बंगाल में गुइलेन बैरे सिंड्रोम ने बरपाया कहर

Updated at : 30 Jan 2025 1:12 AM (IST)
विज्ञापन
बंगाल में गुइलेन बैरे सिंड्रोम ने बरपाया कहर

राज्य में न्यूरोलॉजिकल बीमारी गुइलेन-बैरे (जीबी) सिंड्रोम से और दो लोगों की मौत हो गयी है. इसके साथ ही इस बीमारी से राज्य में मरने वालों की संख्या बढ़कर तीन हो गयी है.

विज्ञापन

दो और की गयी जान, तीन लोगों की अब तक हो चुकी है मौत, दो बच्चे गंभीरप्रतिनिधि, बैरकपुर

राज्य में न्यूरोलॉजिकल बीमारी गुइलेन-बैरे (जीबी) सिंड्रोम से और दो लोगों की मौत हो गयी है. इसके साथ ही इस बीमारी से राज्य में मरने वालों की संख्या बढ़कर तीन हो गयी है. उत्तर 24 परगना के जगदल निवासी देवकुमार साव (10) की कोलकाता के डॉ बीसी राय शिशु अस्पताल में मौत हो गयी. उधर, हुगली जिले के धनियाखाली के खाजुरदह इलाके के सतीनाथ लोहार (48) की कोलकाता मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में मौत हो गयी. बुधवार को स्वास्थ्य विभाग ने यह जानकारी दी. डॉ बीसी राय शिशु अस्पताल के सूत्रों के मुताबिक, देवकुमार गत 17 जनवरी से इस बीमारी से पीड़ित था. शारीरिक स्थिति खराब होने पर उसे कोलकाता में भर्ती कराया गया था. लेकिन उसकी जान नहीं बचायी जा सकी. इसी रोग से पीड़ित दो और बच्चे अस्पताल में भर्ती हैं, जिसमें एक दस वर्षीय बच्चा उत्तर 24 परगना का ही है. दूसरी ओर, धनियाखाली के खाजुरदह इलाके के सतीनाथ लोहार को कोलकाता मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां उनकी भी मौत हो गयी. उन्हें भी जीबी सिंड्रोम से पीड़ित पाया गया था.

इधर, जगदल के बच्चे की मौत के बाद आतपुर में भाटपाड़ा नगरपालिका के अधिकारी व स्वास्थ्य कर्मचारी पहुंचे. एक टीम ने जायजा लेकर इलाके में शिशुओं की शारीरिक जांच करने का निर्णय लिया है. इससे पहले मंगलवार को कोलकाता के नील रतन सरकार मेडिकल कॉलेज में भर्ती आमडांगा थाना क्षेत्र के ताबाबेरिया ग्राम निवासी 17 वर्षीय 12 वीं कक्षा के छात्र अरित्र मंडल की जान चली गयी. वह 22 जनवरी से गले में दर्द से पीड़ित था. 23 जनवरी को उसे एनआरअएस मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया. मंगलवार सुबह 9.15 बजे उसकी मौत हो गयी. उसके भी मृत्यु प्रमाण पत्र पर सेप्टिक शॉक और गुइलेन-बैरे सिंड्रोम से मौत की वजह का उल्लेख किया गया है.

स्वास्थ्य विभाग ने अस्पतालों को किया सतर्क

गुइलेन-बैरे (जीबी) सिंड्रोम से पीड़ित दो बच्चों का इलाज पार्क सर्कस के इंस्टीट्यूट ऑफ चाइल्ड हेल्थ में चल रहा है. दोनों बच्चे वेंटिलेशन पर हैं. एक बच्चे की उम्र सात साल व दूसरे की आठ साल है. आठ साल के बच्चे की हालत ज्यादा गंभीर बतायी जा रही है. बुधवार को स्वास्थ्य विभाग में उच्चस्तरीय बैठक हुई. बैठक में स्वास्थ्य सचिव नारायण स्वरूप निगम मौजूद रहे. इस बीमारी को लेकर राज्य सरकार ने स्वास्थ्य विभाग से रिपोर्ट मांगी है. इसे कैसे नियंत्रित किया जा सकता है, इस बारे में जानकारी देने को कहा गया है. स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि यह बीमारी नयी नहीं है. यह संक्रामक बीमारी नहीं है. इसलिए अस्पतालों में अलग बेड की व्यवस्था नहीं की गयी है. जिला व कोलकाता के अस्पतालों को सतर्क किया गया है. इस तरह की बीमारी के लक्ष्ण लेकर आने पर उनका तुरंत इलाज करने का निर्देश दिया गया है. नियमित रिपोर्ट देने को भी सरकार ने कहा है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

विज्ञापन
Prabhat Khabar News Desk

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Prabhat Khabar App :

देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए

Download from Google PlayDownload from App Store
विज्ञापन
Sponsored Linksby Taboola