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CRISIL की चेतावनी, मजबूत ग्रोथ के बाद आ सकती है मामूली ठंडक

Updated at : 02 Dec 2025 2:19 PM (IST)
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CRISIL India growth Forecast

CRISIL India growth Forecast

CRISIL India growth Forecast: CRISIL के मुताबिक FY26 में भारत की GDP ग्रोथ 7 प्रतिशत रह सकती है, जबकि FY27 में रफ्तार घटकर 6.7 प्रतिशत होने का अनुमान है. घरेलू मांग, बेहतर मानसून और संभावित भारत-अमेरिका व्यापार समझौता ग्रोथ को सहारा देंगे, वहीं RBI दिसंबर में ब्याज दरों पर फैसला ले सकता है.

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CRISIL India growth Forecast: भारतीय अर्थव्यवस्था की रफ्तार, रुपये की चाल और RBI की अगली नीति को लेकर बाजार में काफी चर्चा है. ऐसे में CRISIL के चीफ इकोनॉमिस्ट धर्मकीर्ति जोशी ने भारत की ग्रोथ, भारत-अमेरिका ट्रेड डील और ब्याज दरों को लेकर अहम अनुमान साझा किए हैं.

FY26 में 7% ग्रोथ का अनुमान

धर्मकीर्ति जोशी, CRISIL Limited के मुख्य अर्थशास्त्री के मुताबिक, वित्त वर्ष 2025-26 में भारत की GDP ग्रोथ 7% रह सकती है. हालांकि उन्होंने संकेत दिया कि दूसरी छमाही में रफ्तार थोड़ी धीमी हो सकती है. जोशी का अनुमान है कि 2026-27 में आर्थिक वृद्धि घटकर 6.7% रह जाएगी. उनके अनुसार, विकास की गति बनी रहेगी लेकिन मौजूदा साल जितनी तेज नहीं होगी. उन्होंने कहा कि भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौता फाइनल होते ही निवेश का माहौल मजबूत होगा.

इसके असर से विदेशी पूंजी निवेश बढ़ सकता है, बाजार में भरोसा लौटेगा. जेम्स-ज्वेलरी और टेक्सटाइल जैसे सेक्टर को राहत मिलेगी और घरेलू फैक्टर्स से चलती है भारतीय अर्थव्यवस्था जोशी ने बताया कि भारत की ग्रोथ मुख्य रूप से घरेलू मांग पर आधारित है. GST कटौती, इनकम टैक्स सुधार, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को समर्थन और बेहतर मानसून. इन सभी ने विकास को मजबूती दी है.

रुपये में मजबूती की उम्मीद

रुपये की कमजोरी पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि आने वाले महीनों में रुपया फिर से मजबूत हो सकता है, खासकर अगर ट्रेड डील होती है और वैश्विक हालात सुधरते हैं. इस साल अब तक रुपया करीब 5% कमजोर होकर 89.94 प्रति डॉलर तक पहुंच चुका है. RBI की नीति पर जोशी का मानना है कि वैश्विक अनिश्चितताओं को देखते हुए ब्याज दरों में “इंश्योरेंस कट” संभव है. भारतीय रिजर्व बैंक की अगली MPC बैठक 3–5 दिसंबर 2025 को होगी.

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Abhishek Pandey

लेखक के बारे में

By Abhishek Pandey

अभिषेक पाण्डेय पिछले 2 वर्षों से प्रभात खबर (Prabhat Khabar) में डिजिटल जर्नलिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने पत्रकारिता के प्रतिष्ठित संस्थान 'दादा माखनलाल की बगिया' यानी माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल (MCU) से मीडिया की बारीकियां सीखीं और अपनी शैक्षणिक योग्यता पूरी की है। अभिषेक को वित्तीय जगत (Financial Sector) और बाजार की गहरी समझ है। वे नियमित रूप से स्टॉक मार्केट (Stock Market), पर्सनल फाइनेंस, बजट और बैंकिंग जैसे जटिल विषयों पर गहन शोध के साथ विश्लेषणात्मक लेख लिखते हैं। इसके अतिरिक्त, इंडस्ट्री न्यूज, MSME सेक्टर, एग्रीकल्चर (कृषि) और केंद्र व राज्य सरकार की सरकारी योजनाओं (Sarkari Yojana) का प्रभावी विश्लेषण उनके लेखन के मुख्य क्षेत्र हैं। आम जनमानस से जुड़ी यूटिलिटी (Utility) खबरों और प्रेरणादायक सक्सेस स्टोरीज को पाठकों तक पहुँचाने में उनकी विशेष रुचि है। तथ्यों की सटीकता और सरल भाषा अभिषेक के लेखन की पहचान है, जिसका उद्देश्य पाठकों को हर महत्वपूर्ण बदलाव के प्रति जागरूक और सशक्त बनाना है।

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