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सीरियाई शहर के भूखे निवासी भोजन के लिए बेच रहे सोना

Updated at : 20 Jan 2016 1:05 PM (IST)
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सीरियाई शहर के भूखे निवासी भोजन के लिए बेच रहे सोना

बेरुत : सीरिया के पूर्वी शहर देर अल-जार में खाने-पीने की सामग्री की इतनी ज्यादा कमी हो गयी है कि बेचैन निवासी भोजन के लिए या सरकारी सैनिकों और आईएस आतंकियों के कब्जे से भागने की अनुमति हासिल करने के लिए अपना सोना, कीमती चीजें और यहां तक कि अपने घर भी बेच रहे हैं. […]

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बेरुत : सीरिया के पूर्वी शहर देर अल-जार में खाने-पीने की सामग्री की इतनी ज्यादा कमी हो गयी है कि बेचैन निवासी भोजन के लिए या सरकारी सैनिकों और आईएस आतंकियों के कब्जे से भागने की अनुमति हासिल करने के लिए अपना सोना, कीमती चीजें और यहां तक कि अपने घर भी बेच रहे हैं. चरमपंथियों ने एक साल से ज्यादा समय से शहर के सरकारी कब्जे वाले क्षेत्रों को अवरुद्ध कर रखा है. क्षेत्र के लगभग दो लाख निवासी धीरे-धीरे भूख से मर रहे हैं और राष्ट्रपति बशर असद का समर्थन करने वाले मिलिशिया और सैनिक नागरिकों के कष्टों को बढा रहे हैं. हाल में अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान असद समर्थक सैनिकों द्वारा घेरे गये शहर मदाया पर था.

सिर्फ पानी पीकर जिंदा हैं लोग

संयुक्त राष्ट्र और सहायता एजेंसियों का कहना है कि एक अन्य तबाही देर अल-जार में हो रही है. इलाके से भागकर आये निवासियों के अनुसार कभी तेल से समृद्ध रहे इस देश में गृहयुद्ध ने इसे एक ऐसी जगह बना दिया है, जहां चाय बनाने जैसी सरल सी चीज भी भोजन, पानी और ईंधन की कमी के कारण बेहद संघर्षपूर्ण हो गयी है. कई लोग सिर्फ ब्रेड खाकर और पानी पीकर ही जिंदा हैं और इसके लिए भी उन्हें लंबा इंतजार करना पड़ता है. नलों में कई-कई दिनों तक पानी नहीं आता और जब कुछ घंटे के लिए पानी आता भी है तो वह खारा होता है. शहर में पिछले 10 माह से बिजली नहीं है. जनरेटरों और पानी के पंपों के लिए बहुत कम ही ईंधन बचा है.

संयुक्‍त राष्‍ट्र ने दी थी चेतावनी

संयुक्त राष्ट्र ने पिछले सप्ताह चेतावनी दी थी कि देर अल-जार में जीवन स्थितियां बेहद खराब हो गई हैं. छात्र कुपोषण के कारण स्कूलों में अक्सर अनुपस्थित रह रहे हैं. इकलौते बचे सरकारी अस्पताल में दवाओं, अन्य सामान और कर्मचारियों की जरुरत है. संयुक्त राष्ट्र ने अपनी रिपोर्ट में कुपोषण के कारण हुई लगभग 20 मौतों की अपुष्ट खबरों का भी जिक्र किया है लेकिन देर अल-जार की जस्टिस फॉर लाइफ ऑब्जर्वेटरी के प्रवक्ता अली अल-राहबी ने कहा कि उनके समूह ने 27 मौतें दर्ज की हैं.

परेशानी की जड़ आईएसआईएस

इस्लामिक स्टेट समूह ने देर अल-जार को घेर रखा है और वह लोगों एवं सामान को जमीन के रास्ते से नहीं आने देगा. वहीं शहर के कुछ हिस्सों और हवाईअड्डे पर नियंत्रण रखने वाली सीरियाई सरकार हवाई मार्ग से न तो सामान आने देगी और न ही अपने लोगों को बाहर जाने देगी. यह शहर दमिश्क से 450 किलोमीटर पूर्वोत्तर में है. इसके पश्चिमी ओर सीरियाई सरकार का क्षेत्र है और इस्लामिक स्टेट का कब्जा पूर्वी हिस्से पर है. हालांकि पश्चिमी तट पर भी कुछ क्षेत्र में आईएस का कब्जा है. देर अल-जार सीरिया में बंदी बनाये गये लगभग 15 समुदायों में से सबसे बडा है, जिससे लगभग चार लाख लोग मदद से वंचित हो गये हैं. संयुक्त राष्ट्र के महासचिव बान की-मून ने कहा कि सीरियाई सरकार और विद्रोही दोनों ही जान बूझकर नागरिकों को भूखा रखकर युद्ध अपराधों को अंजाम दे रहे हैं.

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