अमेरिका-तालिबान समझौते के कुछ ही दिन बाद काबुल में गोलीबारी, 27 लोगों की मौत

Updated:
विज्ञापन
अमेरिका-तालिबान समझौते के कुछ ही दिन बाद काबुल में गोलीबारी, 27 लोगों की मौत

अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के पश्चिमी हिस्से में शुक्रवार को एक राजनीतिक रैली के दौरान हुई गोलीबारी में कम से कम 27 लोगों की मौत हो गयी है. अमेरिका और तालिबान के बीच हुए समझौते के बाद यह सबसे बड़ा हमला है.

विज्ञापन

काबुल : अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के पश्चिमी हिस्से में शुक्रवार को एक राजनीतिक रैली के दौरान हुई गोलीबारी में कम से कम 27 लोगों की मौत हो गयी है. अमेरिका और तालिबान के बीच हुए समझौते के बाद यह सबसे बड़ा हमला है. इस हमले ने अफगानिस्तान की राजधानी के बेहद कड़ी सुरक्षा वाले इलाके में सुरक्षा की कमी को उजागर किया है वह भी तब जब 29 फरवरी को अमेरिका और तालिबान के बीच हुए समझौते के मुताबिक 14 महीनों के अंदर विदेशी बलों की देश से वापसी होनी है.

गृह मंत्रालय के प्रवक्ता नसरत रहीमी ने कहा कि मृतकों में महिलाएं व बच्चे शामिल हैं और इसके अलावा 29 अन्य लोग जख्मी हैं. उन्होंने कहा, ‘अफगान विशेष बल हमलावरों के खिलाफ अभियान को अंजाम दे रहे हैं.’ उन्होंने कहा, ‘इन आंकड़ों में बदलाव होगा.’ स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारी निजामुद्दीन जलील ने मृतकों की संख्या थोड़ा बढ़ाते हुए कहा कि 29 लोग मारे गये हैं जबकि 30 अन्य घायल हैं.

तालिबान ने तत्काल हमले की जिम्मेदारी से इनकार किया है. हमला हाजरा जातीय समुदाय से आने वाले राजनेता अब्दुल अली माजारी की स्मृति में आयोजित एक समारोह पर किया गया. इस समुदाय के अधिकांश लोग शिया हैं. इस्लामिक स्टेट के एक समूह ने पिछले साल इसी समारोह में हमले का दावा किया था और तब एक के बाद एक दागे गये कई मोर्टार की वजह से कम से कम 11 लोगों की जान गयी थी.

रहीमी ने पूर्व में कहा था कि शहर के पश्चिम में स्थित समारोह स्थल के पास एक निर्माणाधीन जगह पर मुठभेड़ शुरू हुई. इस इलाके में ज्यादातर शिया आबादी है. सोशल मीडिया पर आयी तस्वीरों में हमले के बाद लोग शवों को इकट्ठा करते दिख रहे हैं. राष्ट्रपति अशरफ गनी ने नरसंहार की निंदा करते हुए इसे ‘मानवता के खिलाफ अपराध’ करार दिया.

समारोह में अफगानिस्तान के मुख्य कार्यकारी अब्दुल्ला अब्दुल्ला समेत देश के कई शीर्ष नेता शामिल हुए. गृह मंत्रालय ने बाद में संवाददाता से इस बात की पुष्टि की कि सभी उच्च पदस्थ अधिकारियों को मौके से सुरक्षित निकाल लिया गया. हाजरा नेता मोहम्मद मोहाकिक ने तोलो न्यूज को बताया, ‘गोलियां चलने के बाद हम समारोह से निकल गये थे और कई लोग घायल हुए, लेकिन हमारे पास मारे गये लोगों के बारे में जानकारी नहीं है.’

विज्ञापन
अमलेश नंदन सिन्हा

लेखक के बारे में

By अमलेश नंदन सिन्हा

अमलेश नंदन सिन्हा प्रभात खबर डिजिटल में वरिष्ठ पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता में 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है. रांची विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद से इन्होंने कई समाचार पत्रों के साथ काम किया. इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत रांची एक्सप्रेस से की, जो अपने समय में झारखंड के विश्वसनीय अखबारों में से एक था. एक दशक से ज्यादा समय से ये डिजिटल के लिए काम कर रहे हैं. झारखंड की खबरों के अलावा, समसामयिक विषयों के बारे में भी लिखने में रुचि रखते हैं. विज्ञान और आधुनिक चिकित्सा के बारे में देखना, पढ़ना और नई जानकारियां प्राप्त करना इन्हें पसंद है.

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola