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चिनाब का श्रेय पूर्व सरकारों को नहीं देना निंदनीय : तृणमूल

Updated at : 07 Jun 2025 10:29 PM (IST)
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चिनाब का श्रेय पूर्व सरकारों को नहीं देना निंदनीय : तृणमूल

तृणमूल नेता डेरेक ओ ब्रायन और सागरिका घोष ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर सिलसिलेवार पोस्ट कर कहा कि पूर्व प्रधानमंत्रियों अटल बिहारी वाजपेयी और मनमोहन सिंह को भी इस रेल पुल का श्रेय दिया जाना चाहिए.घोष ने कहा : नरेंद्र मोदी ने चिनाब रेल पुल के उद्घाटन के अवसर पर तिरंगा लहराया, लेकिन अपने पूर्व जनसेवकों- प्रधानमंत्री वाजपेयी और मनमोहन सिंह तथा सबसे महत्वपूर्ण रेल मंत्री ममता बनर्जी, जिन्होंने वास्तव में इस परियोजना को मंजूरी दी और इसकी आधारशिला रखी, के लिए एक शब्द भी नहीं कहा.

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कोलकाता/नयी दिल्ली.

तृणमूल कांग्रेस के नेताओं ने कश्मीर घाटी को पूरे देश से रेलवे के माध्यम से जोड़ने में अहम चिनाब पुल के निर्माण में पूर्व सरकारों को कथित तौर पर श्रेय नहीं देने के लिए शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलेाचना की. तृणमूल नेताओं ने इसी के साथ चिनाब पुल के निर्माण में पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी के रेल मंत्री रहने के दौरान किये गये कार्यों का उल्लेख किया. तृणमूल नेता डेरेक ओ ब्रायन और सागरिका घोष ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर सिलसिलेवार पोस्ट कर कहा कि पूर्व प्रधानमंत्रियों अटल बिहारी वाजपेयी और मनमोहन सिंह को भी इस रेल पुल का श्रेय दिया जाना चाहिए.घोष ने कहा : नरेंद्र मोदी ने चिनाब रेल पुल के उद्घाटन के अवसर पर तिरंगा लहराया, लेकिन अपने पूर्व जनसेवकों- प्रधानमंत्री वाजपेयी और मनमोहन सिंह तथा सबसे महत्वपूर्ण रेल मंत्री ममता बनर्जी, जिन्होंने वास्तव में इस परियोजना को मंजूरी दी और इसकी आधारशिला रखी, के लिए एक शब्द भी नहीं कहा. यह पूरी तरह मोदी की शैली है- आत्ममुग्ध, आत्मप्रचार में लिप्त, वास्तविकता से कटा हुआ और गैर-गंभीर रवैया.उन्होंने कहा : इस तरह का ईर्ष्यापूर्ण श्रेय लेना भारत में अभूतपूर्व है.

यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है. घोष ने एक अन्य पोस्ट में कहा : वाजपेयी ने इसे ‘राष्ट्रीय महत्व की परियोजना’ घोषित किया था और तत्कालीन रेल मंत्री के रूप में ममता बनर्जी ने ही इस परियोजना को मंजूरी दी थी और मनमोहन सिंह सरकार में रेल मंत्री के रूप में वह ही दो औद्योगिक परियोजनाओं – जम्मू-कश्मीर में एक पुल कारखाना और जम्मू में सुरंग एवं पुल इंजीनियरिंग संस्थान – स्थापित करके इस परियोजना को पटरी पर लेकर आयीं. भारत की प्रगति का मार्ग 2014 में शुरू नहीं हुआ.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

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BIJAY KUMAR

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By BIJAY KUMAR

BIJAY KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

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