LIC SIP से मजदूर भी बन सकते हैं करोड़पति, रोजाना देना है बस 'चुटकी' भर पैसा

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LIC SIP: LIC म्यूचुअल फंड की ₹100 प्रतिदिन की SIP योजना निवेश के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम है. यह छोटे निवेशकों के लिए एक सुनहरा मौका है, जिससे वे धीरे-धीरे और सुरक्षित तरीके से म्यूचुअल फंड में निवेश कर सकते हैं. इसके साथ ही, सेबी के निर्देशों के तहत माइक्रो-SIP का प्रावधान निवेशकों को वित्तीय समावेशन की दिशा में एक कदम और आगे बढ़ाता है.
LIC SIP: LIC म्यूचुअल फंड की ₹100 प्रतिदिन की SIP योजना निवेश के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम है. यह छोटे निवेशकों के लिए एक सुनहरा मौका है, जिससे वे धीरे-धीरे और सुरक्षित तरीके से म्यूचुअल फंड में निवेश कर सकते हैं. इसके साथ ही, सेबी के निर्देशों के तहत माइक्रो-SIP का प्रावधान निवेशकों को वित्तीय समावेशन की दिशा में एक कदम और आगे बढ़ाता है.
छोटे निवेशकों के लिए बड़ी राहत
LIC SIP : अगर आप नए निवेशक हैं और म्यूचुअल फंड में निवेश करने की सोच रहे हैं, लेकिन एक साथ ज्यादा पैसा नहीं लगाना चाहते, तो आपके लिए अच्छी खबर है. म्यूचुअल फंड में निवेश की सुविधा को और आसान बनाने के लिए आप सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के जरिए धीरे-धीरे निवेश कर सकते हैं. फिलहाल SIP में आप कम से कम ₹500 प्रति महीने का निवेश कर सकते हैं, लेकिन क्या हो अगर आप इससे भी कम, जैसे ₹250 प्रति महीने या ₹100 प्रतिदिन निवेश करना चाहें.
ऐसे निवेशकों के लिए LIC म्यूचुअल फंड जल्द ही एक नया डेली सिस्टेमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) लेकर आ रहा है, जिसमें आप ₹100 प्रतिदिन के हिसाब से निवेश कर सकेंगे. वर्तमान में LIC म्यूचुअल फंड में न्यूनतम SIP सीमा ₹300 है, लेकिन यह नया विकल्प उन निवेशकों के लिए अधिक सुलभ होगा जो छोटे-छोटे निवेश के जरिए अपने वित्तीय भविष्य को मजबूत करना चाहते है.। LIC म्यूचुअल फंड के प्रबंध निदेशक और सीईओ, रवि कुमार झा ने बताया कि यह योजना अक्टूबर के पहले हफ्ते में लॉन्च हो सकती है.
सेबी के नए निर्देशों के तहत माइक्रो SIP
यह कदम भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के हालिया निर्देशों के अनुरूप है. सेबी की चेयरपर्सन, माधबी पुरी बुच ने इस महीने की शुरुआत में म्यूचुअल फंड हाउसों के साथ मिलकर ₹250 प्रति महीने के माइक्रो-SIP की योजना बनाने की घोषणा की थी. इसका उद्देश्य छोटे और मध्यम आय वाले निवेशकों को म्यूचुअल फंड में निवेश के लिए प्रोत्साहित करना है, जिससे अधिक से अधिक लोग निवेश के इस सरल और प्रभावी माध्यम का लाभ उठा सकें.
माइक्रो-SIP योजना का विशेष रूप से उन फंड हाउसों के लिए महत्व होगा जो छोटे शहरों और कस्बों में अपनी उपस्थिति बढ़ाने की योजना बना रहे हैं। उदाहरण के तौर पर, LIC म्यूचुअल फंड देहरादून, जमशेदपुर, जोधपुर और दुर्गापुर जैसे छोटे शहरों में अपनी पहुंच बढ़ाने के लिए काम कर रहा है.
मौजूदा SIP और माइक्रो SIP की तुलना
इस नए बदलाव के तहत SIP की न्यूनतम राशि में बदलाव किए जा रहे हैं. नीचे दिए गए टेबल में वर्तमान SIP और प्रस्तावित माइक्रो SIP के बीच तुलना की गई है.
फ्रीक्वेंसी | वर्तमान SIP (₹) | माइक्रो SIP (₹) |
| दैनिक | 300 | 100 |
| मासिक | 100 | 250 |
| तिमाही | 300 | 750 |
यदि नए नियम लागू होते हैं, तो दैनिक SIP की सीमा ₹300 से घटकर ₹100 हो जाएगी. इसी प्रकार, मासिक SIP की सीमा ₹1,000 से घटकर ₹250 और तिमाही SIP की सीमा ₹3,000 से घटकर ₹750 रह जाएगी.
वित्तीय सलाहकारों की राय
वित्तीय विशेषज्ञों ने इस कदम का स्वागत किया है और इसे छोटे निवेशकों के लिए एक बड़ा अवसर माना है. उनका मानना है कि इससे अधिक संख्या में खुदरा निवेशक म्यूचुअल फंड में निवेश कर सकेंगे और वित्तीय समावेशन को बढ़ावा मिलेगा.
डिस्क्लेमर: प्रभात खबर किसी को किसी भी कंपनी के शेयर में निवेश करने की सलाह नहीं देता. यह बाजार जोखिमों के अधीन है. निवेश करने से पहले किसी बाजार विशेषज्ञ से सलाह जरूर ले लें.
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लेखक के बारे में
By Abhishek Pandey
अभिषेक पाण्डेय पिछले 2 वर्षों से प्रभात खबर (Prabhat Khabar) में डिजिटल जर्नलिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने पत्रकारिता के प्रतिष्ठित संस्थान 'दादा माखनलाल की बगिया' यानी माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल (MCU) से मीडिया की बारीकियां सीखीं और अपनी शैक्षणिक योग्यता पूरी की है। अभिषेक को वित्तीय जगत (Financial Sector) और बाजार की गहरी समझ है। वे नियमित रूप से स्टॉक मार्केट (Stock Market), पर्सनल फाइनेंस, बजट और बैंकिंग जैसे जटिल विषयों पर गहन शोध के साथ विश्लेषणात्मक लेख लिखते हैं। इसके अतिरिक्त, इंडस्ट्री न्यूज, MSME सेक्टर, एग्रीकल्चर (कृषि) और केंद्र व राज्य सरकार की सरकारी योजनाओं (Sarkari Yojana) का प्रभावी विश्लेषण उनके लेखन के मुख्य क्षेत्र हैं। आम जनमानस से जुड़ी यूटिलिटी (Utility) खबरों और प्रेरणादायक सक्सेस स्टोरीज को पाठकों तक पहुँचाने में उनकी विशेष रुचि है। तथ्यों की सटीकता और सरल भाषा अभिषेक के लेखन की पहचान है, जिसका उद्देश्य पाठकों को हर महत्वपूर्ण बदलाव के प्रति जागरूक और सशक्त बनाना है।
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