जब्त होगी भगोड़ा कारोबारी और सहयोगियों की 24 करोड़ की संपत्ति
Published by : Prabhat Khabar News Desk Updated At : 29 Nov 2024 1:21 AM
बैंक ऋण धोखाधड़ी के मामले में भगोड़ा घोषित किये गये कारोबारी पुष्पेश कुमार बैद और उसके अन्य सहयोगियों की करीब 24 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्तियां जब्त करने का निर्देश
बैंकों से धोखाधड़ी. पुष्पेश के अमेरिका में रहने की बात आयी है सामने
स्पेशल पीएमएलए कोर्ट ने ईडी को दिया निर्देश 183 करोड़ की धोखाधड़ी का है मामला
संवाददाता, कोलकातामहानगर की स्पेशल पीएमएलए अदालत ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को बैंक ऋण धोखाधड़ी के मामले में भगोड़ा घोषित किये गये कारोबारी पुष्पेश कुमार बैद और उसके अन्य सहयोगियों की करीब 24 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्तियां जब्त करने का निर्देश दिया है. जिन चल और अचल संपत्तियों को जब्त करने का आदेश दिया गया है, उनमें से करीब 13.40 लाख रुपये मूल्य की चल संपत्तियां हैं, जबकि शेष अचल संपत्तियां हैं. केंद्रीय जांच एजेंसी ने इसकी जानकारी गुरुवार को दी.
राज्य के कोलकाता और तमिलनाडु के तिरुपुर के प्रमुख इलाकों में मौजूद ये चल-अचल संपत्तियां धोखाधड़ी के मुख्य आरोपी व साजिशकर्ता पुष्पेश कुमार बैद और उसके सहयोगियों की हैं. बैद कोलकाता के पंडितिया रोड का निवासी है. संघीय एजेंसी ने एक बयान में कहा कि बैद को स्पेशल पीएमएलए कोर्ट ने इसी साल तीन जनवरी को उसी अदालत ने भगोड़ा आर्थिक अपराधी अधिनियम (एफइओए) के तहत अपराधी घोषित किया था. बैद और अन्य के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय का मामला केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआइ) की कई प्राथमिकी और आरोप-पत्र से संबद्ध है. बताया जाता है कि वह इन दिनों अमेरिका में रह रहा है.ईडी का आरोप है कि बैद, अदालत द्वारा उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किये जाने के बावजूद कानूनी कार्यवाही से अनुपस्थित रहा.
एजेंसी के अनुसार, पुष्पेश कुमार बैद और उसके स्वामित्व वाली और नियंत्रण वाली कई कंपनियों पर आरोप है कि उन्होंने गलत वित्तीय विवरण और कई भूखंड तथा फ्लैट के जाली दस्तावेज जमा करके बैंकों से ऋण लिया और भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआइ), देना बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, इंडियन ओवरसीज बैंक और इलाहाबाद बैंक को करीब 183 करोड़ रुपये का भुगतान नहीं किया और धोखाधड़ी की. आरोपी ने अपने कर्मचारियों और सहयोगियों की कंपनियों के नाम पर खोले गये बैंक खातों के माध्यम से ऋण राशि को दूसरी जगह इस्तेमाल किया.ईडी के अनुसार, बैद और अन्य आरोपियों के खिलाफ फरवरी 2022 में धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की विभिन्न धाराओं के तहत आरोप-पत्र दायर किया गया था.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी
लेखक के बारे में
By Prabhat Khabar News Desk
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए










