ePaper

जानिए क्‍या है राष्ट्रीय स्वास्थ्य संरक्षण योजना, कौन हो सकते हैं इसके लाभार्थी

Updated at : 05 Feb 2018 6:18 AM (IST)
विज्ञापन
जानिए क्‍या है राष्ट्रीय स्वास्थ्य संरक्षण योजना, कौन हो सकते हैं इसके लाभार्थी

विश्व की सबसे बड़ी चिकित्सा बीमा योजना की घोषणा वित्त मंत्री अरुण जेटली ने बजट में की है. इसकी खासियत यह है कि इसमें इलाज पर अपनी तरफ से खर्च करने के बाद भुगतान के लिए दावा करने की जरूरत नहीं होगी. यानी अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में सरकार की ओर से पांच […]

विज्ञापन
विश्व की सबसे बड़ी चिकित्सा बीमा योजना की घोषणा वित्त मंत्री अरुण जेटली ने बजट में की है. इसकी खासियत यह है कि इसमें इलाज पर अपनी तरफ से खर्च करने के बाद भुगतान के लिए दावा करने की जरूरत नहीं होगी. यानी अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में सरकार की ओर से पांच लाख रुपये तक की चिकित्सा बीमा सुरक्षा दी जायेगी. इस योजना की चर्चा मोदीकेयर के रूप की जा रही है.
देश की 40 फीसदी आबादी यानी लगभग 10 करोड़ परिवार यानी 50 करोड़ लोगों को राष्ट्रीय स्वास्थ्य संरक्षण योजना में शामिल किया गया है. यह विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य बीमा योजना है. यह एक कैशलेस सुविधा है यानी अस्पताल में भर्ती होने पर मरीज को इलाज के लिए कोई भी भुगतान कैश में नहीं करना होगा. उनके इलाज पर होनेवाले पांच लाख रुपये तक का खर्च सरकार उठायेगी. इस योजना के लाभार्थी देश में कहीं भी पैनल में शामिल किसी भी प्राइवेट या सरकारी अस्पताल में इलाज करा सकेंगे.
कौन होंगे लाभार्थी
2011 के सामाजिक आर्थिक जातिगत जनगणना के अनुसार जो आबादी वंचित वर्ग के तहत रखी गयी थी, उसे इस योजना में शामिल किया गया है. इस योजना में प्रति वर्ष प्रति परिवार पांच लाख रुपये की स्वास्थ्य बीमा दी गयी है. इस योजना के शुरू होते ही ये परिवार स्वत: इसके दायरे में आ जायेंगे. इसमें परिवार के आकार को सुनिश्चित नहीं किया गया है यानी परिवार में चाहे जितने भी सदस्य होंगे, उन सबको कवरेज का लाभ मिलेगा.
10 – 12 हजार करोड़ का खर्च
इस योजना की शुरुआत अगले वित्तीय वर्ष से होगी. एक अनुमान के मुताबिक इस योजना पर लगभग 10 – 12 हजार करोड़ रुपये खर्च आयेंगे. इसके लिए जरूरी फंड के लिए केंद्र व राज्य सरकारें मदद करेंगी. कुल राशि का 60 फीसदी राशि केंद्र जुटायेगा, जबकि राज्यों को बाकी के 40 फीसदी वहन करना होगा.
सरकार ने इस बजट में इस योजना के लिए दो हजार करोड़ रुपये का आवंटन किया है. विशेषज्ञों के अनुसार स्वास्थ्य व शिक्षा में जो एक प्रतिशत सेस बढ़ाया गया है, उसी से इस योजना के लिए जरूरी करीब 11000 करोड़ की राशि प्राप्त हो जायेगी.
विज्ञापन
Prabhat Khabar Digital Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola