दार्जिलिंग : न्यूनतम वेतन को लेकर छह अगस्त को होने जा रहे बैठक को लेकर गोरामुमो के श्रमिक संगठन ने अभी से ही कड़ा रूख अख्तियार करना शुरू कर दिया है. गोरामुमो का श्रमिक संगठन हिमालयन प्लांटेशन वर्कस यूनियन ने बैठक श्रमिकों के हितों में नहीं होने पर सात अगस्त से वृहत आंदोलन करने की चेतावनी दी है. बुधवार को तकदह तीस्ता वैली समष्टि अंतर्गत गेल चाय बागान में गोरामुमो के श्रमिक संगठन एचपीडब्ल्यू की बैठक आयोजित की गयी. जिसमें केंद्रीय कार्यकारी अध्यक्ष जेवी तमांग भी उपस्थित थे.
जानकारी के अनुसार तकदह तीस्ता वैली समष्टि अंतर्गत गेल चाय बगान में गोरामुमो के श्रमिक संगठन एचपीडब्ल्यू ने सभा का आयोजना किया था. आयोजित सभा में एचपीडब्ल्यू के केन्द्रीय कार्यकारी अध्यक्ष जेवी तमांग विशेष रूप से उपस्थित थे. कार्यक्रम के शुभारम्भ में उपस्थित नेतृत्वगणों ने पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष सुवास घीसिंग का स्मरण कर किया गया.
आयोजित सभा को सम्बोधित करते हुये संगठन के कार्यकारी अध्यक्ष जेवी तमांग ने कहा कि चाय श्रमिकों के लिये न्यूनतम वेतन की मांग को लेकर सरकार और मालिक पक्ष से श्रमिकों को पंखा की तरह गोल-गोल घुमाया जा रहा है. सरकार और मालिक पक्ष के इस तरह की कार्यों को देखकर ज्वाइंट फोरम ने आंदोलन करने की घोषणा की.
परंतु उस वक्त सरकार की ओर से मालिक पक्ष ने 30 जुलाई की बैठक में न्यूनतम वेतन की मांगों को लेकर अंतिम निर्णय लिये जाने का भरोसा दिलाते हुये ज्वाइंट फोरम के आन्दोलन को स्थगित करने का अपील किया था. फोरम ने भी अपने पूर्व घोषित कार्यक्रमों को स्थगित कर दिया. परंतु पुन: 30 जुलाई की बैठक होने से एक दिन पहले 29 जुलाई को नोटिस जारी करके 6 अगस्त को बैठक की घोषणा कर दी है. यह ठीक नहीं हुआ. इसलिये हमलोगों ने 30 जुलाई से सभा एवं गेट मीटिंग आदि कार्य शुरू कर दिया है.
श्री तमांग ने कहा कि यह गेट मीटिंग और सभा आगामी 5 अगस्त तक जारी रहेगा. यदि 6 अगस्त का बैठक फलदायक नहीं रहा, तो 7 अगस्त से आन्दोलन को तेज किया जायेगा. जिसमें चाय पैकेट रोकने आदि जैसे कार्य भी शामिल होंगे. सभा में गोरामुमो वरिष्ठ कार्यकर्ता वाइ लामा, श्रमिक संगठन के दार्जिलिंग ब्रांच कमेटी अध्यक्ष सुदेश राई, संगठनिक कार्यकारी सचिव धीरज राई, रोशन राई, प्रनीत राई आदि उपस्थित थे.
