Jammu Kashmir: घाटी में आतंक का सफाया! 2 साल में सुरक्षाबलों ने मार गिराए 26 टॉप कमांडर्स

Author : Prabhat Khabar Digital Desk Published by : Prabhat Khabar Updated At : 02 Nov 2020 2:22 PM

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बीते 2 साल में सुरक्षाबलों ने अलग-अलग आतंकी संगठन के 26 टॉप कमांडरों को मार गिराया है. तकरीबन 200 आतंकी भी मारे गए.

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नयी दिल्ली: जम्मू कश्मीर में बीते कुछ समय में सुरक्षाबलों का कई बड़ी कामयाबी मिली. घाटी से आतंकियों को साफ करने में सुरक्षाबल के जवानों को आशातित सफलता मिली है. बीते 2 साल में सुरक्षाबलों ने अलग-अलग आतंकी संगठन के 26 टॉप कमांडरों को मार गिराया है.

तकरीबन 200 आतंकी भी मारे गए. इनमें से कई घाटी में ही अलग-अलग जिलों से थे जबकि कई आतंकी सीमापार पाकिस्तान से भारत आए थे.

इन आतंकी संगठनों को करारा झटका

सुरक्षाबलों के हाथों मारे गए आतंकियों में लश्कर-ए तैयबा, जैश ए मोहम्मद, हिज्बुल मुजाहिदीन और गजवाल उल हिंद के टॉप कमांडर्स शामिल हैं. इनमें बुरहान वानी, मन्नान वानी, सज्जाद भट्ट और शाहजहां का नाम उल्लेखनीय है. इस स्टोरी में सुरक्षाबलों की कामयाबी का सफर जानते हैं.

06 मई 2020 हिज्बुल कमांडर रियाज नायकू मारा गया

06 मई 2020 को हिज्बुल कमांडर रियाज नायकू को मार गिराया गया. सुरक्षाबलों द्वारा 2018 में बनाई गई हिट लिस्ट में नायकू पहले नंबर पर था. आतंकी संगठन ज्वॉइन करने से पहले नायकू एक निजी स्कूल में गणित का शिक्षक था. भारतीय सेना ने रियाज नायकू पर 12 लाख रूपये का इनाम रखा था.

रियाज नायकू के मारे जाने से हिज्बुल को काफी नुकसान पहुंचा. हाल ही में भारतीय सेना के जवानों ने हिज्बुल मुजाहिदीन के सरगना सैफुल्लाह को मार गिराया. सुरक्षाबलों को काफी समय से सैफुल्लाह की तलाश थी.

18 अक्टूबर 2019 जैश आतंकी सज्जाद भट्ट मारा गया

18 जून 2019 को जैश ए मोहम्मद का कमांडर सज्जाद भट्ट मारा गया. सज्जाद भट्ट वही शख्स है जिसने फरवरी 2019 में पुलवामा हमले की साजिश रची थी. सज्जाद ने ही हमले से 10 दिन पहले वो कार खरीदी थी जिसका इस्तेमाल सीआरपीएफ के काफिल में आत्मघाती हमले के लिए किया गया था. इस हमले में सीआरपीएफ के 40 जवान मारे गए थे.

08 जुलाई 2016 हिज्बुल आतंकी बुरहान वानी मारा गया

08 जुलाई 2016 को त्राल में हिज्बुल के टॉप कमांडर बुरहान वानी मारा गया. बुरहान वानी के एनकाउंटर के बाद अगले 4 महीने तक घाटी में तनाव के हालात बने रहे. बुरहान वानी हिज्बुल की रीढ़ माना जाता था. इसके मारे जाने से आतंकियों के मंसूबों को तगड़ी चोट पहुंची थी.

गजवात उल हिंद का आतंकी जाकिर मूसा भी मारा गया

2019 में गजवात उल हिंद के आतंकी जाकिर राशिद बट्ट उर्फ मूसा को मार गिराया. मूसा गजवात उल हिंद का चीफ था. जाकिर मूसा एक प्रतिष्ठित और सम्मानित परिवार से ताल्लुक रखा था. वो हिज्बुल मुजाहिदीन का भी हिस्सा रहा था. लश्कर ए तैयबा में भी शामिल रहा. जाकिर मूसा के मारे जाने के साथ ही गजवात उल हिंद नाम का आतंकी संगठन भी खत्म हो गया.

2018 में हिज्बुल आतंकी मन्नान वानी मारा गया

अक्टूबर 2018 में हिज्बुल मुजाहिदीन के आतंकी मन्नान वानी को मार गिराया. मन्नान वानी अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी का स्टूडेंट था. पढ़ाई में काफी होशियार था. साल 2017 के अंतक वो आंतकियों के संपर्क में आय़ा. यूनिवर्सिटी छोड़ दी. आज भी यूनिवर्सिटी की बेवसाइट में उसे मिले पुरस्कारों की लिस्ट देखी जा सकती है. जनवरी 2018 में मन्ना वानी ने आतंकी सगंठन का हिस्सा बनने के लिए यूनिवर्सिटी छोड़ दी

अप्रैल 2019 में जैश ए मोहम्मद का आतंकी शाहजहां मारा गया. शाहजहां शोपियां का आतंकी था.

Posted By- Suraj Thakur

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