरा राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय से की और उसके बाद बाद राजस्थान विश्वविद्यालय से बी कॉम तथा एम कॉम किया. भाषा इनपुट के साथ

Also Read: Pune Porsche Accident: पोर्श कांड मामले में नाबालिग आरोपी को बड़ी राहत, बॉम्बे हाई कोर्ट ने दी बेल

विज्ञापन
Pritish Sahay

लेखक के बारे में

By Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola