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6 लाख शिक्षकों को राहत, ट्रांसफर के नियमों में हुआ बदलाव, पहली बार 68 हजार शिक्षक बदल सकेंगे जिला

Updated at : 24 May 2025 8:41 AM (IST)
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UP Primary Teacher Transfer Policy

सांकेतिक तस्वीर

UP Primary Teacher Transfer Policy: बेसिक शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए तबादला नीति में बड़े बदलाव किए हैं. अब शिक्षकों को न केवल जिले के अंदर एक स्कूल से दूसरे स्कूल में, बल्कि एक जिले से दूसरे जिले में भी तबादला पाने का मौका मिलेगा.

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UP Primary Teacher Transfer Policy: उत्तर प्रदेश के करीब 6 लाख प्राइमरी स्कूल शिक्षकों के लिए बड़ी खुशखबरी है. बेसिक शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए तबादला नीति में बड़े बदलाव किए हैं. अब शिक्षकों को न केवल जिले के अंदर एक स्कूल से दूसरे स्कूल में, बल्कि एक जिले से दूसरे जिले में भी तबादला पाने का मौका मिलेगा. ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया की खातिर पोर्टल जल्द ही खोला जाएगा. साथ ही तबादले की पूरा कार्यक्रम अगले कुछ दिनों में जारी कर दिया जाएगा.

पहली बार खत्म हुई 5 साल की बाध्यता

अब अंतर-जनपदीय ट्रांसफर के लिए किसी भी शिक्षक को पांच साल तक एक ही जिले में कार्यरत रहने की अनिवार्यता नहीं होगी. इससे पहले, शिक्षक को दूसरे जिले में तबादले के लिए कम से कम पांच साल की सेवा देनी होती थी. इस नई व्यवस्था के तहत अंतर-जिला तबादले एनआईसी द्वारा बनाए गए पोर्टल के माध्यम से किए जाएंगे, जबकि जिले के भीतर के तबादलों की जिम्मेदारी जिलाधिकारी की अध्यक्षता वाली कमेटी को सौंपी गई है.

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ट्रांसफर के बाद वरीयता सूची में सबसे नीचे होंगे

दूसरे जिले में तबादला पाने वाले शिक्षक को उस जिले की वरीयता सूची में सबसे नीचे रखा जाएगा. इसके लिए उनसे यह शपथ पत्र लिया जाएगा कि वह इस निर्णय पर आपत्ति नहीं करेंगे और भविष्य में वरीयता सूची में ऊपर आने की कोई मांग या प्रयास नहीं करेंगे.

गांव से गांव और शहर से शहर होगा तबादला

ग्रामीण इलाकों में सेवा दे रहे शिक्षकों का तबादला किसी अन्य ग्रामीण इलाकों के स्कूल में ही किया जाएगा, वहीं शहरी क्षेत्र के शिक्षक केवल किसी और शहरी स्कूल में ही जा सकेंगे. इस प्रक्रिया में स्कूलों में छात्र संख्या और शिक्षक अनुपात को ध्यान में रखते हुए ट्रांसफर किए जाएंगे.

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शिक्षक संख्या के असंतुलन को किया जाएगा दूर

UDISE+ (यू डायस) पोर्टल के आंकड़ों के आधार पर ऐसे स्कूल चिह्नित किए जाएंगे जहां शिक्षकों की संख्या बहुत अधिक या बहुत कम है. तबादला या समायोजन ज्यादा शिक्षक से कम शिक्षक वाले स्कूल के हिसाब से किया जाएगा. इससे प्राथमिक विद्यालयों में 30:1 और उच्च प्राथमिक में 35:1 का छात्र-शिक्षक अनुपात बना रहे.

संघ ने किया फैसले का स्वागत

उत्तर प्रदेश दूरस्थ बीटीसी शिक्षक संघ के अध्यक्ष अनिल यादव ने इस फैसले का स्वागत किया है. उन्होंने कहा कि 66 प्रकार के अंतर्जनपदीय और अंतर जिला तबादलों से हजारों शिक्षकों को राहत मिलेगी. 68500 और 69000 भर्ती प्रक्रिया से जुड़े शिक्षकों को भी पहली बार ट्रांसफर का अवसर मिलेगा.

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Shashank Baranwal

लेखक के बारे में

By Shashank Baranwal

जीवन का ज्ञान इलाहाबाद विश्वविद्यालय से, पेशे का ज्ञान MCU, भोपाल से. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल के नेशनल डेस्क पर कार्य कर रहा हूँ. राजनीति पढ़ने, देखने और समझने का सिलसिला जारी है. खेल और लाइफस्टाइल की खबरें लिखने में भी दिलचस्पी है.

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