अमन सिंह जेल में लेकिन गैंग सक्रिय, व्यापारियों को आ रहे हैं धमकी भरे कॉल, दहशत में धनबाद के कारोबारी

Updated at :30 Sep 2021 9:03 AM
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अमन सिंह जेल में लेकिन गैंग सक्रिय, व्यापारियों को आ रहे हैं धमकी भरे कॉल, दहशत में धनबाद के कारोबारी

धनबाद में एक बार फिर अमन सिंह गैंग के लोग सक्रिय हो गये हैं. इन अपराधियों की नजरें यहां के पूंजीपतियों पर हैं. अपराधियों द्वारा लगातार रंगदारी भरे कॉल आते जा रहे हैं. जिससे यहां के कारोबारी डर के महौल में जी रहें हैं

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धनबाद : उत्तर प्रदेश और झारखंड के अपराधी धनबाद कोयलांचल में एकबार फिर सिर उठाने लगे हैं. इन अपराधियों की नजरें यहां के पूंजीपतियों पर हैं. व्यवसायियों, कोयला कारोबारियों को वाट्सएप कॉल और मैसेज कर धमकी दी जा रही है. रांची के होटवार जेल में बंद अमन सिंह दहशत बन कर उभरा है. रंगदारी मांगे जाने के चलते व्यवसाय करना मुश्किल होता जा रहा है.

यह वही अमन है, जिसका नाम झरिया विधायक पूर्णिमा नीरज सिंह के पति पूर्व डिप्टी मेयर व कांग्रेस नेता नीरज सिंह की हत्या में आया है. होटवार जेल के विशेष सेल में बंद अमन पर अपने गुर्गों के जरिये धनबाद के व्यवसायियों और उद्योगपतियों को भयभीत कर रंगदारी वसूलने का आरोप है. पैसे नहीं देने पर गोलीबारी या बमबाजी की जा रही है. गोली भी मार दी जा रही है. चार माह में ही कम से कम 20 व्यवसायियों से रंगदारी मांगी गयी है. इनमें से अधिकतर वैसे मामले हैं, जिनकी शिकायत पुलिस में दर्ज करायी गयी है.

कई व्यवसायी-कारोबारी तो सामने आये भी नहीं हैं. वैसे पुलिस ने कुछ अपराधियों को उठाया भी है, पर व्यवसायियों के पास रंगदारी-धमकी के फोन रुक नहीं रहे.

जेल से चला रहा साम्राज्य :

जेल जाने के बाद तीन साल तक अमन सिंह ठीक-ठाक रहा. उसने जेल में ही छोटे-मोटे अपराधियों को साथ मिलाकर एक गिरोह तैयार कर लिया. ये लोग जेल से बाहर निकल कर अमन सिंह के लिए काम कर रहे हैं. हाल के दिनों में ऐसे कई अपराधी पकड़े गये हैं, जो पहले किसी मामले में जेल जा चुके हैं.

वाट्सएप कॉल कर मांगी जा रही रंगदारी, दी जाती है धमकी

एक व्यवसायी को पुलिस ने दी सुरक्षा फिर भी उसके शोरूम पर हमला

पुलिस ने कुछ अपराधियों को उठाया, पर आ रहे कॉल

चार माह में ही कम से कम 20 व्यवसायियों से मांगी गयी रंगदारी

उद्योग व व्यापार पर प्रतिकूल असर : जीटा

झारखंड इंडस्ट्रीज एंड ट्रेड एसोसिएशन के महासचिव राजीव शर्मा ने कहा कि अमन सिंह के नाम पर लगातार व्यवसायियों से रंगदारी मांगी जा रही है. व्यवसायी दशहत में हैं. उद्योग व व्यापार पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है. लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति ठीक नहीं रहेगी तो उद्योग व व्यापार नहीं चल सकता है. ऐसे में सरकार को राजस्व का नुकसान होगा. बेरोजगारी भी बढ़ेगी. प्रशासन अमन सिंह मामले में तत्काल कार्रवाई करे, ताकि व्यवसायी भयमुक्त होकर व्यवसाय कर सकें.

बाघमारा विधायक के खास तक को नहीं बख्शा

अमन सिंह ने धनबाद के व्यवसायियों का चैन छीन लिया है. व्यवसायियों की कौन कहे, बाघमारा विधायक ढुलू महतो के खास लोगों पर भी हमले करवा चुका है. इनमें अधिकतर कोयला कारोबारी या बड़े व्यवसायी हैं. हालत यह है कि व्यवसायी मोबाइल पर किसी अनजान नंबर से फोन या वाट्सएप कॉल आने पर उठाने में डरते हैं. अधिकतर लोगों से वाट्सएप कॉल के जरिये ही रंगदारी मांगी जा रही है.

रांची जेल से आ रहा कॉल, डरे नहीं : एसएसपी

एसएसपी संजीव कुमार ने कहा कि कई व्यवसायियों से फोन कर रंगदारी मांगी गयी है. सभी का लोकेशन रांची का होटवार जेल बताया जा रहा है. अमन वहीं से अपना काम कर रहा है. अमन सिंह पर नकेल कसा जा रहा है. पत्र भेजा गया है. जल्द ही उसे दूसरे जेल में शिफ्ट किया जायेगा. अमन सुर्खियों में बना रहना चाहता है, लेकिन धनबाद के व्यवसायियों को डरने की जरूरत नहीं है. निजी दुश्मनी के कारण कुछ बड़े मामलों में अमन सिंह का नाम आया है.

उसका साथ देने वाले लगभग सारे लोग जेल के अंदर हैं. नीरज तिवारी हत्याकांड में फरार दो आरोपियों को पकड़ने के लिए स्पेशल टीम लगातार काम कर रही है. जल्द ही वे भी सलाखों के पीछे होंगे. अभी तक जितने अपराधी पकड़े गये हैं, उन सभी को सजा दिलाने के पुलिस ने सभी सबूत इकट्ठे कर लिये हैं. सभी को सजा होना तय है.’

कोयला व जमीन कारोबारियों पर गैंग की नजर

अमन सिंह के गुर्गों ने अब तक सबसे ज्यादा कोल कारोबारियों से ही रंगदारी मांगी है. इनमें कोई आउटसोर्सिंग कंपनी का मालिक, तो कोई कोयला का डीओ धारक है. कोयला कारोबारी प्रमोद सिंह, विधायक ढुलू महतो के करीबी अभय सिंह व राजेश गुप्ता पर फायरिंग, आउटसोर्सिंग कंपनी के संचालक सहित कई लोगों को धमकाने का मामला प्रमुख है.

कई जमीन कारोबारियों से भी रंगदारी मांगी जा चुकी है. वासेपुर निवासी लाला खान की हत्या इसी का परिणाम है. हाल ही में कतरास में हुई नीरज तिवारी की हत्या में भी अमन सिंह का नाम आया है. धनबाद पुलिस के लिए अमन सिंह गिरोह सिरदर्द बनकर उभरा है. हाल के दिनों में कई बड़ी घटनाओं में अमन सिंह और उसके गुर्गों का नाम आया है. पुलिस उस पर नकेल कसने में पूरी विफल साबित हो रही है. अमन जेल में है, पर उसका गैंग धनबाद में काम कर रहा है.

रंगदारी-फायरिंग के कई मामले दर्ज हैं गैंग पर

आठ जुलाई, 2020 : बाघमारा के कोयला कारोबारी प्रमोद सिंह से 50 लाख की मांग

21 जुलाई 2020 : विधायक ढुलू महतो के करीबी अभय सिंह की गाड़ी पर फायरिंग कर रंगदारी मांगी

13 सितंबर 2020 : ढुलू महतो के करीबी राजेश गुप्ता पर फायरिंग कर रंगदारी मांगी

30 दिसंबर 2020 : गोविंदपुर स्थित पेट्रोल पंप पर रंगदारी के लिए फायरिंग

7 जनवरी, 2021 : हिलटॉप आउटसोर्सिंग कंपनी के संचालक कौशल पांडेय से रंगदारी मांगी

24 अप्रैल, 2021 : डेको आउटसोर्सिंग कंपनी के प्रबंधक मधु सिंह पर हमला

12 मई, 2021 : वासेपुर के जमीन कारोबारी लाला खान से रंगदारी मांगी. बाद में हत्या हो गयी

22 मई, 2021 : कोयला कारोबारी प्रमोद सिंह से रंगदारी मांगी

31 मई, 2021 : पांडरपाला के जमीन कारोबारी शहाबुद्दीन से रंगदारी की मांग

31 मई, 2021 : किआ शोरूम के मालिक दीपक सांवरिया से रंगदारी मांगी

28 जून, 2021 : कतरास के कोयला कारोबारी संजय लोयलका के आवास पर बम फेंका

एक जुलाई, 2021 : इसराफिल उर्फ लाला से रंगदारी मांगी

28 जुलाई, 2021 : कतरास के हराधन महतो से फोन पर रंगदारी मांगी

दो सितंबर, 2021 : कतरास में नीरज तिवारी की हत्या

चार सितंबर,2021 : व्यवसायी प्रमोद सिंह से रंगदारी मांगी

11 सितंबर,2021 : विधायक ढुलू के करीबी डब्लू महथा से रंगदारी मांगी

22 सितंबर, 2021 : अशोक सिंह से रंगदारी मांगी

27 सितंबर, 2021 : बरवाअड्डा स्थित किआ शो रूम पर बम फेंका

Posted By : Sameer Oraon

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