दिल्ली के अस्पतालों में अब नहीं होगा बाहरियों का इलाज ? जानें, क्या है कारण...

Chennai: Medics after collecting swab samples for COVID-19 test of passengers arriving from Delhi by train, during the nationwide lockdown, in Chennai, Saturday, June 6, 2020. (PTI Photo)(PTI06-06-2020_000157A)
दिल्ली सरकार की एक कमेटी ने सुझाव दिया है कि कोविड-19 संकट के मद्देनजर शहर के स्वास्थ्य ढांचे का इस्तेमाल केवल राष्ट्रीय राजधानी के निवासियों के उपचार में होना चाहिए. डॉ. महेश वर्मा के नेतृत्व वाली कमेटी ने सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है. इसमें कहा गया है कि अगर दिल्ली का स्वास्थ्य ढांचा बाहर के लोगों के लिए खुला रहा तो तीन दिन में सारे बेड भर जाएंगे.
नयी दिल्ली : देश की राजधानी दिल्ली में कोरोना वायरस के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है. यहां कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 26334 हो गयी है, जिसमें 15311 एक्टिव केस और 10315 लोग कोरोना से ठीक होकर घर लौट चुके हैं. बढ़ते संक्रमण के बीच दिल्ली के अस्पतालों में अब बाहरियों की एंट्री पर रोक लगाने की बात होने लगी है. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कुछ दिनों पहले ही इस बात को लेकर राय मांगी थी. अब दिल्ली सरकार की एक कमेटी ने भी इसको लेकर सुझाव दे दिया है, जिसमें कहा गया कि दिल्ली के अस्पतालों का इस्तेमाल राष्ट्रीय राजधानी के निवासियों के उपचार में होना चाहिए.
दिल्ली सरकार की एक कमेटी ने सुझाव दिया है कि कोविड-19 संकट के मद्देनजर शहर के स्वास्थ्य ढांचे का इस्तेमाल केवल राष्ट्रीय राजधानी के निवासियों के उपचार में होना चाहिए. डॉ. महेश वर्मा के नेतृत्व वाली कमेटी ने सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है. इसमें कहा गया है कि अगर दिल्ली का स्वास्थ्य ढांचा बाहर के लोगों के लिए खुला रहा तो तीन दिन में सारे बेड भर जाएंगे.
Also Read: बेड की कालाबाजारी का आरोप लगाते हुए दिल्ली सरकार ने किया सर गंगाराम अस्पताल पर एफआईआर
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी कुछ दिनों पहले ही इस बात को लेकर संकेत दे दिये थे कि दिल्ली में बहुत जल्द बाहरी लोगों का इलाज बंद कर दिया जाएगा. केजरीवाल ने कुछ दिनों पहले ही कहा था कि देशभर से लोग इलाज कराने के लिए दिल्ली के अस्पतालों में आते हैं, लेकिन कोरोना संकट में इसी तरह लोग आते रहे तो दिल्ली के लोगों को सुविधाएं नहीं मिल पाएंगी. इसी बात को लेकर केजरीवाल ने जनता की भी राय मांगी थी.
आम आदमी पार्टी की सरकार ने बृहस्पतिवार को दिल्ली उच्च न्यायालय को बताया कि कोविड-19 लॉकडाउन संबंधी सरकार के दिशा-निर्देश मेडिकल आपात स्थिति (इमरजेंसी) में व्यक्ति को दिल्ली में प्रवेश की अनुमति देते हैं. उन्हें ई-पास के लिए आवेदन करना होगा जो सरकार उपलब्ध कराएगी और वे राजधानी की सीमा में प्रवेश कर सकेंगे. दिल्ली सरकार ने कहा कि उसके आपदा प्रबंधन प्राधिकार (डीडीएमए) ने ‘अनलॉक 1.0′ के दौरान एक आदेश जारी कर बताया है कि किन गतिविधियों की अनुमति है और किन पर पाबंदी है, उसके दिशा-निर्देश मेडिकल आपात स्थिति में पड़ोसी राज्यों के किसी भी व्यक्ति को राष्ट्रीय राजधानी में प्रवेश की अनुमति देते हैं.
Posted By : arbind kumar mishra
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar Digital Desk
यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




