अशोक गहलोत की सरकार ने वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी पर लगाया प्रतिबंध, लॉकडाउन पर कही यह बात

ashok gehlot govt of rajasthan bans videography and photography during lockdown जयपुर : राजस्थान की अशोक गहलोत सरकार ने प्रदेश में वीडियोग्राफी या फोटोग्राफी पर प्रतिबंध लगा दिया है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि राशन सामग्री एवं भोजन वितरण राजनीति से परे होकर सेवा भाव के साथ किया जाये. इसे प्रचार और प्रतिस्पर्धा का माध्यम नहीं बनाया जाये.
जयपुर : राजस्थान की अशोक गहलोत सरकार ने प्रदेश में वीडियोग्राफी या फोटोग्राफी पर प्रतिबंध लगा दिया है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि राशन सामग्री एवं भोजन वितरण राजनीति से परे होकर सेवा भाव के साथ किया जाये. इसे प्रचार और प्रतिस्पर्धा का माध्यम नहीं बनाया जाये.
श्री गहलोत ने कहा कि सरकार का यह संकल्प है कि प्रदेश में कोई व्यक्ति भूखा नहीं सोये, लेकिन साथ ही हम सबकी यह नैतिक जिम्मेदारी है कि वास्तविक जरूरतमंदों को ही इसका लाभ मिलना सुनिश्चित हो. एक सरकारी बयान में उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति सक्षम हैं, वे वास्तविक जरूरतमंद के हिस्से का अनुचित लाभ नहीं लें.
मुख्यमंत्री ने कहा कि सूखी राशन सामग्री एवं पके हुए भोजन के पैकेट पर पहला हक उन निराश्रित, बेसहारा तथा जरूरतमंद लोगों का है, जो संकट की इस घड़ी में पूरी तरह सरकार एवं जनसहयोग पर आश्रित हो गये हैं.
Also Read: राजस्थान में तेजी से बढ़ रहा COVID19, 7 नये मामले सामने आये, अब तक 140 लोग कोरोना पॉजिटिव
उन्होंने जिला कलेक्टरों को निर्देश दिये हैं कि इस कार्य के लिए स्वयंसेवी संगठनों को निरंतर प्रोत्साहित किया जाये और अच्छा कार्य करने वाली संस्थाओं को भोजन वितरण को लेकर आने वाली समस्याओं का निराकरण भी तत्काल प्रभाव से किया जाये. राशन एवं भोजन के पैकेट वितरित करते समय भौतिक दूरी का पूरा ध्यान रखा जाए. इस दौरान किसी तरह की भीड़ एकत्र नहीं हो.
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेशवासियों के जीवन की रक्षा को ध्यान में रखते हुए लॉकडाउन के संबंध में उचित कदम उठायेगी. उन्होंने कहा कि सरकार संकट की इस घड़ी में उद्यमियों के साथ खड़ी है. वह वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये प्रदेश के औद्योगिक संगठनों, खाद्य पदार्थ एवं किराना संघों, सब्जी विक्रेता संघ, दवा एसोसिएशन, आढ़तिया व्यापार संघ, डेयरी संघ, होटल, खनन एवं ज्वेलरी व्यवसायी तथा बिल्डर्स आदि से चर्चा कर रहे थे.
मुख्यमंत्री ने इन सभी से आवश्यक वस्तुओं की सुचारु आपूर्ति, इसमें आ रही बाधाओं को दूर करने तथा लॉकडाउन खोलने को लेकर उनके सुझाव लिये. उन्होंने कहा कि आवश्यक सेवाओं की आपूर्ति में ‘पास’ को लेकर आ रही परेशानियों का समाधान भी जल्द कर दिया जायेगा. गहलोत ने कहा कि जिन उद्योगों में उत्पादन चल रहा है, वहां श्रमिकों के बीच सामाजिक मेल-जोल से दूरी का पालन सुनिश्चित किया जाये.
उन्होंने कहा कि कारखानों में मास्क एवं सैनिटाइजर उपलब्ध कराये जायें. साथ ही मंडियों में भी भीड़ एकत्र न हो. स्वच्छता का पूरा ध्यान रखा जाये. उद्यमियों एवं सभी संगठनों ने एक स्वर में कहा कि कोई भी निर्णय हो, जीवन की रक्षा पहली प्राथमिकता है. लॉकडाउन के संबंध में सरकार जो भी निर्णय करेगी, हम सभी उसका पालन पूरी तरह सुनिश्चित करेंगे.
प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी
लेखक के बारे में
By Mithilesh Jha
मिथिलेश झा PrabhatKhabar.com में पश्चिम बंगाल राज्य प्रमुख (State Head) के रूप में कार्यरत वरिष्ठ पत्रकार हैं. उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 32 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव है. उनकी रिपोर्टिंग राजनीति, सामाजिक मुद्दों, जलवायु परिवर्तन, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि और अन्य समसामयिक विषयों पर केंद्रित रही है, जिससे वे क्षेत्रीय पत्रकारिता में एक विश्वसनीय और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित हुए हैं. अनुभव : पश्चिम बंगाल, झारखंड और बिहार में 3 दशक से अधिक काम करने का अनुभव है. वर्तमान भूमिका : प्रभात खबर डिजिटल (prabhatkhabar.com) में पश्चिम बंगाल के स्टेट हेड की भूमिका में हैं. वे डिजिटल न्यूज कवर करते हैं. तथ्यात्मक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता को प्राथमिकता देते हैं. वर्तमान में बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 पर पूरी तरह से फोकस्ड हैं. भौगोलिक विशेषज्ञता : उनकी रिपोर्टिंग का मुख्य फोकस पश्चिम बंगाल रहा है, साथ ही उन्होंने झारखंड और छत्तीसगढ़ की भी लंबे समय तक ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग की है, जो उनकी क्षेत्रीय समझ और अनुभव को दर्शाता है. मुख्य विशेषज्ञता (Core Beats) : उनकी पत्रकारिता निम्नलिखित महत्वपूर्ण और संवेदनशील क्षेत्रों में गहरी विशेषज्ञता को दर्शाती है :- राज्य राजनीति और शासन : झारखंड और पश्चिम बंगाल की राज्य की राजनीति, सरकारी नीतियों, प्रशासनिक निर्णयों और राजनीतिक घटनाक्रमों पर निरंतर और विश्लेषणात्मक कवरेज. सामाजिक मुद्दे : आम जनता से जुड़े सामाजिक मुद्दों, जनकल्याण और जमीनी समस्याओं पर केंद्रित रिपोर्टिंग. जलवायु परिवर्तन और नवीकरणीय ऊर्जा : पर्यावरणीय चुनौतियों, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव और रिन्यूएबल एनर्जी पहलों पर डेटा आधारित और फील्ड रिपोर्टिंग. डाटा स्टोरीज और ग्राउंड रिपोर्टिंग : डेटा आधारित खबरें और जमीनी रिपोर्टिंग उनकी पत्रकारिता की पहचान रही है. विश्वसनीयता का आधार (Credibility Signal) : तीन दशकों से अधिक की निरंतर रिपोर्टिंग, विशेष और दीर्घकालिक कवरेज का अनुभव तथा तथ्यपरक पत्रकारिता के प्रति प्रतिबद्धता ने मिथिलेश झा को पश्चिम बंगाल और पूर्वी भारत के लिए एक भरोसेमंद और प्रामाणिक पत्रकार के रूप में स्थापित किया है.
Prabhat Khabar App :
देश, एजुकेशन, मनोरंजन, बिजनेस अपडेट, धर्म, क्रिकेट, राशिफल की ताजा खबरें पढ़ें यहां. रोजाना की ब्रेकिंग हिंदी न्यूज और लाइव न्यूज कवरेज के लिए डाउनलोड करिए




