Aadhaar अब बिना फिंगरप्रिंट के भी बन जाएगा, काम आयेगी यह तकनीक; UIDAI ने किया बड़ा बदलाव

Published by : Rajeev Kumar Updated At : 12 Dec 2023 7:53 AM

विज्ञापन

Aadhaar Card Rule Changed - आधार कार्ड से जुड़े इस बदलाव के संबंध में यूनीक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (UIDAI) द्वारा सोशल मीडिया एक्स हैंडल पर जानकारी शेयर की गई है. यूआईडीएआई के एक्स पर पोस्ट के मुताबिक अब हाथ की उंगलियां ना होने की स्थिति में आइरिस स्कैन के जरिये आधार नामांकन किया जा सकता है

विज्ञापन

𝗣𝗲𝗿𝘀𝗼𝗻 𝘄𝗶𝘁𝗵𝗼𝘂𝘁 𝗳𝗶𝗻𝗴𝗲𝗿𝘀 𝗲𝗻𝗿𝗼𝗹𝗹𝗲𝗱 𝗳𝗼𝗿 𝗔𝗮𝗱𝗵𝗮𝗮𝗿

फिंगरप्रिंट नहीं होने पर आइरिस स्कैन का उपयोग कर सकते हैं
आंखें नहीं होने पर फिंगरप्रिंट देकर बना सकते हैं आधार कार्ड
दोनों नहीं होने पर भी असाधारण नामांकन के तहत बन जाएगा आधार कार्ड

Aadhaar Card Rule Change : आधार कार्ड (Aadhaar Card) आज की तारीख में हमारी पहचान का सबसे अहम दस्तावेज बन गया है. साथ ही, यह वित्तीय जरूरतों से लेकर सरकारी योजनाओं (Government Schemes) तक का लाभ लेने के लिए भी जरूरी हो चुका है. अब आधार कार्ड से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आयी है. इसे आधार कार्ड बनवाने (Aadhaar Card Enrolment) के प्रॉसेस में एक बदलाव किया गया है. इसके बारे में UIDAI ने सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म एक्स पर भी जानकारी शेयर की है.

आधार कार्ड से जुड़े इस बदलाव के संबंध में यूनीक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (UIDAI) द्वारा सोशल मीडिया एक्स हैंडल पर जानकारी शेयर की गई है. यूआईडीएआई के एक्स पर पोस्ट के मुताबिक, अब हाथ की उंगलियां ना होने की स्थिति में आइरिस स्कैन के जरिये आधार नामांकन किया जा सकता है.

Also Read: Aadhar Card में पता और फोटो बदलना आसान, जानिए कैसे होगा आपका काम

सरकार ने कहा है कि आधार के लिए पात्र व्यक्ति उंगलियों के निशान उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में आईरिस स्कैन का उपयोग करके नामांकन कर सकता है. यह बयान इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर द्वारा केरल में एक महिला जोसीमोल पी जोस के नामांकन को सुनिश्चित करने के लिए आया है. महिला हाथ की उंगलियां नहीं होने के कारण आधार के लिए नामांकन नहीं कर सकी थी.

इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर के बयान के अनुसार, भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) की एक टीम ने उसी दिन केरल के कोट्टायम जिले के कुमारकम में रहने वाली जोस से उसके घर पर मुलाकात की और उसका आधार नंबर तैयार किया.

Also Read: अपने आधार की सुरक्षा ऐसे करें सुनिश्चित, काम आयेंगे ये टिप्स

चंद्रशेखर ने कहा कि सभी आधार सेवा केंद्रों से कहा गया है कि वैकल्पिक बायोमेट्रिक्स लेकर धुंधली उंगलियों के निशान या इसी तरह की दिव्यांगता वाले अन्य लोगों को आधार जारी किया जाना चाहिए.

बयान के अनुसार, एक व्यक्ति जो आधार के लिए पात्र है, लेकिन उंगलियों के निशान देने में असमर्थ है, वह केवल आईरिस स्कैन का उपयोग करके नामांकन कर सकता है. इसी प्रकार, एक पात्र व्यक्ति जिसकी आंखों की पुतली किसी भी कारण से नहीं ली जा सकी है, वह केवल अपने फिंगरप्रिंट का उपयोग करके नामांकन कर सकता है. इसमें कहा गया कि उंगली और आईरिस बायोमेट्रिक्स, दोनों ही देने में असमर्थ व्यक्ति का नाम, लिंग, पता, जन्मतिथि का उपलब्ध बायोमेट्रिक्स के साथ मिलान किया जाता है.

विज्ञापन
Rajeev Kumar

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव कुमार हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और वर्तमान में प्रभातखबर.कॉम में सीनियर कंटेंट राइटर के तौर पर कार्यरत हैं. 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारिता अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. सरल भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी लेखन शैली की सबसे बड़ी पहचान है. राजीव की विशेषज्ञता स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग तथा डिजिटल ट्रेंड्स जैसे विषयों में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, आधिकारिक डेटा, कंपनी अपडेट्स तथा एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक पहुंचाते हैं. डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. गूगल डिस्कवर और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारीपूर्ण होते हैं, बल्कि पाठकों की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, तुलना आधारित लेख और एक्सप्लेनर स्टोरीज को पाठकों द्वारा काफी पसंद किया जाता है. राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन और फीचर लेखन जैसे विभिन्न बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई. जमशेदपुर में जन्मे राजीव ने प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से प्राप्त की. इसके बाद उन्होंने रांची यूनिवर्सिटी से बॉटनी ऑनर्स और भारतीय विद्या भवन, पुणे से हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार में डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उन्हें आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में पाठकों तक पहुंचाने में मदद करती है. राजीव की सबसे बड़ी पहचान है, क्रेडिब्लिटी, क्लैरिटी और ऑडियंस-फर्स्ट अप्रोच. वे सिर्फ टेक ऐंड ऑटो को कवर नहीं करते, बल्कि उसे ऐसे पेश करते हैं कि हर व्यक्ति उसे समझ सके, उससे जुड़ सके और उससे फायदा उठा सके. जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola