Skincare Tips: ठंडी और रूखी हवा में अक्सर हमारी त्वचा खिंची हुई, बेजान और रूखी लगने लगती है, जिससे डेड स्किन, झुर्रियां और खुजली जैसी परेशानियां बढ़ सकती हैं. ऐसे में अगर सही तरीके से त्वचा की देखभाल न की जाए तो चेहरे की नमी कम हो जाती है और चमक फीकी पड़ने लगती है. अगर आप भी इस मौसम में इन परेशानियों से जूझ रहे हैं और चाहते हैं कि आपकी त्वचा फिर से मुलायम, नर्म और हेल्दी दिखे, तो घबराने की कोई जरूरत नहीं है. कुछ आसान और असरदार स्किनकेयर टिप्स अपनाकर आप अपनी त्वचा को तुरंत राहत दे सकते हैं और उसे ठंडी हवा के निगेटिव इफेक्ट से बचा सकते हैं. आइए जानते हैं ये प्रभावी तरीके, जो आपकी त्वचा को खिली-खिली और चमकदार बनाए रखेंगे.
ह्यूमिडिटी बढ़ाने वाले DIY फेस मिस्ट का इस्तेमाल करें
ठंडी हवा में वातावरण बहुत ड्राई होता है, जिससे त्वचा की नमी उड़ जाती है. आप रोजाना चेहरे पर गुलाबजल + एलोवेरा जेल + 2–3 बूंद नारियल तेल मिलाकर हल्का मिस्ट बना सकते हैं और दिन में 2–3 बार छिड़कें. इससे त्वचा अंदर से हाइड्रेट रहती है और रूखापन तुरंत कम होता है.
लिप और आंखों की एक्स्ट्रा केयर
ठंडी हवा में अक्सर होंठ और आंखों के आस-पास की त्वचा फटने या झुर्रियां बनने लगती हैं. होंठों पर शहद या नारियल तेल लगाना और आंखों के नीचे हल्का क्रीम या तेल आधारित आई क्रीम इस्तेमाल करना त्वचा को नरम और सुरक्षित रखता है.
ओवरनाइट प्रोटेक्टिव मास्क
रात को सोते समय हल्का घी + शहद या बादाम तेल का मास्क लगाएं. यह रातभर त्वचा को डीपली हाइड्रेट करता है, अंदर से मुलायम बनाता है और ठंडी हवा के नुकसान से बचाता है. सुबह हल्के गुनगुने पानी से धो लें, त्वचा तुरंत खिल उठेगी.
एक्सफोलिएशन जेंटल बनाएं
ठंडी हवा में डेड स्किन जमा हो जाती है और त्वचा रूखी दिखने लगती है. हफ्ते में 1 बार ओट्स + शहद का हल्का स्क्रब या सॉफ्ट ब्रश एक्सफोलिएशन करें. यह डेड स्किन हटाता है, ब्लड सर्कुलेशन बढ़ाता है और त्वचा को अंदर से चमकदार बनाता है.
प्रोटेक्टिव लेयरिंग और एंटीऑक्सीडेंट्स
ठंडी हवा के साथ प्रदुषण भी त्वचा को नुकसान पहुंचा सकती है. अपने मॉइस्चराइजर में विटामिन C, विटामिन E या ग्रीन टी एक्सट्रैक्ट वाला सीरम मिलाएं और घर से बाहर निकलते समय हल्की हाइड्रेटिंग लेयर + स्कार्फ या फेस कवर इस्तेमाल करें. यह रूखापन, डेड स्किन और प्राइमेच्युर एजिंग से बचाता है.
Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारियों और मान्यताओं पर आधारित है. प्रभात खबर इसकी पुष्टि नहीं करता है.

