बैंक से लिंक नहीं है आधार? रुक सकती है UGC स्कॉलरशिप 

Published by : Shambhavi Shivani Updated At : 07 Apr 2026 3:22 PM

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यूजीसी

UGC New Rule: नए अकैडमिक सेशन में UGC की स्कॉलरशिप या फेलोशिप पाना चाहते हैं तो आज ही अपने आधार को बैंक से लिंक करा लें. अगर आप 15 अप्रैल तक ऐसा नहीं करते हैं तो यूजीसी की स्कॉलरशिप नहीं मिलेगी.

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UGC New Rule: यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (UGC) ने बड़ा फैसला लिया है. फेलोशिप और स्कॉलरशिप के लिए UGC ने आधार आधारित पेमेंट (Aadhar Enabled Payment System or AePS) को अनिवार्य कर दिया है. इसका मतलब साफ है कि अब UGC के सभी फेलोशिप और स्कॉलरशिप के तहत स्टूडेंट्स को पैस तभी मिलेंगे जब उनका आधार बैंक से लिंक्ड हो. ऐसे में सभी स्टूडेंट्स को आधार सीडिंग (अपने आधार नंबर को बैंक और मोबाइल से जोड़ना) करना होगा. इसके लिए यूजीसी ने 15 अप्रैल तक का समय दिया है.

20 तक हो जाएगी वेरिफिकेशन की प्रक्रिया

स्टूडेंट्स को 15 अप्रैल 2026 तक आधार लिंकिंग और जरूरी जानकारी अपडेट करनी होगी. इसके बाद संबंधित संस्थानों के नोडल अधिकारी 20 अप्रैल तक इन डिटेल्स को
वेरिफाई करेंगे, जिससे नए सेशन में समय पर पेमेंट हो सके.

आधार से लिंक करा लें बैंक अकाउंट

UGC ने साफ कहा है कि सभी स्टूडेंट्स को अपने बैंक अकाउंट में आधार सीडिंग कराना जरूरी है. साथ ही, उन्हें अपनी डिटेल्स स्कॉलरशिप और फेलोशिप मैनेजमेंट पोर्टल (SFMP) पर भी अपडेट करनी होंगी, ताकि पेमेंट प्रोसेस में कोई दिक्कत न आए.

डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) सिस्टम के जरिए मिलेगा पैसा

UGC के नए नियम के अनुसार, अब सभी पेमेंट आधार बेस्ड पेमेंट (AePS) सिस्टम के जरिए किए जाएंगे. स्कॉलरशिप और फेलोशिप की राशि सीधे बैंक अकाउंट में ट्रांसफर होगी. इसके लिए डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) सिस्टम का इस्तेमाल किया जाएगा.

नियम नहीं मानने वालों की स्कॉलरशिप रोक दी जाएगी

अगर कोई स्टूडेंट समय पर अपना बैंक अकाउंट आधार से लिंक नहीं करता है या डिटेल्स अपडेट नहीं करता, तो उसकी स्कॉलरशिप या फेलोशिप रुक सकती है या उसमें देरी हो सकती है. UGC का कहना है कि इस नए सिस्टम से पेमेंट प्रोसेस ज्यादा फास्ट, ट्रांसपेरेंट और सेफ होगा. इससे फर्जीवाड़ा और देरी जैसी समस्याओं को कम किया जा सकेगा. स्टूडेंट्स को सलाह दी गई है कि वे समय रहते यह प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि आगे किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े.

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लेखक के बारे में

By Shambhavi Shivani

शाम्भवी शिवानी डिजिटल मीडिया में पिछले 3 सालों से सक्रिय हैं और वर्तमान में प्रभात खबर की डिजिटल टीम के साथ एजुकेशन बीट पर काम कर रही हैं. शिक्षा और रोजगार से जुड़ी खबरों की समझ रखने वाली शाम्भवी एग्जाम, सरकारी नौकरी, रिजल्ट, करियर, एडमिशन और सक्सेस स्टोरी जैसे विषयों पर रिपोर्टिंग और फीचर राइटिंग करती हैं. सरल भाषा और जानकारी को व्यवस्थित तरीके से प्रस्तुत करना उनकी लेखन शैली की खासियत है. डिजिटल मीडिया में अपने करियर के दौरान शाम्भवी ने न्यूज़ हाट और राजस्थान पत्रिका जैसी संस्थाओं के साथ काम किया है. यहां उन्होंने एजुकेशन, युवा मुद्दों और ट्रेंडिंग विषयों पर कंटेंट तैयार किया. वर्तमान में प्रभात खबर के साथ जुड़कर वे खास तौर पर बोर्ड परीक्षा, प्रतियोगी परीक्षा, सरकारी नौकरी, करियर ऑप्शंस और प्रेरणादायक सक्सेस स्टोरीज पर काम कर रही हैं. शाम्भवी की रुचि सिर्फ पत्रकारिता तक सीमित नहीं है. उन्हें सिनेमा और साहित्य में भी गहरी दिलचस्पी है, जिसका असर उनकी लेखन शैली में भी देखने को मिलता है. वे तथ्यों के साथ भावनात्मक जुड़ाव और मानवीय पहलुओं को भी अपनी स्टोरीज में जगह देने की कोशिश करती हैं. पटना में जन्मीं शाम्भवी ने Patna University से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन किया है. इसके बाद Indira Gandhi National Open University (IGNOU) से पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की. पत्रकारिता और जनसंचार की पढ़ाई ने उन्हें न्यूज राइटिंग, डिजिटल कंटेंट और ऑडियंस बिहेवियर की बेहतर समझ दी है. डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लगातार बदलते ट्रेंड्स और रीडर्स की जरूरतों को समझते हुए शाम्भवी SEO-फ्रेंडली, इंफॉर्मेटिव और एंगेजिंग कंटेंट तैयार करने पर फोकस करती हैं. उनकी कोशिश रहती है कि पाठकों तक सही, उपयोगी और आसान भाषा में जानकारी पहुंचाई जा सके.

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